गौरी पंचांगम · जयपुर

शनिवार, 17 अक्टूबर 202606:2717:57

दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:27
  • सोरम्अशुभ06:27 –07:54
  • उथिशुभ07:54 –09:20
  • विषम्अशुभ09:20 –10:46राहुकाल
  • अमिर्दाश्रेष्ठ10:46 –12:12
  • रोगम्अनिष्ट12:12 –13:38
  • लाभम्लाभ13:38 –15:04
  • धनम्धन15:04 –16:31
  • सुगम्शुभ16:31 –17:57
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:57
  • लाभम्लाभ17:57 –19:31
  • धनम्धन19:31 –21:05
  • सुगम्शुभ21:05 –22:38
  • सोरम्अशुभ22:38 –00:12, 18 अक्टू॰
  • उथिशुभ00:12, 18 अक्टू॰ –01:46, 18 अक्टू॰
  • विषम्अशुभ01:46, 18 अक्टू॰ –03:20, 18 अक्टू॰
  • अमिर्दाश्रेष्ठ03:20, 18 अक्टू॰ –04:54, 18 अक्टू॰
  • सोरम्अशुभ04:54, 18 अक्टू॰ –06:28, 18 अक्टू॰

जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

गौरी पंचांगम

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर

गौरी पंचांगम क्या है?

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

जयपुर में 17 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?

सूर्योदय 06:27, सूर्यास्त 17:57।

गौरी पंचांगम — अन्य शहर