पंचांग · मंगलवार, 3 सितंबर 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल षष्ठी18:33 तक
- शुक्ल सप्तमी16:28, 4 सित॰ तक
- विशाखास्वामी गुरु02:16, 4 सित॰ तक
- अनुराधास्वामी शनि00:56, 5 सित॰ तक
- इन्द्र20:14 तक
- वैधृति17:27, 4 सित॰ तक
- कौलव07:36 तक
- तैतिल18:33 तक
- गर05:31, 4 सित॰ तक
- वणिज16:28, 4 सित॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:39बिंब मध्य 05:43
- सूर्यास्त
- 18:15बिंब मध्य 18:11
- चंद्रोदय
- 10:49
- चंद्रास्त
- 21:54
- दिनमान
- 12h 36m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- तुला20:35 तक
- सूर्य राशि
- सिंह
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- भाद्रपद
- पूर्णिमांत मास
- भाद्रपद
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:08 –04:54
- प्रातः संध्या04:31 –05:39
- अभिजित मुहूर्त11:32 –12:23
- विजय मुहूर्त14:03 –14:54
- गोधूलि मुहूर्त18:15 –18:38
- सायाह्न संध्या18:15 –19:24
- निशीथ मुहूर्त23:35 –00:20, 4 सित॰
- अमृत काल17:56 –19:27
- राहु काल15:06 –16:41
- यमगंड08:48 –10:23
- गुलिक काल11:57 –13:32
- दुर्मुहूर्त08:11 –09:01
- दुर्मुहूर्त22:49 –23:35
- वर्ज्य08:52 –10:23
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट05:39 – 07:14
- उद्वेगअशुभ07:14 – 08:48
- चरसम08:48 – 10:23
- लाभलाभ10:23 – 11:57
- अमृतश्रेष्ठ11:57 – 13:32
- कालहानि13:32 – 15:06
- शुभशुभ15:06 – 16:41
- रोगअनिष्ट16:41 – 18:15
- कालहानि18:15 – 19:41
- लाभलाभ19:41 – 21:06
- उद्वेगअशुभ21:06 – 22:32
- शुभशुभ22:32 – 23:58
- अमृतश्रेष्ठ23:58 – 01:23
- चरसम01:23 – 02:49
- रोगअनिष्ट02:49 – 04:14
- कालहानि04:14 – 05:40
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 05:39–06:42 |
| सूर्य | 06:42–07:45 |
| शुक्र | 07:45–08:48 |
| बुध | 08:48–09:51 |
| चन्द्र | 09:51–10:54 |
| शनि | 10:54–11:57 |
| गुरु | 11:57–13:00 |
| मंगल | 13:00–14:03 |
| सूर्य | 14:03–15:06 |
| शुक्र | 15:06–16:09 |
| बुध | 16:09–17:12 |
| चन्द्र | 17:12–18:15 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 18:15–19:12 |
| गुरु | 19:12–20:09 |
| मंगल | 20:09–21:06 |
| सूर्य | 21:06–22:03 |
| शुक्र | 22:03–23:00 |
| बुध | 23:00–23:58 |
| चन्द्र | 23:58–00:55 |
| शनि | 00:55–01:52 |
| गुरु | 01:52–02:49 |
| मंगल | 02:49–03:46 |
| सूर्य | 03:46–04:43 |
| शुक्र | 04:43–05:40 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- विशाखा 1 पद09:15 तक
- विशाखा 2 पद14:55 तक
- विशाखा 3 पद20:35 तक
- विशाखा 4 पद02:16, 4 सित॰ तक
- अनुराधा 1 पद07:56, 4 सित॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- पूर्व फाल्गुनी 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 12h 36m
- रात्रिमान
- 11h 25m
- मध्याह्न
- 11:57
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- पश्चिम · 20:35 तकउत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 18:33 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- नंदी पर · 18:33 तकभोजन में
- होमाहुति
- बुध
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:39 –06:43
- राज पंचक06:43 –08:56
- शुभ मुहूर्त08:56 –11:13
- चोर पंचक11:13 –13:30
- शुभ मुहूर्त13:30 –15:34
- रोग पंचक15:34 –17:19
- शुभ मुहूर्त17:19 –18:33
- मृत्यु पंचक18:33 –18:50
- अग्नि पंचक18:50 –20:18
- शुभ मुहूर्त20:18 –21:57
- मृत्यु पंचक21:57 –23:54
- अग्नि पंचक23:54 –02:08, 4 सित॰
- शुभ मुहूर्त02:08 –02:16, 4 सित॰
- राज पंचक02:16 –04:26, 4 सित॰
- शुभ मुहूर्त04:26 –05:40, 4 सित॰
उदय लग्न
- सिंह04:30 –06:43
- कन्या06:43 –08:56
- तुला08:56 –11:13
- वृश्चिक11:13 –13:30
- धनु13:30 –15:34
- मकर15:34 –17:19
- कुम्भ17:19 –18:50
- मीन18:50 –20:18
- मेष20:18 –21:57
- वृषभ21:57 –23:54
- मिथुन23:54 –02:08, 4 सित॰
- कर्क02:08 –04:26, 4 सित॰
- सिंह04:26 –06:40, 4 सित॰
पंचांग · वाराणसी, 3 सितंबर 2030
मंगलवार, 3 सितंबर 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:39 और सूर्यास्त 18:15 पर है। तिथि शुक्ल षष्ठी 18:33 तक, फिर शुक्ल सप्तमी; नक्षत्र विशाखा 4 सितंबर 02:16 तक, फिर अनुराधा; योग इन्द्र 20:14 तक, फिर वैधृति; करण कौलव 07:36 तक, फिर तैतिल। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य सिंह राशि में। राहुकाल 15:06–16:41, अभिजित मुहूर्त 11:32–12:23। मास भाद्रपद (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 3 सितंबर 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल षष्ठी 18:33 तक, फिर शुक्ल सप्तमी (सूर्योदय 05:39, वाराणसी)।
3 सितंबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
विशाखा 4 सितंबर 02:16 तक, फिर अनुराधा। चंद्रमा तुला राशि में 20:35 तक।
वाराणसी में 3 सितंबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 15:06–16:41, यमगण्ड 08:48–10:23, गुलिक काल 11:57–13:32।
वाराणसी में 3 सितंबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:39, सूर्यास्त 18:15, चंद्रोदय 10:49 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
3 सितंबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:32–12:23, ब्रह्म मुहूर्त 04:08–04:54। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर सितंबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2856° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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