पंचांग · शुक्रवार, 4 अप्रैल 2025राँची
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल सप्तमी20:13 तक
- शुक्ल अष्टमी19:26, 5 अप्रैल तक
- मृगशिरास्वामी मंगल05:51 तक
- आर्द्रास्वामी राहु05:20, 5 अप्रैल तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु05:32, 6 अप्रैल तक
- शोभन21:45 तक
- अतिगण्ड20:03, 5 अप्रैल तक
- गर08:52 तक
- वणिज20:13 तक
- विष्टि07:44, 5 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:38बिंब मध्य 05:41
- सूर्यास्त
- 18:06बिंब मध्य 18:01
- चंद्रोदय
- 10:19
- चंद्रास्त
- —
- दिनमान
- 12h 28m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- मिथुन23:25, 5 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- चैत्र
- पूर्णिमांत मास
- चैत्र
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2082
- शक संवत
- 1947
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:06 –04:52
- प्रातः संध्या04:29 –05:38
- अभिजित मुहूर्त11:27 –12:17
- विजय मुहूर्त13:56 –14:46
- गोधूलि मुहूर्त18:06 –18:29
- सायाह्न संध्या18:06 –19:15
- निशीथ मुहूर्त23:28 –00:14, 5 अप्रैल
- अमृत काल19:33 –21:07
- राहु काल10:18 –11:52
- यमगंड14:59 –16:32
- गुलिक काल07:12 –08:45
- दुर्मुहूर्त08:08 –08:58
- दुर्मुहूर्त12:17 –13:07
- वर्ज्य14:04 –15:38
- भद्रा20:13 –05:37, 5 अप्रैल
चौघड़िया
- चरसम05:38 – 07:12
- लाभलाभ07:12 – 08:45
- अमृतश्रेष्ठ08:45 – 10:18
- कालहानि10:18 – 11:52
- शुभशुभ11:52 – 13:25
- रोगअनिष्ट13:25 – 14:59
- उद्वेगअशुभ14:59 – 16:32
- चरसम16:32 – 18:06
- रोगअनिष्ट18:06 – 19:32
- कालहानि19:32 – 20:58
- लाभलाभ20:58 – 22:25
- उद्वेगअशुभ22:25 – 23:51
- शुभशुभ23:51 – 01:18
- अमृतश्रेष्ठ01:18 – 02:44
- चरसम02:44 – 04:11
- रोगअनिष्ट04:11 – 05:37
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 05:38–06:41 |
| बुध | 06:41–07:43 |
| चन्द्र | 07:43–08:45 |
| शनि | 08:45–09:47 |
| गुरु | 09:47–10:50 |
| मंगल | 10:50–11:52 |
| सूर्य | 11:52–12:54 |
| शुक्र | 12:54–13:56 |
| बुध | 13:56–14:59 |
| चन्द्र | 14:59–16:01 |
| शनि | 16:01–17:03 |
| गुरु | 17:03–18:06 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 18:06–19:03 |
| सूर्य | 19:03–20:01 |
| शुक्र | 20:01–20:58 |
| बुध | 20:58–21:56 |
| चन्द्र | 21:56–22:54 |
| शनि | 22:54–23:51 |
| गुरु | 23:51–00:49 |
| मंगल | 00:49–01:47 |
| सूर्य | 01:47–02:44 |
| शुक्र | 02:44–03:42 |
| बुध | 03:42–04:40 |
| चन्द्र | 04:40–05:37 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- मृगशिरा 4 पद05:51 तक
- आर्द्रा 1 पद11:39 तक
- आर्द्रा 2 पद17:30 तक
- आर्द्रा 3 पद23:24 तक
- आर्द्रा 4 पद05:20, 5 अप्रैल तक
- पुनर्वसु 1 पद11:19, 5 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- रेवती 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 28m
- रात्रिमान
- 11h 31m
- मध्याह्न
- 11:52
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पाताल · 20:13 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- भोजन में · 20:13 तकश्मशान में
- होमाहुति
- बुध
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:38 –05:51
- राज पंचक05:51 –06:11
- अग्नि पंचक06:11 –07:51
- शुभ मुहूर्त07:51 –09:49
- राज पंचक09:49 –12:03
- शुभ मुहूर्त12:03 –14:19
- चोर पंचक14:19 –16:31
- शुभ मुहूर्त16:31 –18:42
- रोग पंचक18:42 –20:13
- शुभ मुहूर्त20:13 –20:57
- मृत्यु पंचक20:57 –23:13
- अग्नि पंचक23:13 –01:18, 5 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त01:18 –03:04, 5 अप्रैल
- राज पंचक03:04 –04:37, 5 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त04:37 –05:20, 5 अप्रैल
- चोर पंचक05:20 –05:37, 5 अप्रैल
उदय लग्न
- मीन04:41 –06:11
- मेष06:11 –07:51
- वृषभ07:51 –09:49
- मिथुन09:49 –12:03
- कर्क12:03 –14:19
- सिंह14:19 –16:31
- कन्या16:31 –18:42
- तुला18:42 –20:57
- वृश्चिक20:57 –23:13
- धनु23:13 –01:18, 5 अप्रैल
- मकर01:18 –03:04, 5 अप्रैल
- कुम्भ03:04 –04:37, 5 अप्रैल
- मीन04:37 –06:07, 5 अप्रैल
पंचांग · राँची, 4 अप्रैल 2025
शुक्रवार, 4 अप्रैल 2025 को राँची में सूर्योदय 05:38 और सूर्यास्त 18:06 पर है। तिथि शुक्ल सप्तमी 20:13 तक, फिर शुक्ल अष्टमी; नक्षत्र मृगशिरा 05:51 तक, फिर आर्द्रा; योग शोभन 21:45 तक, फिर अतिगण्ड; करण गर 08:52 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 10:18–11:52, अभिजित मुहूर्त 11:27–12:17। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2082, शक संवत 1947।
इस दिन के बारे में प्रश्न
राँची में 4 अप्रैल 2025 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल सप्तमी 20:13 तक, फिर शुक्ल अष्टमी (सूर्योदय 05:38, राँची)।
4 अप्रैल 2025 को कौन सा नक्षत्र है?
मृगशिरा 05:51 तक, फिर आर्द्रा। चंद्रमा मिथुन राशि में 5 अप्रैल 23:25 तक।
राँची में 4 अप्रैल 2025 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:18–11:52, यमगण्ड 14:59–16:32, गुलिक काल 07:12–08:45।
राँची में 4 अप्रैल 2025 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:38, सूर्यास्त 18:06, चंद्रोदय 10:19 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 अप्रैल 2025 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:27–12:17, ब्रह्म मुहूर्त 04:06–04:52। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
राँची हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2025आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2025मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2099° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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