पंचांग · शुक्रवार, 18 अक्टूबर 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण सप्तमी07:19, 19 अक्टू॰ तक
- आर्द्रास्वामी राहु20:24 तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु23:01, 19 अक्टू॰ तक
- परिघ06:08 तक
- शिव06:56, 19 अक्टू॰ तक
- विष्टि18:11 तक
- बव07:19, 19 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:58बिंब मध्य 06:01
- सूर्यास्त
- 17:28बिंब मध्य 17:24
- चंद्रोदय
- 22:36
- चंद्रास्त
- 11:33
- दिनमान
- 11h 30m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- मिथुन16:25, 19 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:18 –05:08
- प्रातः संध्या04:43 –05:58
- अभिजित मुहूर्त11:20 –12:06
- विजय मुहूर्त13:38 –14:24
- गोधूलि मुहूर्त17:28 –17:53
- सायाह्न संध्या17:28 –18:43
- निशीथ मुहूर्त23:18 –00:08, 19 अक्टू॰
- अमृत काल09:09 –10:57
- राहु काल10:17 –11:43
- यमगंड14:36 –16:02
- गुलिक काल07:24 –08:50
- दुर्मुहूर्त08:16 –09:02
- दुर्मुहूर्त12:06 –12:52
- भद्रा05:58 –18:11
चौघड़िया
- चरसम05:58 – 07:24
- लाभलाभ07:24 – 08:50
- अमृतश्रेष्ठ08:50 – 10:17
- कालहानि10:17 – 11:43
- शुभशुभ11:43 – 13:09
- रोगअनिष्ट13:09 – 14:36
- उद्वेगअशुभ14:36 – 16:02
- चरसम16:02 – 17:28
- रोगअनिष्ट17:28 – 19:02
- कालहानि19:02 – 20:36
- लाभलाभ20:36 – 22:10
- उद्वेगअशुभ22:10 – 23:43
- शुभशुभ23:43 – 01:17
- अमृतश्रेष्ठ01:17 – 02:51
- चरसम02:51 – 04:25
- रोगअनिष्ट04:25 – 05:58
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 05:58–06:55 |
| बुध | 06:55–07:53 |
| चन्द्र | 07:53–08:50 |
| शनि | 08:50–09:48 |
| गुरु | 09:48–10:46 |
| मंगल | 10:46–11:43 |
| सूर्य | 11:43–12:41 |
| शुक्र | 12:41–13:38 |
| बुध | 13:38–14:36 |
| चन्द्र | 14:36–15:33 |
| शनि | 15:33–16:31 |
| गुरु | 16:31–17:28 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 17:28–18:31 |
| सूर्य | 18:31–19:33 |
| शुक्र | 19:33–20:36 |
| बुध | 20:36–21:38 |
| चन्द्र | 21:38–22:41 |
| शनि | 22:41–23:43 |
| गुरु | 23:43–00:46 |
| मंगल | 00:46–01:48 |
| सूर्य | 01:48–02:51 |
| शुक्र | 02:51–03:53 |
| बुध | 03:53–04:56 |
| चन्द्र | 04:56–05:58 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- आर्द्रा 2 पद06:56 तक
- आर्द्रा 3 पद13:41 तक
- आर्द्रा 4 पद20:24 तक
- पुनर्वसु 1 पद03:06, 19 अक्टू॰ तक
- पुनर्वसु 2 पद09:46, 19 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 30m
- रात्रिमान
- 12h 30m
- मध्याह्न
- 11:43
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- आकाश
- शिववास
- श्मशान में
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक05:58 –05:59
- शुभ मुहूर्त05:59 –08:16
- चोर पंचक08:16 –10:33
- शुभ मुहूर्त10:33 –12:37
- रोग पंचक12:37 –14:22
- शुभ मुहूर्त14:22 –15:53
- मृत्यु पंचक15:53 –17:22
- रोग पंचक17:22 –19:00
- शुभ मुहूर्त19:00 –20:24
- मृत्यु पंचक20:24 –20:57
- अग्नि पंचक20:57 –23:11
- शुभ मुहूर्त23:11 –01:29, 19 अक्टू॰
- राज पंचक01:29 –03:43, 19 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त03:43 –05:55, 19 अक्टू॰
- चोर पंचक05:55 –05:58, 19 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या03:47 –05:59
- तुला05:59 –08:16
- वृश्चिक08:16 –10:33
- धनु10:33 –12:37
- मकर12:37 –14:22
- कुम्भ14:22 –15:53
- मीन15:53 –17:22
- मेष17:22 –19:00
- वृषभ19:00 –20:57
- मिथुन20:57 –23:11
- कर्क23:11 –01:29, 19 अक्टू॰
- सिंह01:29 –03:43, 19 अक्टू॰
- कन्या03:43 –05:55, 19 अक्टू॰
- तुला05:55 –08:12, 19 अक्टू॰
पंचांग · वाराणसी, 18 अक्टूबर 2030
शुक्रवार, 18 अक्टूबर 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:58 और सूर्यास्त 17:28 पर है। तिथि कृष्ण सप्तमी 19 अक्टूबर 07:19 तक; नक्षत्र आर्द्रा 20:24 तक, फिर पुनर्वसु; योग परिघ 06:08 तक, फिर शिव; करण विष्टि 18:11 तक, फिर बव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 10:17–11:43, अभिजित मुहूर्त 11:20–12:06। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 18 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण सप्तमी 19 अक्टूबर 07:19 तक (सूर्योदय 05:58, वाराणसी)।
18 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
आर्द्रा 20:24 तक, फिर पुनर्वसु। चंद्रमा मिथुन राशि में 19 अक्टूबर 16:25 तक।
वाराणसी में 18 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:17–11:43, यमगण्ड 14:36–16:02, गुलिक काल 07:24–08:50।
वाराणसी में 18 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:58, सूर्यास्त 17:28, चंद्रोदय 22:36 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
18 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:20–12:06, ब्रह्म मुहूर्त 04:18–05:08। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2873° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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