पंचांग · शनिवार, 17 अगस्त 2030तिरुपति
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण चतुर्थी12:52 तक
- कृष्ण पंचमी13:46, 18 अग॰ तक
- उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि10:01 तक
- रेवतीस्वामी बुध11:30, 18 अग॰ तक
- धृति09:55 तक
- शूल09:34, 18 अग॰ तक
- बालव12:52 तक
- कौलव01:13, 18 अग॰ तक
- तैतिल13:46, 18 अग॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:00बिंब मध्य 06:03
- सूर्यास्त
- 18:33बिंब मध्य 18:29
- चंद्रोदय
- 21:13
- चंद्रास्त
- 09:09
- दिनमान
- 12h 33m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- मीन11:30, 18 अग॰ तक
- सूर्य राशि
- कर्क
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- श्रावण
- पूर्णिमांत मास
- भाद्रपद
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:28 –05:14
- प्रातः संध्या04:51 –06:00
- अभिजित मुहूर्त11:51 –12:41
- विजय मुहूर्त14:22 –15:12
- गोधूलि मुहूर्त18:33 –18:56
- सायाह्न संध्या18:33 –19:42
- निशीथ मुहूर्त23:54 –00:39, 18 अग॰
- अमृत काल05:04 –06:43
- राहु काल09:08 –10:42
- यमगंड13:51 –15:25
- गुलिक काल06:00 –07:34
- दुर्मुहूर्त06:00 –06:50
- दुर्मुहूर्त06:50 –07:40
- वर्ज्य22:46 –00:28, 18 अग॰
- गंड मूल10:01 –06:00, 18 अग॰
चौघड़िया
- कालहानि06:00 – 07:34
- शुभशुभ07:34 – 09:08
- रोगअनिष्ट09:08 – 10:42
- उद्वेगअशुभ10:42 – 12:16
- चरसम12:16 – 13:51
- लाभलाभ13:51 – 15:25
- अमृतश्रेष्ठ15:25 – 16:59
- कालहानि16:59 – 18:33
- लाभलाभ18:33 – 19:59
- उद्वेगअशुभ19:59 – 21:25
- शुभशुभ21:25 – 22:51
- अमृतश्रेष्ठ22:51 – 00:16
- चरसम00:16 – 01:42
- रोगअनिष्ट01:42 – 03:08
- कालहानि03:08 – 04:34
- लाभलाभ04:34 – 06:00
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 06:00–07:02 |
| गुरु | 07:02–08:05 |
| मंगल | 08:05–09:08 |
| सूर्य | 09:08–10:11 |
| शुक्र | 10:11–11:14 |
| बुध | 11:14–12:16 |
| चन्द्र | 12:16–13:19 |
| शनि | 13:19–14:22 |
| गुरु | 14:22–15:25 |
| मंगल | 15:25–16:27 |
| सूर्य | 16:27–17:30 |
| शुक्र | 17:30–18:33 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 18:33–19:30 |
| चन्द्र | 19:30–20:28 |
| शनि | 20:28–21:25 |
| गुरु | 21:25–22:22 |
| मंगल | 22:22–23:19 |
| सूर्य | 23:19–00:16 |
| शुक्र | 00:16–01:14 |
| बुध | 01:14–02:11 |
| चन्द्र | 02:11–03:08 |
| शनि | 03:08–04:05 |
| गुरु | 04:05–05:03 |
| मंगल | 05:03–06:00 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- उत्तरभाद्रपद 4 पद10:01 तक
- रेवती 1 पद16:19 तक
- रेवती 2 पद22:40 तक
- रेवती 3 पद05:04, 18 अग॰ तक
- रेवती 4 पद11:30, 18 अग॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- अश्लेषा 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- वर्षा
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 12h 33m
- रात्रिमान
- 11h 27m
- मध्याह्न
- 12:16
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:52 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- कैलाश पर · 12:52 तकनंदी पर
- होमाहुति
- मंगल
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक06:00 –06:03
- शुभ मुहूर्त06:03 –08:07
- राज पंचक08:07 –10:01
- शुभ मुहूर्त10:01 –10:09
- चोर पंचक10:09 –12:16
- शुभ मुहूर्त12:16 –12:52
- रोग पंचक12:52 –14:28
- शुभ मुहूर्त14:28 –16:35
- मृत्यु पंचक16:35 –18:28
- अग्नि पंचक18:28 –20:09
- शुभ मुहूर्त20:09 –21:48
- मृत्यु पंचक21:48 –23:36
- अग्नि पंचक23:36 –01:38, 18 अग॰
- शुभ मुहूर्त01:38 –03:50, 18 अग॰
- राज पंचक03:50 –05:59, 18 अग॰
- शुभ मुहूर्त05:59 –06:00, 18 अग॰
उदय लग्न
- कर्क03:54 –06:03
- सिंह06:03 –08:07
- कन्या08:07 –10:09
- तुला10:09 –12:16
- वृश्चिक12:16 –14:28
- धनु14:28 –16:35
- मकर16:35 –18:28
- कुम्भ18:28 –20:09
- मीन20:09 –21:48
- मेष21:48 –23:36
- वृषभ23:36 –01:38, 18 अग॰
- मिथुन01:38 –03:50, 18 अग॰
- कर्क03:50 –05:59, 18 अग॰
- सिंह05:59 –08:03, 18 अग॰
पंचांग · तिरुपति, 17 अगस्त 2030
शनिवार, 17 अगस्त 2030 को तिरुपति में सूर्योदय 06:00 और सूर्यास्त 18:33 पर है। तिथि कृष्ण चतुर्थी 12:52 तक, फिर कृष्ण पंचमी; नक्षत्र उत्तरभाद्रपद 10:01 तक, फिर रेवती; योग धृति 09:55 तक, फिर शूल; करण बालव 12:52 तक, फिर कौलव। चंद्रमा मीन राशि में, सूर्य कर्क राशि में। राहुकाल 09:08–10:42, अभिजित मुहूर्त 11:51–12:41। मास भाद्रपद (पूर्णिमांत) / श्रावण (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
तिरुपति में 17 अगस्त 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण चतुर्थी 12:52 तक, फिर कृष्ण पंचमी (सूर्योदय 06:00, तिरुपति)।
17 अगस्त 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
उत्तरभाद्रपद 10:01 तक, फिर रेवती। चंद्रमा मीन राशि में 18 अगस्त 11:30 तक।
तिरुपति में 17 अगस्त 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 09:08–10:42, यमगण्ड 13:51–15:25, गुलिक काल 06:00–07:34।
तिरुपति में 17 अगस्त 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:00, सूर्यास्त 18:33, चंद्रोदय 21:13 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
17 अगस्त 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:51–12:41, ब्रह्म मुहूर्त 04:28–05:14। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
तिरुपति हिन्दू कैलेंडर अगस्त 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2849° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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