पंचांग · सोमवार, 7 अक्टूबर 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल एकादशी16:31 तक
- शुक्ल द्वादशी15:50, 8 अक्टू॰ तक
- धनिष्ठास्वामी मंगल00:59, 8 अक्टू॰ तक
- शतभिषास्वामी राहु01:06, 9 अक्टू॰ तक
- धृति07:51 तक
- शूल06:05, 8 अक्टू॰ तक
- विष्टि16:31 तक
- बव04:08, 8 अक्टू॰ तक
- बालव15:50, 8 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:53बिंब मध्य 05:56
- सूर्यास्त
- 17:39बिंब मध्य 17:35
- चंद्रोदय
- 14:53
- चंद्रास्त
- 01:50
- दिनमान
- 11h 46m
- वार
- सोमवार · चन्द्र
- चंद्र राशि
- मकर13:03 तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:15 –05:04
- प्रातः संध्या04:39 –05:53
- अभिजित मुहूर्त11:22 –12:09
- विजय मुहूर्त13:44 –14:31
- गोधूलि मुहूर्त17:39 –18:03
- सायाह्न संध्या17:39 –18:52
- निशीथ मुहूर्त23:22 –00:10, 8 अक्टू॰
- अमृत काल14:41 –16:16
- राहु काल07:21 –08:49
- यमगंड10:18 –11:46
- गुलिक काल13:14 –14:42
- दुर्मुहूर्त12:09 –12:56
- दुर्मुहूर्त14:31 –15:18
- वर्ज्य05:10 –06:45
- भद्रा05:53 –16:31
चौघड़िया
- अमृतश्रेष्ठ05:53 – 07:21
- कालहानि07:21 – 08:49
- शुभशुभ08:49 – 10:18
- रोगअनिष्ट10:18 – 11:46
- उद्वेगअशुभ11:46 – 13:14
- चरसम13:14 – 14:42
- लाभलाभ14:42 – 16:11
- अमृतश्रेष्ठ16:11 – 17:39
- चरसम17:39 – 19:11
- रोगअनिष्ट19:11 – 20:42
- कालहानि20:42 – 22:14
- लाभलाभ22:14 – 23:46
- उद्वेगअशुभ23:46 – 01:18
- शुभशुभ01:18 – 02:50
- अमृतश्रेष्ठ02:50 – 04:21
- चरसम04:21 – 05:53
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 05:53–06:52 |
| शनि | 06:52–07:50 |
| गुरु | 07:50–08:49 |
| मंगल | 08:49–09:48 |
| सूर्य | 09:48–10:47 |
| शुक्र | 10:47–11:46 |
| बुध | 11:46–12:45 |
| चन्द्र | 12:45–13:44 |
| शनि | 13:44–14:42 |
| गुरु | 14:42–15:41 |
| मंगल | 15:41–16:40 |
| सूर्य | 16:40–17:39 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 17:39–18:40 |
| बुध | 18:40–19:41 |
| चन्द्र | 19:41–20:42 |
| शनि | 20:42–21:44 |
| गुरु | 21:44–22:45 |
| मंगल | 22:45–23:46 |
| सूर्य | 23:46–00:47 |
| शुक्र | 00:47–01:48 |
| बुध | 01:48–02:50 |
| चन्द्र | 02:50–03:51 |
| शनि | 03:51–04:52 |
| गुरु | 04:52–05:53 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- धनिष्ठा 1 पद07:07 तक
- धनिष्ठा 2 पद13:03 तक
- धनिष्ठा 3 पद19:00 तक
- धनिष्ठा 4 पद00:59, 8 अक्टू॰ तक
- शतभिषा 1 पद06:59, 8 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 46m
- रात्रिमान
- 12h 14m
- मध्याह्न
- 11:46
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
- चंद्र वास
- दक्षिण · 13:03 तकपश्चिम
- अग्निवास
- पाताल · 16:31 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- क्रीड़ा में · 16:31 तककैलाश पर
- होमाहुति
- शनि
पंचक रहित मुहूर्त
- चोर पंचक05:53 –06:43
- शुभ मुहूर्त06:43 –08:59
- रोग पंचक08:59 –11:16
- शुभ मुहूर्त11:16 –13:21
- मृत्यु पंचक13:21 –15:06
- अग्नि पंचक15:06 –16:31
- शुभ मुहूर्त16:31 –16:36
- राज पंचक16:36 –18:05
- अग्नि पंचक18:05 –19:43
- शुभ मुहूर्त19:43 –21:40
- राज पंचक21:40 –23:54
- शुभ मुहूर्त23:54 –00:59, 8 अक्टू॰
- चोर पंचक00:59 –02:12, 8 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त02:12 –04:26, 8 अक्टू॰
- रोग पंचक04:26 –05:53, 8 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:30 –06:43
- तुला06:43 –08:59
- वृश्चिक08:59 –11:16
- धनु11:16 –13:21
- मकर13:21 –15:06
- कुम्भ15:06 –16:36
- मीन16:36 –18:05
- मेष18:05 –19:43
- वृषभ19:43 –21:40
- मिथुन21:40 –23:54
- कर्क23:54 –02:12, 8 अक्टू॰
- सिंह02:12 –04:26, 8 अक्टू॰
- कन्या04:26 –06:39, 8 अक्टू॰
पंचांग · वाराणसी, 7 अक्टूबर 2030
सोमवार, 7 अक्टूबर 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:53 और सूर्यास्त 17:39 पर है। तिथि शुक्ल एकादशी 16:31 तक, फिर शुक्ल द्वादशी; नक्षत्र धनिष्ठा 8 अक्टूबर 00:59 तक, फिर शतभिषा; योग धृति 07:51 तक, फिर शूल; करण विष्टि 16:31 तक, फिर बव। चंद्रमा मकर राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 07:21–08:49, अभिजित मुहूर्त 11:22–12:09। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 7 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल एकादशी 16:31 तक, फिर शुक्ल द्वादशी (सूर्योदय 05:53, वाराणसी)।
7 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
धनिष्ठा 8 अक्टूबर 00:59 तक, फिर शतभिषा। चंद्रमा मकर राशि में 13:03 तक।
वाराणसी में 7 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 07:21–08:49, यमगण्ड 10:18–11:46, गुलिक काल 13:14–14:42।
वाराणसी में 7 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:53, सूर्यास्त 17:39, चंद्रोदय 14:53 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
7 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:22–12:09, ब्रह्म मुहूर्त 04:15–05:04। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
7 अक्टूबर 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
पापांकुशा एकादशी।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2869° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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