चौघड़िया · श्रीनगर

बुधवार, 5 मई 202705:3819:17

आज के सर्वश्रेष्ठ समय

लाभ05:38 –07:21अमृत07:21 –09:03शुभ10:45 –12:28लाभ17:35 –19:17शुभ20:35 –21:52अमृत21:52 –23:10
दिन का चौघड़ियासूर्योदय से · 05:38
  • लाभलाभ05:38 –07:21
  • अमृतश्रेष्ठ07:21 –09:03
  • कालहानि09:03 –10:45काल वेला
  • शुभशुभ10:45 –12:28
  • रोगअनिष्ट12:28 –14:10वार वेलाराहुकाल
  • उद्वेगअशुभ14:10 –15:53
  • चरसम15:53 –17:35
  • लाभलाभ17:35 –19:17
रात का चौघड़ियासूर्यास्त से · 19:17
  • उद्वेगअशुभ19:17 –20:35
  • शुभशुभ20:35 –21:52
  • अमृतश्रेष्ठ21:52 –23:10
  • चरसम23:10 –00:27, 6 मई
  • रोगअनिष्ट00:27, 6 मई –01:45, 6 मई
  • कालहानि01:45, 6 मई –03:02, 6 मई
  • लाभलाभ03:02, 6 मई –04:20, 6 मईकाल रात्रि
  • उद्वेगअशुभ04:20, 6 मई –05:37, 6 मई
अमृत श्रेष्ठशुभ शुभलाभ लाभचर समउद्वेग अशुभरोग अनिष्टकाल हानि

चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।

श्रीनगर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

श्रीनगर में 5 मई 2027 का चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय 05:38 से दिन के चौघड़िया: लाभ, अमृत, काल, शुभ, रोग, उद्वेग, चर, लाभ। शुभ: लाभ 05:38–07:21, अमृत 07:21–09:03, शुभ 10:45–12:28, लाभ 17:35–19:17। राहुकाल 12:28–14:10।

चौघड़िया — अन्य शहर