गौरी पंचांगम · जयपुर
सोमवार, 12 अक्टूबर 202606:2518:02
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:25
- अमिर्दाश्रेष्ठ06:25 –07:52
- विषम्अशुभ07:52 –09:19राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट09:19 –10:46
- लाभम्लाभ10:46 –12:13
- धनम्धन12:13 –13:40
- सुगम्शुभ13:40 –15:07
- सोरम्अशुभ15:07 –16:35
- उथिशुभ16:35 –18:02
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:02
- सुगम्शुभ18:02 –19:35
- सोरम्अशुभ19:35 –21:08
- उथिशुभ21:08 –22:41
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:41 –00:13, 13 अक्टू॰
- विषम्अशुभ00:13, 13 अक्टू॰ –01:46, 13 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट01:46, 13 अक्टू॰ –03:19, 13 अक्टू॰
- लाभम्लाभ03:19, 13 अक्टू॰ –04:52, 13 अक्टू॰
- धनम्धन04:52, 13 अक्टू॰ –06:25, 13 अक्टू॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 12 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:25, सूर्यास्त 18:02।