पंचांग · सोमवार, 4 मार्च 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- अमावस्या12:04 तक
- शुक्ल प्रतिपदा12:36, 5 मार्च तक
- शतभिषास्वामी राहु13:06 तक
- पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु14:14, 5 मार्च तक
- सिद्ध13:59 तक
- साध्य13:17, 5 मार्च तक
- नाग12:04 तक
- किंस्तुघ्न00:16, 5 मार्च तक
- बव12:36, 5 मार्च तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:18बिंब मध्य 06:22
- सूर्यास्त
- 18:02बिंब मध्य 17:57
- चंद्रोदय
- 05:57
- चंद्रास्त
- 18:11
- दिनमान
- 11h 44m
- वार
- सोमवार · चन्द्र
- चंद्र राशि
- कुम्भ07:54, 5 मार्च तक
- सूर्य राशि
- कुम्भ
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- माघ
- पूर्णिमांत मास
- फाल्गुन
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शिशिर
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:40 –05:29
- प्रातः संध्या05:05 –06:18
- अभिजित मुहूर्त11:47 –12:33
- विजय मुहूर्त14:07 –14:54
- गोधूलि मुहूर्त18:02 –18:26
- सायाह्न संध्या18:02 –19:15
- निशीथ मुहूर्त23:45 –00:34, 5 मार्च
- अमृत काल05:42 –07:21
- अमृत काल05:51 –07:32, 5 मार्च
- राहु काल07:46 –09:14
- यमगंड10:42 –12:10
- गुलिक काल13:38 –15:06
- दुर्मुहूर्त12:33 –13:20
- दुर्मुहूर्त14:54 –15:41
- वर्ज्य19:48 –21:29
चौघड़िया
- अमृतश्रेष्ठ06:18 – 07:46
- कालहानि07:46 – 09:14
- शुभशुभ09:14 – 10:42
- रोगअनिष्ट10:42 – 12:10
- उद्वेगअशुभ12:10 – 13:38
- चरसम13:38 – 15:06
- लाभलाभ15:06 – 16:34
- अमृतश्रेष्ठ16:34 – 18:02
- चरसम18:02 – 19:34
- रोगअनिष्ट19:34 – 21:06
- कालहानि21:06 – 22:38
- लाभलाभ22:38 – 00:10
- उद्वेगअशुभ00:10 – 01:42
- शुभशुभ01:42 – 03:14
- अमृतश्रेष्ठ03:14 – 04:46
- चरसम04:46 – 06:18
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 06:18–07:17 |
| शनि | 07:17–08:16 |
| गुरु | 08:16–09:14 |
| मंगल | 09:14–10:13 |
| सूर्य | 10:13–11:11 |
| शुक्र | 11:11–12:10 |
| बुध | 12:10–13:09 |
| चन्द्र | 13:09–14:07 |
| शनि | 14:07–15:06 |
| गुरु | 15:06–16:04 |
| मंगल | 16:04–17:03 |
| सूर्य | 17:03–18:02 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 18:02–19:03 |
| बुध | 19:03–20:04 |
| चन्द्र | 20:04–21:06 |
| शनि | 21:06–22:07 |
| गुरु | 22:07–23:08 |
| मंगल | 23:08–00:10 |
| सूर्य | 00:10–01:11 |
| शुक्र | 01:11–02:12 |
| बुध | 02:12–03:14 |
| चन्द्र | 03:14–04:15 |
| शनि | 04:15–05:16 |
| गुरु | 05:16–06:18 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- शतभिषा 3 पद06:53 तक
- शतभिषा 4 पद13:06 तक
- पूर्वभाद्रपद 1 पद19:20 तक
- पूर्वभाद्रपद 2 पद01:36, 5 मार्च तक
- पूर्वभाद्रपद 3 पद07:54, 5 मार्च तक
- सूर्य नक्षत्र
- शतभिषा 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- शिशिर
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 11h 44m
- रात्रिमान
- 12h 16m
- मध्याह्न
- 12:10
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- आकाश · 12:04 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- गौरी के साथ · 12:04 तकश्मशान में
- होमाहुति
- सूर्य
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक06:18 –06:53
- शुभ मुहूर्त06:53 –10:00
- राज पंचक10:00 –11:57
- शुभ मुहूर्त11:57 –13:06
- राज पंचक13:06 –14:11
- शुभ मुहूर्त14:11 –16:29
- चोर पंचक16:29 –18:43
- शुभ मुहूर्त18:43 –20:56
- रोग पंचक20:56 –23:12
- शुभ मुहूर्त23:12 –01:29, 5 मार्च
- मृत्यु पंचक01:29 –03:34, 5 मार्च
- अग्नि पंचक03:34 –05:19, 5 मार्च
- शुभ मुहूर्त05:19 –06:18, 5 मार्च
उदय लग्न
- कुम्भ05:23 –06:53
- मीन06:53 –08:22
- मेष08:22 –10:00
- वृषभ10:00 –11:57
- मिथुन11:57 –14:11
- कर्क14:11 –16:29
- सिंह16:29 –18:43
- कन्या18:43 –20:56
- तुला20:56 –23:12
- वृश्चिक23:12 –01:29, 5 मार्च
- धनु01:29 –03:34, 5 मार्च
- मकर03:34 –05:19, 5 मार्च
- कुम्भ05:19 –06:50, 5 मार्च
पंचांग · वाराणसी, 4 मार्च 2030
सोमवार, 4 मार्च 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 06:18 और सूर्यास्त 18:02 पर है। तिथि अमावस्या 12:04 तक, फिर शुक्ल प्रतिपदा; नक्षत्र शतभिषा 13:06 तक, फिर पूर्वभाद्रपद; योग सिद्ध 13:59 तक, फिर साध्य; करण नाग 12:04 तक, फिर किंस्तुघ्न। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य कुम्भ राशि में। राहुकाल 07:46–09:14, अभिजित मुहूर्त 11:47–12:33। मास फाल्गुन (पूर्णिमांत) / माघ (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 4 मार्च 2030 को कौन सी तिथि है?
अमावस्या 12:04 तक, फिर शुक्ल प्रतिपदा (सूर्योदय 06:18, वाराणसी)।
4 मार्च 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
शतभिषा 13:06 तक, फिर पूर्वभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 5 मार्च 07:54 तक।
वाराणसी में 4 मार्च 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 07:46–09:14, यमगण्ड 10:42–12:10, गुलिक काल 13:38–15:06।
वाराणसी में 4 मार्च 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:18, सूर्यास्त 18:02, चंद्रोदय 05:57 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 मार्च 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:47–12:33, ब्रह्म मुहूर्त 04:40–05:29। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
4 मार्च 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
अमावस्या।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर मार्च 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2786° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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