पंचांग · मंगलवार, 16 जुलाई 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण द्वितीया02:28, 17 जुल॰ तक
- कृष्ण तृतीया00:38, 18 जुल॰ तक
- श्रवणस्वामी चन्द्र01:11, 17 जुल॰ तक
- धनिष्ठास्वामी मंगल00:06, 18 जुल॰ तक
- विष्कुम्भ09:20 तक
- प्रीति06:25, 17 जुल॰ तक
- तैतिल15:36 तक
- गर02:28, 17 जुल॰ तक
- वणिज13:28, 17 जुल॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:17बिंब मध्य 05:21
- सूर्यास्त
- 18:51बिंब मध्य 18:46
- चंद्रोदय
- 19:46
- चंद्रास्त
- 06:24
- दिनमान
- 13h 34m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- मकर12:33, 17 जुल॰ तक
- सूर्य राशि
- मिथुन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आषाढ़
- पूर्णिमांत मास
- श्रावण
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- ग्रीष्म
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त03:54 –04:36
- प्रातः संध्या04:15 –05:17
- अभिजित मुहूर्त11:37 –12:31
- विजय मुहूर्त14:20 –15:14
- गोधूलि मुहूर्त18:51 –19:12
- सायाह्न संध्या18:51 –19:53
- निशीथ मुहूर्त23:43 –00:25, 17 जुल॰
- अमृत काल15:29 –16:59
- राहु काल15:27 –17:09
- यमगंड08:41 –10:22
- गुलिक काल12:04 –13:46
- दुर्मुहूर्त08:00 –08:54
- दुर्मुहूर्त23:02 –23:43
- वर्ज्य06:32 –08:02
- वर्ज्य05:00 –06:31, 17 जुल॰
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट05:17 – 06:59
- उद्वेगअशुभ06:59 – 08:41
- चरसम08:41 – 10:22
- लाभलाभ10:22 – 12:04
- अमृतश्रेष्ठ12:04 – 13:46
- कालहानि13:46 – 15:27
- शुभशुभ15:27 – 17:09
- रोगअनिष्ट17:09 – 18:51
- कालहानि18:51 – 20:09
- लाभलाभ20:09 – 21:28
- उद्वेगअशुभ21:28 – 22:46
- शुभशुभ22:46 – 00:04
- अमृतश्रेष्ठ00:04 – 01:23
- चरसम01:23 – 02:41
- रोगअनिष्ट02:41 – 04:00
- कालहानि04:00 – 05:18
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 05:17–06:25 |
| सूर्य | 06:25–07:33 |
| शुक्र | 07:33–08:41 |
| बुध | 08:41–09:49 |
| चन्द्र | 09:49–10:56 |
| शनि | 10:56–12:04 |
| गुरु | 12:04–13:12 |
| मंगल | 13:12–14:20 |
| सूर्य | 14:20–15:27 |
| शुक्र | 15:27–16:35 |
| बुध | 16:35–17:43 |
| चन्द्र | 17:43–18:51 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 18:51–19:43 |
| गुरु | 19:43–20:35 |
| मंगल | 20:35–21:28 |
| सूर्य | 21:28–22:20 |
| शुक्र | 22:20–23:12 |
| बुध | 23:12–00:04 |
| चन्द्र | 00:04–00:57 |
| शनि | 00:57–01:49 |
| गुरु | 01:49–02:41 |
| मंगल | 02:41–03:33 |
| सूर्य | 03:33–04:26 |
| शुक्र | 04:26–05:18 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- श्रवण 1 पद08:22 तक
- श्रवण 2 पद13:56 तक
- श्रवण 3 पद19:32 तक
- श्रवण 4 पद01:11, 17 जुल॰ तक
- धनिष्ठा 1 पद06:51, 17 जुल॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- पुनर्वसु 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- वर्षा
- ऋतु (वैदिक)
- ग्रीष्म
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 13h 34m
- रात्रिमान
- 10h 27m
- मध्याह्न
- 12:04
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- दक्षिण
- अग्निवास
- आकाश · 02:28, 17 जुल॰ तकपाताल
- शिववास
- सभा में · 02:28, 17 जुल॰ तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- मंगल
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:17 –05:24
- मृत्यु पंचक05:24 –07:42
- अग्नि पंचक07:42 –09:56
- शुभ मुहूर्त09:56 –12:09
- राज पंचक12:09 –14:25
- शुभ मुहूर्त14:25 –16:42
- चोर पंचक16:42 –18:47
- शुभ मुहूर्त18:47 –20:32
- रोग पंचक20:32 –22:03
- शुभ मुहूर्त22:03 –01:09, 17 जुल॰
- रोग पंचक01:09 –01:11, 17 जुल॰
- शुभ मुहूर्त01:11 –02:28, 17 जुल॰
- मृत्यु पंचक02:28 –03:07, 17 जुल॰
- अग्नि पंचक03:07 –05:18, 17 जुल॰
उदय लग्न
- मिथुन03:11 –05:24
- कर्क05:24 –07:42
- सिंह07:42 –09:56
- कन्या09:56 –12:09
- तुला12:09 –14:25
- वृश्चिक14:25 –16:42
- धनु16:42 –18:47
- मकर18:47 –20:32
- कुम्भ20:32 –22:03
- मीन22:03 –23:31
- मेष23:31 –01:09, 17 जुल॰
- वृषभ01:09 –03:07, 17 जुल॰
- मिथुन03:07 –05:21, 17 जुल॰
पंचांग · वाराणसी, 16 जुलाई 2030
मंगलवार, 16 जुलाई 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:17 और सूर्यास्त 18:51 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 17 जुलाई 02:28 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र श्रवण 17 जुलाई 01:11 तक, फिर धनिष्ठा; योग विष्कुम्भ 09:20 तक, फिर प्रीति; करण तैतिल 15:36 तक, फिर गर। चंद्रमा मकर राशि में, सूर्य मिथुन राशि में। राहुकाल 15:27–17:09, अभिजित मुहूर्त 11:37–12:31। मास श्रावण (पूर्णिमांत) / आषाढ़ (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 16 जुलाई 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण द्वितीया 17 जुलाई 02:28 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 05:17, वाराणसी)।
16 जुलाई 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
श्रवण 17 जुलाई 01:11 तक, फिर धनिष्ठा। चंद्रमा मकर राशि में 17 जुलाई 12:33 तक।
वाराणसी में 16 जुलाई 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 15:27–17:09, यमगण्ड 08:41–10:22, गुलिक काल 12:04–13:46।
वाराणसी में 16 जुलाई 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:17, सूर्यास्त 18:51, चंद्रोदय 19:46 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
16 जुलाई 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:37–12:31, ब्रह्म मुहूर्त 03:54–04:36। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर जुलाई 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2837° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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