पंचांग · शुक्रवार, 4 अगस्त 2023श्रीनगर

श्रावण (अधिक मास) · कृष्ण तृतीया · विक्रम संवत 2080संकष्टी चतुर्थी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:44सूर्योदय19:30सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण तृतीया
कृष्ण · 12:45 तक
नक्षत्र
शतभिषा
07:08 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:4419:30
शुक्रवार · शुक्र
राहु काल
10:54 –12:37
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:44दिन19:30
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
भद्रा
वर्ज्य
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
08:0010:0012:0014:0016:0018:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
19:30रात05:45
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
20:0022:0000:0002:0004:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण तृतीया
    12:45 तक
  2. कृष्ण चतुर्थी
    09:40, 5 अग॰ तक
नक्षत्र
  1. शतभिषास्वामी राहु
    07:08 तक
  2. पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु
    04:44, 5 अग॰ तक
  3. उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि
    02:54, 6 अग॰ तक
योग
  1. शोभन
    06:13 तक
  2. अतिगण्ड
    02:29, 5 अग॰ तक
  3. सुकर्मा
    23:12, 5 अग॰ तक
करण
  1. विष्टि
    12:45 तक
  2. बव
    23:09 तक
  3. बालव
    09:40, 5 अग॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:44
बिंब मध्य 05:48
सूर्यास्त
19:30
बिंब मध्य 19:25
चंद्रोदय
21:33
चंद्रास्त
08:25
दिनमान
13h 46m
वार
शुक्रवार · शुक्र
चंद्र राशि
कुम्भ
23:17 तक
सूर्य राशि
कर्क

चांद्र पंचांग

अमांत मास
श्रावण (अधिक मास)
पूर्णिमांत मास
भाद्रपद
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
वर्षा
विक्रम संवत
2080
शक संवत
1945

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:22 –05:03
  • प्रातः संध्या04:43 –05:44
  • अभिजित मुहूर्त12:09 –13:04
  • विजय मुहूर्त14:54 –15:49
  • गोधूलि मुहूर्त19:30 –19:50
  • सायाह्न संध्या19:30 –20:31
  • निशीथ मुहूर्त00:17 –00:58, 5 अग॰
  • अमृत काल21:32 –22:58
इन समयों से बचें
  • राहु काल10:54 –12:37
  • यमगंड16:03 –17:46
  • गुलिक काल07:27 –09:10
  • दुर्मुहूर्त08:29 –09:24
  • दुर्मुहूर्त13:04 –13:59
  • वर्ज्य12:53 –14:20
  • भद्रा05:44 –12:45

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • चरसम05:44 – 07:27
  • लाभलाभ07:27 – 09:10
  • अमृतश्रेष्ठ09:10 – 10:54
  • कालहानि10:54 – 12:37
  • शुभशुभ12:37 – 14:20
  • रोगअनिष्ट14:20 – 16:03
  • उद्वेगअशुभ16:03 – 17:46
  • चरसम17:46 – 19:30
रात
  • रोगअनिष्ट19:30 – 20:47
  • कालहानि20:47 – 22:03
  • लाभलाभ22:03 – 23:20
  • उद्वेगअशुभ23:20 – 00:37
  • शुभशुभ00:37 – 01:54
  • अमृतश्रेष्ठ01:54 – 03:11
  • चरसम03:11 – 04:28
  • रोगअनिष्ट04:28 – 05:45

होरा

दिन
ग्रहसमय
शुक्र05:44–06:53
बुध06:53–08:01
चन्द्र08:01–09:10
शनि09:10–10:19
गुरु10:19–11:28
मंगल11:28–12:37
सूर्य12:37–13:46
शुक्र13:46–14:54
बुध14:54–16:03
चन्द्र16:03–17:12
शनि17:12–18:21
गुरु18:21–19:30
रात
ग्रहसमय
मंगल19:30–20:21
सूर्य20:21–21:12
शुक्र21:12–22:03
बुध22:03–22:55
चन्द्र22:55–23:46
शनि23:46–00:37
गुरु00:37–01:28
मंगल01:28–02:20
सूर्य02:20–03:11
शुक्र03:11–04:02
बुध04:02–04:53
चन्द्र04:53–05:45

