गौरी पंचांगम · जयपुर
मंगलवार, 20 अक्टूबर 202606:2917:54
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:29
- रोगम्अनिष्ट06:29 –07:55
- लाभम्लाभ07:55 –09:20
- धनम्धन09:20 –10:46
- सुगम्शुभ10:46 –12:12
- सोरम्अशुभ12:12 –13:37
- उथिशुभ13:37 –15:03
- विषम्अशुभ15:03 –16:28राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ16:28 –17:54
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:54
- सोरम्अशुभ17:54 –19:28
- उथिशुभ19:28 –21:03
- विषम्अशुभ21:03 –22:37
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:37 –00:12, 21 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट00:12, 21 अक्टू॰ –01:46, 21 अक्टू॰
- लाभम्लाभ01:46, 21 अक्टू॰ –03:21, 21 अक्टू॰
- धनम्धन03:21, 21 अक्टू॰ –04:55, 21 अक्टू॰
- सुगम्शुभ04:55, 21 अक्टू॰ –06:30, 21 अक्टू॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 20 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:29, सूर्यास्त 17:54।