पंचांग · गुरुवार, 26 सितंबर 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण चतुर्दशी17:15 तक
- अमावस्या15:24, 27 सित॰ तक
- पूर्व फाल्गुनीस्वामी शुक्र16:24 तक
- उत्तर फाल्गुनीस्वामी सूर्य15:18, 27 सित॰ तक
- शुभ17:50 तक
- शुक्ल15:13, 27 सित॰ तक
- विष्टि05:59 तक
- शकुनि17:15 तक
- चतुष्पाद04:23, 27 सित॰ तक
- नाग15:24, 27 सित॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:48बिंब मध्य 05:51
- सूर्यास्त
- 17:51बिंब मध्य 17:46
- चंद्रोदय
- 04:30
- चंद्रास्त
- 16:54
- दिनमान
- 12h 3m
- वार
- गुरुवार · गुरु
- चंद्र राशि
- सिंह22:11 तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- भाद्रपद
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:13 –05:00
- प्रातः संध्या04:36 –05:48
- अभिजित मुहूर्त11:25 –12:13
- विजय मुहूर्त13:50 –14:38
- गोधूलि मुहूर्त17:51 –18:14
- सायाह्न संध्या17:51 –19:02
- निशीथ मुहूर्त23:26 –00:13, 27 सित॰
- अमृत काल10:10 –11:43
- राहु काल13:20 –14:50
- यमगंड05:48 –07:18
- गुलिक काल08:49 –10:19
- दुर्मुहूर्त09:49 –10:37
- दुर्मुहूर्त14:38 –15:26
- वर्ज्य23:17 –00:48, 27 सित॰
- भद्रा05:48 –05:59
चौघड़िया
- शुभशुभ05:48 – 07:18
- रोगअनिष्ट07:18 – 08:49
- उद्वेगअशुभ08:49 – 10:19
- चरसम10:19 – 11:49
- लाभलाभ11:49 – 13:20
- अमृतश्रेष्ठ13:20 – 14:50
- कालहानि14:50 – 16:20
- शुभशुभ16:20 – 17:51
- अमृतश्रेष्ठ17:51 – 19:20
- चरसम19:20 – 20:50
- रोगअनिष्ट20:50 – 22:20
- कालहानि22:20 – 23:49
- लाभलाभ23:49 – 01:19
- उद्वेगअशुभ01:19 – 02:49
- शुभशुभ02:49 – 04:19
- अमृतश्रेष्ठ04:19 – 05:48
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 05:48–06:48 |
| मंगल | 06:48–07:49 |
| सूर्य | 07:49–08:49 |
| शुक्र | 08:49–09:49 |
| बुध | 09:49–10:49 |
| चन्द्र | 10:49–11:49 |
| शनि | 11:49–12:50 |
| गुरु | 12:50–13:50 |
| मंगल | 13:50–14:50 |
| सूर्य | 14:50–15:50 |
| शुक्र | 15:50–16:50 |
| बुध | 16:50–17:51 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 17:51–18:50 |
| शनि | 18:50–19:50 |
| गुरु | 19:50–20:50 |
| मंगल | 20:50–21:50 |
| सूर्य | 21:50–22:50 |
| शुक्र | 22:50–23:49 |
| बुध | 23:49–00:49 |
| चन्द्र | 00:49–01:49 |
| शनि | 01:49–02:49 |
| गुरु | 02:49–03:49 |
| मंगल | 03:49–04:49 |
| सूर्य | 04:49–05:48 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्व फाल्गुनी 3 पद10:36 तक
- पूर्व फाल्गुनी 4 पद16:24 तक
- उत्तर फाल्गुनी 1 पद22:11 तक
- उत्तर फाल्गुनी 2 पद03:55, 27 सित॰ तक
- उत्तर फाल्गुनी 3 पद09:37, 27 सित॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- उत्तर फाल्गुनी 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 12h 3m
- रात्रिमान
- 11h 57m
- मध्याह्न
- 11:49
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- दक्षिण
- चंद्र वास
- पूर्व · 22:11 तकदक्षिण
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 17:15 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- श्मशान में · 17:15 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- केतु
पंचक रहित मुहूर्त
- चोर पंचक05:48 –07:26
- शुभ मुहूर्त07:26 –09:42
- रोग पंचक09:42 –11:59
- शुभ मुहूर्त11:59 –14:04
- मृत्यु पंचक14:04 –15:49
- अग्नि पंचक15:49 –16:24
- शुभ मुहूर्त16:24 –17:15
- राज पंचक17:15 –17:20
- शुभ मुहूर्त17:20 –20:26
- राज पंचक20:26 –22:24
- शुभ मुहूर्त22:24 –00:37, 27 सित॰
- चोर पंचक00:37 –02:55, 27 सित॰
- शुभ मुहूर्त02:55 –05:09, 27 सित॰
- रोग पंचक05:09 –05:48, 27 सित॰
उदय लग्न
- कन्या05:13 –07:26
- तुला07:26 –09:42
- वृश्चिक09:42 –11:59
- धनु11:59 –14:04
- मकर14:04 –15:49
- कुम्भ15:49 –17:20
- मीन17:20 –18:48
- मेष18:48 –20:26
- वृषभ20:26 –22:24
- मिथुन22:24 –00:37, 27 सित॰
- कर्क00:37 –02:55, 27 सित॰
- सिंह02:55 –05:09, 27 सित॰
- कन्या05:09 –07:22, 27 सित॰
पंचांग · वाराणसी, 26 सितंबर 2030
गुरुवार, 26 सितंबर 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:48 और सूर्यास्त 17:51 पर है। तिथि कृष्ण चतुर्दशी 17:15 तक, फिर अमावस्या; नक्षत्र पूर्व फाल्गुनी 16:24 तक, फिर उत्तर फाल्गुनी; योग शुभ 17:50 तक, फिर शुक्ल; करण विष्टि 05:59 तक, फिर शकुनि। चंद्रमा सिंह राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 13:20–14:50, अभिजित मुहूर्त 11:25–12:13। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 26 सितंबर 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण चतुर्दशी 17:15 तक, फिर अमावस्या (सूर्योदय 05:48, वाराणसी)।
26 सितंबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्व फाल्गुनी 16:24 तक, फिर उत्तर फाल्गुनी। चंद्रमा सिंह राशि में 22:11 तक।
वाराणसी में 26 सितंबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 13:20–14:50, यमगण्ड 05:48–07:18, गुलिक काल 08:49–10:19।
वाराणसी में 26 सितंबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:48, सूर्यास्त 17:51, चंद्रोदय 04:30 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
26 सितंबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:25–12:13, ब्रह्म मुहूर्त 04:13–05:00। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर सितंबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2864° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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