गौरी पंचांगम · जयपुर
बुधवार, 7 अक्टूबर 202606:2218:07
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:22
- लाभम्लाभ06:22 –07:50
- धनम्धन07:50 –09:18
- सुगम्शुभ09:18 –10:46
- सोरम्अशुभ10:46 –12:15
- विषम्अशुभ12:15 –13:43राहुकाल
- उथिशुभ13:43 –15:11
- अमिर्दाश्रेष्ठ15:11 –16:39
- रोगम्अनिष्ट16:39 –18:07
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:07
- उथिशुभ18:07 –19:39
- अमिर्दाश्रेष्ठ19:39 –21:11
- रोगम्अनिष्ट21:11 –22:43
- लाभम्लाभ22:43 –00:15, 8 अक्टू॰
- धनम्धन00:15, 8 अक्टू॰ –01:47, 8 अक्टू॰
- सुगम्शुभ01:47, 8 अक्टू॰ –03:19, 8 अक्टू॰
- सोरम्अशुभ03:19, 8 अक्टू॰ –04:51, 8 अक्टू॰
- विषम्अशुभ04:51, 8 अक्टू॰ –06:23, 8 अक्टू॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 7 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:22, सूर्यास्त 18:07।