गौरी पंचांगम · जयपुर
शुक्रवार, 11 अप्रैल 202506:0718:49
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:07
- सुगम्शुभ06:07 –07:42
- सोरम्अशुभ07:42 –09:18
- उथिशुभ09:18 –10:53
- विषम्अशुभ10:53 –12:28राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ12:28 –14:03
- रोगम्अनिष्ट14:03 –15:39
- लाभम्लाभ15:39 –17:14
- धनम्धन17:14 –18:49
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:49
- रोगम्अनिष्ट18:49 –20:14
- लाभम्लाभ20:14 –21:38
- धनम्धन21:38 –23:03
- सुगम्शुभ23:03 –00:28, 12 अप्रैल
- सोरम्अशुभ00:28, 12 अप्रैल –01:52, 12 अप्रैल
- उथिशुभ01:52, 12 अप्रैल –03:17, 12 अप्रैल
- विषम्अशुभ03:17, 12 अप्रैल –04:41, 12 अप्रैल
- अमिर्दाश्रेष्ठ04:41, 12 अप्रैल –06:06, 12 अप्रैल
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 11 अप्रैल 2025 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:07, सूर्यास्त 18:49।