पंचांग · सोमवार, 14 अक्टूबर 2024उदयपुर

आश्विन · शुक्ल एकादशी · विक्रम संवत 2081

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:33सूर्योदय18:09सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल एकादशी
शुक्ल · 06:41 तक
नक्षत्र
शतभिषा
00:42, 15 अक्टू॰ तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:3318:09
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
08:00 –09:27
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:33दिन18:09
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
भद्रा
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
गुलिक काल
09:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:09रात06:33
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
अमृत काल
वर्ज्य
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल एकादशी
    06:41 तक
  2. शुक्ल द्वादशी
    03:42, 15 अक्टू॰ तक
  3. शुक्ल त्रयोदशी
    00:19, 16 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. शतभिषास्वामी राहु
    00:42, 15 अक्टू॰ तक
  2. पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु
    22:08, 15 अक्टू॰ तक
योग
  1. गण्ड
    18:01 तक
  2. वृद्धि
    14:13, 15 अक्टू॰ तक
करण
  1. विष्टि
    06:41 तक
  2. बव
    17:15 तक
  3. बालव
    03:42, 15 अक्टू॰ तक
  4. कौलव
    14:03, 15 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:33
बिंब मध्य 06:36
सूर्यास्त
18:09
बिंब मध्य 18:05
चंद्रोदय
16:07
चंद्रास्त
02:52
दिनमान
11h 36m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
कुम्भ
16:49, 15 अक्टू॰ तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
आश्विन
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
शरद
विक्रम संवत
2081
शक संवत
1946

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:54 –05:43
  • प्रातः संध्या05:18 –06:33
  • अभिजित मुहूर्त11:58 –12:44
  • विजय मुहूर्त14:17 –15:03
  • गोधूलि मुहूर्त18:09 –18:34
  • सायाह्न संध्या18:09 –19:24
  • निशीथ मुहूर्त23:56 –00:46, 15 अक्टू॰
  • अमृत काल18:09 –19:37
इन समयों से बचें
  • राहु काल08:00 –09:27
  • यमगंड10:54 –12:21
  • गुलिक काल13:48 –15:15
  • दुर्मुहूर्त12:44 –13:31
  • दुर्मुहूर्त15:03 –15:50
  • वर्ज्य09:25 –10:52
  • वर्ज्य06:25 –07:51, 15 अक्टू॰
  • भद्रा06:33 –06:41

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ06:33 – 08:00
  • कालहानि08:00 – 09:27
  • शुभशुभ09:27 – 10:54
  • रोगअनिष्ट10:54 – 12:21
  • उद्वेगअशुभ12:21 – 13:48
  • चरसम13:48 – 15:15
  • लाभलाभ15:15 – 16:42
  • अमृतश्रेष्ठ16:42 – 18:09
रात
  • चरसम18:09 – 19:42
  • रोगअनिष्ट19:42 – 21:15
  • कालहानि21:15 – 22:48
  • लाभलाभ22:48 – 00:21
  • उद्वेगअशुभ00:21 – 01:54
  • शुभशुभ01:54 – 03:27
  • अमृतश्रेष्ठ03:27 – 05:00
  • चरसम05:00 – 06:33

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र06:33–07:31
शनि07:31–08:29
गुरु08:29–09:27
मंगल09:27–10:25
सूर्य10:25–11:23
शुक्र11:23–12:21
बुध12:21–13:19
चन्द्र13:19–14:17
शनि14:17–15:15
गुरु15:15–16:13
मंगल16:13–17:11
सूर्य17:11–18:09
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:09–19:11
बुध19:11–20:13
चन्द्र20:13–21:15
शनि21:15–22:17
गुरु22:17–23:19
मंगल23:19–00:21
सूर्य00:21–01:23
शुक्र01:23–02:25
बुध02:25–03:27
चन्द्र03:27–04:29
शनि04:29–05:31
गुरु05:31–06:33

