पंचांग · रविवार, 11 अगस्त 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल त्रयोदशी20:49 तक
- शुक्ल चतुर्दशी18:24, 12 अग॰ तक
- पूर्वाषाढ़ास्वामी शुक्र14:02 तक
- उत्तराषाढ़ास्वामी सूर्य12:21, 12 अग॰ तक
- प्रीति22:43 तक
- आयुष्मान्19:41, 12 अग॰ तक
- कौलव10:06 तक
- तैतिल20:49 तक
- गर07:35, 12 अग॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:30बिंब मध्य 05:33
- सूर्यास्त
- 18:37बिंब मध्य 18:32
- चंद्रोदय
- 16:50
- चंद्रास्त
- 03:01
- दिनमान
- 13h 7m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- धनु19:36 तक
- सूर्य राशि
- कर्क
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- श्रावण
- पूर्णिमांत मास
- श्रावण
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:03 –04:46
- प्रातः संध्या04:25 –05:30
- अभिजित मुहूर्त11:37 –12:29
- विजय मुहूर्त14:14 –15:07
- गोधूलि मुहूर्त18:37 –18:58
- सायाह्न संध्या18:37 –19:42
- निशीथ मुहूर्त23:42 –00:25, 12 अग॰
- अमृत काल09:36 –11:05
- राहु काल16:58 –18:37
- यमगंड12:03 –13:42
- गुलिक काल15:20 –16:58
- दुर्मुहूर्त16:52 –17:44
- वर्ज्य21:29 –22:58
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ05:30 – 07:08
- चरसम07:08 – 08:46
- लाभलाभ08:46 – 10:25
- अमृतश्रेष्ठ10:25 – 12:03
- कालहानि12:03 – 13:42
- शुभशुभ13:42 – 15:20
- रोगअनिष्ट15:20 – 16:58
- उद्वेगअशुभ16:58 – 18:37
- शुभशुभ18:37 – 19:58
- अमृतश्रेष्ठ19:58 – 21:20
- चरसम21:20 – 22:42
- रोगअनिष्ट22:42 – 00:03
- कालहानि00:03 – 01:25
- लाभलाभ01:25 – 02:47
- उद्वेगअशुभ02:47 – 04:09
- शुभशुभ04:09 – 05:30
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 05:30–06:35 |
| शुक्र | 06:35–07:41 |
| बुध | 07:41–08:46 |
| चन्द्र | 08:46–09:52 |
| शनि | 09:52–10:58 |
| गुरु | 10:58–12:03 |
| मंगल | 12:03–13:09 |
| सूर्य | 13:09–14:14 |
| शुक्र | 14:14–15:20 |
| बुध | 15:20–16:25 |
| चन्द्र | 16:25–17:31 |
| शनि | 17:31–18:37 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 18:37–19:31 |
| मंगल | 19:31–20:26 |
| सूर्य | 20:26–21:20 |
| शुक्र | 21:20–22:14 |
| बुध | 22:14–23:09 |
| चन्द्र | 23:09–00:03 |
| शनि | 00:03–00:58 |
| गुरु | 00:58–01:52 |
| मंगल | 01:52–02:47 |
| सूर्य | 02:47–03:41 |
| शुक्र | 03:41–04:36 |
| बुध | 04:36–05:30 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्वाषाढ़ा 3 पद08:29 तक
- पूर्वाषाढ़ा 4 पद14:02 तक
- उत्तराषाढ़ा 1 पद19:36 तक
- उत्तराषाढ़ा 2 पद01:10, 12 अग॰ तक
- उत्तराषाढ़ा 3 पद06:45, 12 अग॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- अश्लेषा 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- वर्षा
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 13h 7m
- रात्रिमान
- 10h 53m
- मध्याह्न
- 12:03
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- पूर्व · 19:36 तकदक्षिण
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 20:49 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- नंदी पर · 20:49 तकभोजन में
- होमाहुति
- शनि
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक05:30 –06:00
- शुभ मुहूर्त06:00 –08:14
- राज पंचक08:14 –10:27
- शुभ मुहूर्त10:27 –12:43
- चोर पंचक12:43 –14:02
- शुभ मुहूर्त14:02 –15:00
- रोग पंचक15:00 –17:05
- शुभ मुहूर्त17:05 –18:50
- मृत्यु पंचक18:50 –20:20
- अग्नि पंचक20:20 –20:49
- शुभ मुहूर्त20:49 –21:49
- मृत्यु पंचक21:49 –23:27
- अग्नि पंचक23:27 –01:24, 12 अग॰
- शुभ मुहूर्त01:24 –03:38, 12 अग॰
- राज पंचक03:38 –05:30, 12 अग॰
उदय लग्न
- कर्क03:42 –06:00
- सिंह06:00 –08:14
- कन्या08:14 –10:27
- तुला10:27 –12:43
- वृश्चिक12:43 –15:00
- धनु15:00 –17:05
- मकर17:05 –18:50
- कुम्भ18:50 –20:20
- मीन20:20 –21:49
- मेष21:49 –23:27
- वृषभ23:27 –01:24, 12 अग॰
- मिथुन01:24 –03:38, 12 अग॰
- कर्क03:38 –05:56, 12 अग॰
पंचांग · वाराणसी, 11 अगस्त 2030
रविवार, 11 अगस्त 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:30 और सूर्यास्त 18:37 पर है। तिथि शुक्ल त्रयोदशी 20:49 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी; नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा 14:02 तक, फिर उत्तराषाढ़ा; योग प्रीति 22:43 तक, फिर आयुष्मान्; करण कौलव 10:06 तक, फिर तैतिल। चंद्रमा धनु राशि में, सूर्य कर्क राशि में। राहुकाल 16:58–18:37, अभिजित मुहूर्त 11:37–12:29। मास श्रावण (पूर्णिमांत) / श्रावण (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 11 अगस्त 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल त्रयोदशी 20:49 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी (सूर्योदय 05:30, वाराणसी)।
11 अगस्त 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्वाषाढ़ा 14:02 तक, फिर उत्तराषाढ़ा। चंद्रमा धनु राशि में 19:36 तक।
वाराणसी में 11 अगस्त 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 16:58–18:37, यमगण्ड 12:03–13:42, गुलिक काल 15:20–16:58।
वाराणसी में 11 अगस्त 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:30, सूर्यास्त 18:37, चंद्रोदय 16:50 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
11 अगस्त 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:37–12:29, ब्रह्म मुहूर्त 04:03–04:46। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
11 अगस्त 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
रवि प्रदोष।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अगस्त 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2847° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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