पंचांग · बुधवार, 9 अक्टूबर 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल त्रयोदशी15:32 तक
- शुक्ल चतुर्दशी15:40, 10 अक्टू॰ तक
- पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु01:37, 10 अक्टू॰ तक
- उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि02:34, 11 अक्टू॰ तक
- वृद्धि03:25, 10 अक्टू॰ तक
- ध्रुव02:36, 11 अक्टू॰ तक
- तैतिल15:32 तक
- गर03:32, 10 अक्टू॰ तक
- वणिज15:40, 10 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:54बिंब मध्य 05:57
- सूर्यास्त
- 17:37बिंब मध्य 17:33
- चंद्रोदय
- 16:07
- चंद्रास्त
- 03:45
- दिनमान
- 11h 43m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- कुम्भ19:27 तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:15 –05:04
- प्रातः संध्या04:40 –05:54
- अभिजित मुहूर्त11:22 –12:09
- विजय मुहूर्त13:42 –14:29
- गोधूलि मुहूर्त17:37 –18:02
- सायाह्न संध्या17:37 –18:51
- निशीथ मुहूर्त23:21 –00:10, 10 अक्टू॰
- अमृत काल17:27 –19:05
- राहु काल11:45 –13:13
- यमगंड07:21 –08:49
- गुलिक काल10:17 –11:45
- दुर्मुहूर्त11:22 –12:09
- वर्ज्य07:38 –09:16
चौघड़िया
- लाभलाभ05:54 – 07:21
- अमृतश्रेष्ठ07:21 – 08:49
- कालहानि08:49 – 10:17
- शुभशुभ10:17 – 11:45
- रोगअनिष्ट11:45 – 13:13
- उद्वेगअशुभ13:13 – 14:41
- चरसम14:41 – 16:09
- लाभलाभ16:09 – 17:37
- उद्वेगअशुभ17:37 – 19:09
- शुभशुभ19:09 – 20:41
- अमृतश्रेष्ठ20:41 – 22:13
- चरसम22:13 – 23:45
- रोगअनिष्ट23:45 – 01:18
- कालहानि01:18 – 02:50
- लाभलाभ02:50 – 04:22
- उद्वेगअशुभ04:22 – 05:54
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 05:54–06:52 |
| चन्द्र | 06:52–07:51 |
| शनि | 07:51–08:49 |
| गुरु | 08:49–09:48 |
| मंगल | 09:48–10:47 |
| सूर्य | 10:47–11:45 |
| शुक्र | 11:45–12:44 |
| बुध | 12:44–13:42 |
| चन्द्र | 13:42–14:41 |
| शनि | 14:41–15:40 |
| गुरु | 15:40–16:38 |
| मंगल | 16:38–17:37 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 17:37–18:38 |
| शुक्र | 18:38–19:40 |
| बुध | 19:40–20:41 |
| चन्द्र | 20:41–21:43 |
| शनि | 21:43–22:44 |
| गुरु | 22:44–23:45 |
| मंगल | 23:45–00:47 |
| सूर्य | 00:47–01:48 |
| शुक्र | 01:48–02:50 |
| बुध | 02:50–03:51 |
| चन्द्र | 03:51–04:53 |
| शनि | 04:53–05:54 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्वभाद्रपद 1 पद07:12 तक
- पूर्वभाद्रपद 2 पद13:18 तक
- पूर्वभाद्रपद 3 पद19:27 तक
- पूर्वभाद्रपद 4 पद01:37, 10 अक्टू॰ तक
- उत्तरभाद्रपद 1 पद07:49, 10 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 43m
- रात्रिमान
- 12h 17m
- मध्याह्न
- 11:45
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- पश्चिम · 19:27 तकउत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 15:32 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- नंदी पर · 15:32 तकभोजन में
- होमाहुति
- चन्द्र
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:54 –06:35
- राज पंचक06:35 –08:51
- शुभ मुहूर्त08:51 –11:08
- चोर पंचक11:08 –13:13
- शुभ मुहूर्त13:13 –14:58
- रोग पंचक14:58 –15:32
- शुभ मुहूर्त15:32 –16:28
- मृत्यु पंचक16:28 –17:57
- रोग पंचक17:57 –19:35
- शुभ मुहूर्त19:35 –21:32
- मृत्यु पंचक21:32 –23:46
- अग्नि पंचक23:46 –01:37, 10 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त01:37 –02:04, 10 अक्टू॰
- राज पंचक02:04 –04:18, 10 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:18 –05:54, 10 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:22 –06:35
- तुला06:35 –08:51
- वृश्चिक08:51 –11:08
- धनु11:08 –13:13
- मकर13:13 –14:58
- कुम्भ14:58 –16:28
- मीन16:28 –17:57
- मेष17:57 –19:35
- वृषभ19:35 –21:32
- मिथुन21:32 –23:46
- कर्क23:46 –02:04, 10 अक्टू॰
- सिंह02:04 –04:18, 10 अक्टू॰
- कन्या04:18 –06:31, 10 अक्टू॰
पंचांग · वाराणसी, 9 अक्टूबर 2030
बुधवार, 9 अक्टूबर 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:54 और सूर्यास्त 17:37 पर है। तिथि शुक्ल त्रयोदशी 15:32 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी; नक्षत्र पूर्वभाद्रपद 10 अक्टूबर 01:37 तक, फिर उत्तरभाद्रपद; योग वृद्धि 10 अक्टूबर 03:25 तक, फिर ध्रुव; करण तैतिल 15:32 तक, फिर गर। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 11:45–13:13, अभिजित मुहूर्त 11:22–12:09। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 9 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल त्रयोदशी 15:32 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी (सूर्योदय 05:54, वाराणसी)।
9 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्वभाद्रपद 10 अक्टूबर 01:37 तक, फिर उत्तरभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 19:27 तक।
वाराणसी में 9 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 11:45–13:13, यमगण्ड 07:21–08:49, गुलिक काल 10:17–11:45।
वाराणसी में 9 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:54, सूर्यास्त 17:37, चंद्रोदय 16:07 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
9 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:22–12:09, ब्रह्म मुहूर्त 04:15–05:04। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2869° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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