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • शतभिषा 1 पद08:22 तक
  • शतभिषा 2 पद13:51 तक
  • शतभिषा 3 पद19:17 तक
  • शतभिषा 4 पद00:42, 15 अक्टू॰ तक
  • पूर्वभाद्रपद 1 पद06:06, 15 अक्टू॰ तक
  • पूर्वभाद्रपद 2 पद11:28, 15 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
चित्रा 2 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
शरद
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
11h 36m
रात्रिमान
12h 24m
मध्याह्न
12:21

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
कुम्भ · अगले सूर्योदय तक
मेषवृषभसिंहकन्याधनुकुम्भ
कर्क राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
शतभिषा · 00:42, 15 अक्टू॰ तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
पूर्वभाद्रपद · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
पश्चिम
अग्निवास
पाताल · 06:41 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 03:42, 15 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
क्रीड़ा में · 06:41 तककैलाश पर · 03:42, 15 अक्टू॰ तकनंदी पर
होमाहुति
शनि

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त06:33 –06:41
  • रोग पंचक06:41 –06:49
  • शुभ मुहूर्त06:49 –09:05
  • मृत्यु पंचक09:05 –11:22
  • अग्नि पंचक11:22 –13:27
  • शुभ मुहूर्त13:27 –15:12
  • राज पंचक15:12 –16:44
  • शुभ मुहूर्त16:44 –19:52
  • राज पंचक19:52 –21:49
  • शुभ मुहूर्त21:49 –00:03, 15 अक्टू॰
  • चोर पंचक00:03 –00:42, 15 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त00:42 –02:20, 15 अक्टू॰
  • रोग पंचक02:20 –03:42, 15 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त03:42 –04:33, 15 अक्टू॰
  • मृत्यु पंचक04:33 –06:33, 15 अक्टू॰

उदय लग्न

  • कन्या04:37 –06:49
  • तुला06:49 –09:05
  • वृश्चिक09:05 –11:22
  • धनु11:22 –13:27
  • मकर13:27 –15:12
  • कुम्भ15:12 –16:44
  • मीन16:44 –18:13
  • मेष18:13 –19:52
  • वृषभ19:52 –21:49
  • मिथुन21:49 –00:03, 15 अक्टू॰
  • कर्क00:03 –02:20, 15 अक्टू॰
  • सिंह02:20 –04:33, 15 अक्टू॰
  • कन्या04:33 –06:45, 15 अक्टू॰

पंचांग · उदयपुर, 14 अक्टूबर 2024

सोमवार, 14 अक्टूबर 2024 को उदयपुर में सूर्योदय 06:33 और सूर्यास्त 18:09 पर है। तिथि शुक्ल एकादशी 06:41 तक, फिर शुक्ल द्वादशी; नक्षत्र शतभिषा 15 अक्टूबर 00:42 तक, फिर पूर्वभाद्रपद; योग गण्ड 18:01 तक, फिर वृद्धि; करण विष्टि 06:41 तक, फिर बव। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 08:00–09:27, अभिजित मुहूर्त 11:58–12:44। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2081, शक संवत 1946।

इस दिन के बारे में प्रश्न

उदयपुर में 14 अक्टूबर 2024 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल एकादशी 06:41 तक, फिर शुक्ल द्वादशी (सूर्योदय 06:33, उदयपुर)।

14 अक्टूबर 2024 को कौन सा नक्षत्र है?

शतभिषा 15 अक्टूबर 00:42 तक, फिर पूर्वभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 15 अक्टूबर 16:49 तक।

उदयपुर में 14 अक्टूबर 2024 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 08:00–09:27, यमगण्ड 10:54–12:21, गुलिक काल 13:48–15:15।

उदयपुर में 14 अक्टूबर 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:33, सूर्यास्त 18:09, चंद्रोदय 16:07 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

14 अक्टूबर 2024 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:58–12:44, ब्रह्म मुहूर्त 04:54–05:43। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

उदयपुर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2024आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2024मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2033° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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