गौरी पंचांगम · जयपुर
मंगलवार, 1 अक्टूबर 202406:1918:13
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:19
- रोगम्अनिष्ट06:19 –07:49
- लाभम्लाभ07:49 –09:18
- धनम्धन09:18 –10:47
- सुगम्शुभ10:47 –12:16
- सोरम्अशुभ12:16 –13:45
- उथिशुभ13:45 –15:15
- विषम्अशुभ15:15 –16:44राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ16:44 –18:13
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:13
- सोरम्अशुभ18:13 –19:44
- उथिशुभ19:44 –21:15
- विषम्अशुभ21:15 –22:46
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:46 –00:16, 2 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट00:16, 2 अक्टू॰ –01:47, 2 अक्टू॰
- लाभम्लाभ01:47, 2 अक्टू॰ –03:18, 2 अक्टू॰
- धनम्धन03:18, 2 अक्टू॰ –04:49, 2 अक्टू॰
- सुगम्शुभ04:49, 2 अक्टू॰ –06:20, 2 अक्टू॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 1 अक्टूबर 2024 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:19, सूर्यास्त 18:13।