चौघड़िया · श्रीनगर

शनिवार, 13 मार्च 202706:4518:37

आज के सर्वश्रेष्ठ समय

शुभ08:14 –09:43अमृत15:39 –17:08शुभ21:38 –23:09अमृत23:09 –00:40, 14 मार्च
दिन का चौघड़ियासूर्योदय से · 06:45
  • कालहानि06:45 –08:14काल वेला
  • शुभशुभ08:14 –09:43
  • रोगअनिष्ट09:43 –11:12राहुकाल
  • उद्वेगअशुभ11:12 –12:41
  • चरसम12:41 –14:10
  • लाभलाभ14:10 –15:39वार वेला
  • अमृतश्रेष्ठ15:39 –17:08
  • कालहानि17:08 –18:37काल वेला
रात का चौघड़ियासूर्यास्त से · 18:37
  • लाभलाभ18:37 –20:07काल रात्रि
  • उद्वेगअशुभ20:07 –21:38
  • शुभशुभ21:38 –23:09
  • अमृतश्रेष्ठ23:09 –00:40, 14 मार्च
  • चरसम00:40, 14 मार्च –02:11, 14 मार्च
  • रोगअनिष्ट02:11, 14 मार्च –03:42, 14 मार्च
  • कालहानि03:42, 14 मार्च –05:13, 14 मार्च
  • लाभलाभ05:13, 14 मार्च –06:43, 14 मार्चकाल रात्रि
अमृत श्रेष्ठशुभ शुभलाभ लाभचर समउद्वेग अशुभरोग अनिष्टकाल हानि

चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।

श्रीनगर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

श्रीनगर में 13 मार्च 2027 का चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय 06:45 से दिन के चौघड़िया: काल, शुभ, रोग, उद्वेग, चर, लाभ, अमृत, काल। शुभ: शुभ 08:14–09:43, अमृत 15:39–17:08। राहुकाल 09:43–11:12।

चौघड़िया — अन्य शहर