पंचांग · मंगलवार, 4 जून 2030तिरुपति
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल तृतीया18:36 तक
- शुक्ल चतुर्थी20:10, 5 जून तक
- आर्द्रास्वामी राहु07:18 तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु09:39, 5 जून तक
- गण्ड14:50 तक
- वृद्धि15:10, 5 जून तक
- गर18:36 तक
- वणिज07:27, 5 जून तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:44बिंब मध्य 05:47
- सूर्यास्त
- 18:37बिंब मध्य 18:33
- चंद्रोदय
- 08:04
- चंद्रास्त
- 21:08
- दिनमान
- 12h 53m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- मिथुन03:06, 5 जून तक
- सूर्य राशि
- वृषभ
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- ज्येष्ठ
- पूर्णिमांत मास
- ज्येष्ठ
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- ग्रीष्म
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:15 –04:59
- प्रातः संध्या04:37 –05:44
- अभिजित मुहूर्त11:45 –12:36
- विजय मुहूर्त14:20 –15:11
- गोधूलि मुहूर्त18:37 –19:00
- सायाह्न संध्या18:37 –19:44
- निशीथ मुहूर्त23:49 –00:33, 5 जून
- राहु काल15:24 –17:01
- यमगंड08:57 –10:34
- गुलिक काल12:11 –13:47
- दुर्मुहूर्त08:19 –09:10
- दुर्मुहूर्त23:04 –23:49
- वर्ज्य20:29 –22:14
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट05:44 – 07:21
- उद्वेगअशुभ07:21 – 08:57
- चरसम08:57 – 10:34
- लाभलाभ10:34 – 12:11
- अमृतश्रेष्ठ12:11 – 13:47
- कालहानि13:47 – 15:24
- शुभशुभ15:24 – 17:01
- रोगअनिष्ट17:01 – 18:37
- कालहानि18:37 – 20:01
- लाभलाभ20:01 – 21:24
- उद्वेगअशुभ21:24 – 22:47
- शुभशुभ22:47 – 00:11
- अमृतश्रेष्ठ00:11 – 01:34
- चरसम01:34 – 02:57
- रोगअनिष्ट02:57 – 04:21
- कालहानि04:21 – 05:44
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 05:44–06:48 |
| सूर्य | 06:48–07:53 |
| शुक्र | 07:53–08:57 |
| बुध | 08:57–10:02 |
| चन्द्र | 10:02–11:06 |
| शनि | 11:06–12:11 |
| गुरु | 12:11–13:15 |
| मंगल | 13:15–14:20 |
| सूर्य | 14:20–15:24 |
| शुक्र | 15:24–16:29 |
| बुध | 16:29–17:33 |
| चन्द्र | 17:33–18:37 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 18:37–19:33 |
| गुरु | 19:33–20:29 |
| मंगल | 20:29–21:24 |
| सूर्य | 21:24–22:20 |
| शुक्र | 22:20–23:15 |
| बुध | 23:15–00:11 |
| चन्द्र | 00:11–01:06 |
| शनि | 01:06–02:02 |
| गुरु | 02:02–02:57 |
| मंगल | 02:57–03:53 |
| सूर्य | 03:53–04:48 |
| शुक्र | 04:48–05:44 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- आर्द्रा 4 पद07:18 तक
- पुनर्वसु 1 पद13:56 तक
- पुनर्वसु 2 पद20:32 तक
- पुनर्वसु 3 पद03:06, 5 जून तक
- पुनर्वसु 4 पद09:39, 5 जून तक
- सूर्य नक्षत्र
- रोहिणी 3 पद
- ऋतु (दृक्)
- ग्रीष्म
- ऋतु (वैदिक)
- ग्रीष्म
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 53m
- रात्रिमान
- 11h 7m
- मध्याह्न
- 12:11
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- पश्चिम · 03:06, 5 जून तकउत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 18:36 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- सभा में · 18:36 तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- सूर्य
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:44 –06:33
- चोर पंचक06:33 –07:18
- शुभ मुहूर्त07:18 –08:44
- रोग पंचक08:44 –10:54
- शुभ मुहूर्त10:54 –12:57
- मृत्यु पंचक12:57 –15:00
- अग्नि पंचक15:00 –17:07
- शुभ मुहूर्त17:07 –18:36
- राज पंचक18:36 –19:19
- शुभ मुहूर्त19:19 –21:26
- चोर पंचक21:26 –23:19
- शुभ मुहूर्त23:19 –01:00, 5 जून
- रोग पंचक01:00 –02:39, 5 जून
- चोर पंचक02:39 –04:27, 5 जून
- शुभ मुहूर्त04:27 –05:44, 5 जून
उदय लग्न
- वृषभ04:31 –06:33
- मिथुन06:33 –08:44
- कर्क08:44 –10:54
- सिंह10:54 –12:57
- कन्या12:57 –15:00
- तुला15:00 –17:07
- वृश्चिक17:07 –19:19
- धनु19:19 –21:26
- मकर21:26 –23:19
- कुम्भ23:19 –01:00, 5 जून
- मीन01:00 –02:39, 5 जून
- मेष02:39 –04:27, 5 जून
- वृषभ04:27 –06:29, 5 जून
पंचांग · तिरुपति, 4 जून 2030
मंगलवार, 4 जून 2030 को तिरुपति में सूर्योदय 05:44 और सूर्यास्त 18:37 पर है। तिथि शुक्ल तृतीया 18:36 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी; नक्षत्र आर्द्रा 07:18 तक, फिर पुनर्वसु; योग गण्ड 14:50 तक, फिर वृद्धि; करण गर 18:36 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य वृषभ राशि में। राहुकाल 15:24–17:01, अभिजित मुहूर्त 11:45–12:36। मास ज्येष्ठ (पूर्णिमांत) / ज्येष्ठ (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
तिरुपति में 4 जून 2030 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल तृतीया 18:36 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी (सूर्योदय 05:44, तिरुपति)।
4 जून 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
आर्द्रा 07:18 तक, फिर पुनर्वसु। चंद्रमा मिथुन राशि में 5 जून 03:06 तक।
तिरुपति में 4 जून 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 15:24–17:01, यमगण्ड 08:57–10:34, गुलिक काल 12:11–13:47।
तिरुपति में 4 जून 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:44, सूर्यास्त 18:37, चंद्रोदय 08:04 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 जून 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:45–12:36, ब्रह्म मुहूर्त 04:15–04:59। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
तिरुपति हिन्दू कैलेंडर जून 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2821° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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