गौरी पंचांगम · जयपुर

रविवार, 14 अप्रैल 202406:0418:51

दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:04
  • उथिशुभ06:04 –07:40
  • अमिर्दाश्रेष्ठ07:40 –09:16
  • रोगम्अनिष्ट09:16 –10:51
  • लाभम्लाभ10:51 –12:27
  • धनम्धन12:27 –14:03
  • सुगम्शुभ14:03 –15:39
  • सोरम्अशुभ15:39 –17:15
  • विषम्अशुभ17:15 –18:51राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:51
  • धनम्धन18:51 –20:15
  • सुगम्शुभ20:15 –21:39
  • सोरम्अशुभ21:39 –23:03
  • विषम्अशुभ23:03 –00:27, 15 अप्रैल
  • उथिशुभ00:27, 15 अप्रैल –01:51, 15 अप्रैल
  • अमिर्दाश्रेष्ठ01:51, 15 अप्रैल –03:15, 15 अप्रैल
  • रोगम्अनिष्ट03:15, 15 अप्रैल –04:39, 15 अप्रैल
  • लाभम्लाभ04:39, 15 अप्रैल –06:03, 15 अप्रैल

जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

गौरी पंचांगम

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर

गौरी पंचांगम क्या है?

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

जयपुर में 14 अप्रैल 2024 का गौरी पंचांगम क्या है?

सूर्योदय 06:04, सूर्यास्त 18:51।

गौरी पंचांगम — अन्य शहर