गौरी पंचांगम · जयपुर
रविवार, 13 सितंबर 202606:1118:34
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:11
- उथिशुभ06:11 –07:44
- अमिर्दाश्रेष्ठ07:44 –09:17
- रोगम्अनिष्ट09:17 –10:50
- लाभम्लाभ10:50 –12:23
- धनम्धन12:23 –13:55
- सुगम्शुभ13:55 –15:28
- सोरम्अशुभ15:28 –17:01
- विषम्अशुभ17:01 –18:34राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:34
- धनम्धन18:34 –20:01
- सुगम्शुभ20:01 –21:28
- सोरम्अशुभ21:28 –22:56
- विषम्अशुभ22:56 –00:23, 14 सित॰
- उथिशुभ00:23, 14 सित॰ –01:50, 14 सित॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ01:50, 14 सित॰ –03:17, 14 सित॰
- रोगम्अनिष्ट03:17, 14 सित॰ –04:45, 14 सित॰
- लाभम्लाभ04:45, 14 सित॰ –06:12, 14 सित॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 13 सितंबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:11, सूर्यास्त 18:34।