गौरी पंचांगम · जयपुर

गुरुवार, 3 सितंबर 202606:0718:45

दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:07
  • धनम्धन06:07 –07:42
  • सुगम्शुभ07:42 –09:17
  • सोरम्अशुभ09:17 –10:51
  • उथिशुभ10:51 –12:26
  • अमिर्दाश्रेष्ठ12:26 –14:01
  • विषम्अशुभ14:01 –15:36राहुकाल
  • रोगम्अनिष्ट15:36 –17:10
  • लाभम्लाभ17:10 –18:45
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:45
  • अमिर्दाश्रेष्ठ18:45 –20:10
  • विषम्अशुभ20:10 –21:36
  • रोगम्अनिष्ट21:36 –23:01
  • लाभम्लाभ23:01 –00:26, 4 सित॰
  • धनम्धन00:26, 4 सित॰ –01:52, 4 सित॰
  • सुगम्शुभ01:52, 4 सित॰ –03:17, 4 सित॰
  • सोरम्अशुभ03:17, 4 सित॰ –04:42, 4 सित॰
  • उथिशुभ04:42, 4 सित॰ –06:07, 4 सित॰

जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

गौरी पंचांगम

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर

गौरी पंचांगम क्या है?

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

जयपुर में 3 सितंबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?

सूर्योदय 06:07, सूर्यास्त 18:45।

गौरी पंचांगम — अन्य शहर