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • शतभिषा 4 पद07:08 तक
  • पूर्वभाद्रपद 1 पद12:29 तक
  • पूर्वभाद्रपद 2 पद17:52 तक
  • पूर्वभाद्रपद 3 पद23:17 तक
  • पूर्वभाद्रपद 4 पद04:44, 5 अग॰ तक
  • उत्तरभाद्रपद 1 पद10:13, 5 अग॰ तक
सूर्य नक्षत्र
अश्लेषा 1 पद
ऋतु (दृक्)
वर्षा
ऋतु (वैदिक)
वर्षा
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
13h 46m
रात्रिमान
10h 15m
मध्याह्न
12:37

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
कुम्भ · 23:17 तक
मेषवृषभसिंहकन्याधनुकुम्भ
कर्क राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
मीन · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यातुलामकरमीन
सिंह राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
शतभिषा · 07:08 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
पूर्वभाद्रपद · 04:44, 5 अग॰ तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
उत्तरभाद्रपद · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
चंद्र वास
पश्चिम · 23:17 तकउत्तर
अग्निवास
आकाश · 12:45 तकपाताल
शिववास
क्रीड़ा में · 12:45 तककैलाश पर
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त05:44 –06:50
  • रोग पंचक06:50 –07:08
  • शुभ मुहूर्त07:08 –09:13
  • मृत्यु पंचक09:13 –11:35
  • अग्नि पंचक11:35 –12:45
  • शुभ मुहूर्त12:45 –14:00
  • राज पंचक14:00 –16:22
  • शुभ मुहूर्त16:22 –18:24
  • चोर पंचक18:24 –20:02
  • शुभ मुहूर्त20:02 –21:23
  • रोग पंचक21:23 –22:42
  • चोर पंचक22:42 –00:12, 5 अग॰
  • शुभ मुहूर्त00:12 –02:05, 5 अग॰
  • रोग पंचक02:05 –04:21, 5 अग॰
  • शुभ मुहूर्त04:21 –04:44, 5 अग॰
  • मृत्यु पंचक04:44 –05:45, 5 अग॰

उदय लग्न

  • कर्क04:25 –06:50
  • सिंह06:50 –09:13
  • कन्या09:13 –11:35
  • तुला11:35 –14:00
  • वृश्चिक14:00 –16:22
  • धनु16:22 –18:24
  • मकर18:24 –20:02
  • कुम्भ20:02 –21:23
  • मीन21:23 –22:42
  • मेष22:42 –00:12, 5 अग॰
  • वृषभ00:12 –02:05, 5 अग॰
  • मिथुन02:05 –04:21, 5 अग॰
  • कर्क04:21 –06:46, 5 अग॰

पंचांग · श्रीनगर, 4 अगस्त 2023

शुक्रवार, 4 अगस्त 2023 को श्रीनगर में सूर्योदय 05:44 और सूर्यास्त 19:30 पर है। तिथि कृष्ण तृतीया 12:45 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी; नक्षत्र शतभिषा 07:08 तक, फिर पूर्वभाद्रपद; योग शोभन 06:13 तक, फिर अतिगण्ड; करण विष्टि 12:45 तक, फिर बव। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य कर्क राशि में। राहुकाल 10:54–12:37, अभिजित मुहूर्त 12:09–13:04। मास भाद्रपद (पूर्णिमांत) / श्रावण (अमांत), विक्रम संवत 2080, शक संवत 1945।

इस दिन के बारे में प्रश्न

श्रीनगर में 4 अगस्त 2023 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण तृतीया 12:45 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी (सूर्योदय 05:44, श्रीनगर)।

4 अगस्त 2023 को कौन सा नक्षत्र है?

शतभिषा 07:08 तक, फिर पूर्वभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 23:17 तक।

श्रीनगर में 4 अगस्त 2023 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 10:54–12:37, यमगण्ड 16:03–17:46, गुलिक काल 07:27–09:10।

श्रीनगर में 4 अगस्त 2023 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:44, सूर्यास्त 19:30, चंद्रोदय 21:33 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

4 अगस्त 2023 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:09–13:04, ब्रह्म मुहूर्त 04:22–05:03। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

4 अगस्त 2023 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

संकष्टी चतुर्थी।

श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अगस्त 2023आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2023मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1866° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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