गौरी पंचांगम · जयपुर
रविवार, 1 अक्टूबर 202306:1918:14
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:19
- उथिशुभ06:19 –07:48
- अमिर्दाश्रेष्ठ07:48 –09:18
- रोगम्अनिष्ट09:18 –10:47
- लाभम्लाभ10:47 –12:16
- धनम्धन12:16 –13:46
- सुगम्शुभ13:46 –15:15
- सोरम्अशुभ15:15 –16:44
- विषम्अशुभ16:44 –18:14राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:14
- धनम्धन18:14 –19:45
- सुगम्शुभ19:45 –21:15
- सोरम्अशुभ21:15 –22:46
- विषम्अशुभ22:46 –00:17, 2 अक्टू॰
- उथिशुभ00:17, 2 अक्टू॰ –01:47, 2 अक्टू॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ01:47, 2 अक्टू॰ –03:18, 2 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट03:18, 2 अक्टू॰ –04:49, 2 अक्टू॰
- लाभम्लाभ04:49, 2 अक्टू॰ –06:20, 2 अक्टू॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 1 अक्टूबर 2023 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:19, सूर्यास्त 18:14।