पंचांग · बुधवार, 3 अप्रैल 2030पटना

चैत्र · शुक्ल प्रतिपदा · विक्रम संवत 2087चैत्र नवरात्रि (घटस्थापना)गुड़ी पड़वा · उगादि · हिन्दू नव वर्ष

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:39सूर्योदय18:07सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा
शुक्ल · 05:18, 4 अप्रैल तक
नक्षत्र
रेवती
01:22, 4 अप्रैल तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:3918:07
बुधवार · बुध
राहु काल
11:53 –13:26
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:39दिन18:07
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
गंड मूल
यमगंड
गुलिक काल
वर्ज्य
दुर्मुहूर्त
राहु काल
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:07रात05:38
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
निशीथ मुहूर्त
गंड मूल
गंड मूल
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल प्रतिपदा
    05:18, 4 अप्रैल तक
  2. शुक्ल द्वितीया
    07:27, 5 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. रेवतीस्वामी बुध
    01:22, 4 अप्रैल तक
  2. अश्विनीस्वामी केतु
    03:59, 5 अप्रैल तक
योग
  1. इन्द्र
    19:35 तक
  2. वैधृति
    20:06, 4 अप्रैल तक
करण
  1. किंस्तुघ्न
    16:22 तक
  2. बव
    05:18, 4 अप्रैल तक
  3. बालव
    18:20, 4 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:39
बिंब मध्य 05:42
सूर्यास्त
18:07
बिंब मध्य 18:03
चंद्रोदय
05:30
चंद्रास्त
18:35
दिनमान
12h 28m
वार
बुधवार · बुध
चंद्र राशि
मीन
01:22, 4 अप्रैल तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2087
शक संवत
1952

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:07 –04:53
  • प्रातः संध्या04:30 –05:39
  • अभिजित मुहूर्त11:28 –12:18
  • विजय मुहूर्त13:58 –14:47
  • गोधूलि मुहूर्त18:07 –18:30
  • सायाह्न संध्या18:07 –19:16
  • निशीथ मुहूर्त23:29 –00:15, 4 अप्रैल
  • अमृत काल22:44 –00:29, 4 अप्रैल
इन समयों से बचें
  • राहु काल11:53 –13:26
  • यमगंड07:13 –08:46
  • गुलिक काल10:19 –11:53
  • दुर्मुहूर्त11:28 –12:18
  • वर्ज्य12:14 –13:59
  • गंड मूल05:39 –01:22, 4 अप्रैल
  • गंड मूल01:22 –05:38, 4 अप्रैल

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • लाभलाभ05:39 – 07:13
  • अमृतश्रेष्ठ07:13 – 08:46
  • कालहानि08:46 – 10:19
  • शुभशुभ10:19 – 11:53
  • रोगअनिष्ट11:53 – 13:26
  • उद्वेगअशुभ13:26 – 15:00
  • चरसम15:00 – 16:33
  • लाभलाभ16:33 – 18:07
रात
  • उद्वेगअशुभ18:07 – 19:33
  • शुभशुभ19:33 – 21:00
  • अमृतश्रेष्ठ21:00 – 22:26
  • चरसम22:26 – 23:52
  • रोगअनिष्ट23:52 – 01:19
  • कालहानि01:19 – 02:45
  • लाभलाभ02:45 – 04:12
  • उद्वेगअशुभ04:12 – 05:38

होरा

दिन
ग्रहसमय
बुध05:39–06:41
चन्द्र06:41–07:44
शनि07:44–08:46
गुरु08:46–09:48
मंगल09:48–10:51
सूर्य10:51–11:53
शुक्र11:53–12:55
बुध12:55–13:58
चन्द्र13:58–15:00
शनि15:00–16:02
गुरु16:02–17:05
मंगल17:05–18:07
रात
ग्रहसमय
सूर्य18:07–19:04
शुक्र19:04–20:02
बुध20:02–21:00
चन्द्र21:00–21:57
शनि21:57–22:55
गुरु22:55–23:52
मंगल23:52–00:50
सूर्य00:50–01:48
शुक्र01:48–02:45
बुध02:45–03:43
चन्द्र03:43–04:40
शनि04:40–05:38

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • रेवती 2 पद12:11 तक
  • रेवती 3 पद18:46 तक
  • रेवती 4 पद01:22, 4 अप्रैल तक
  • अश्विनी 1 पद07:59, 4 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 28m
रात्रिमान
11h 31m
मध्याह्न
11:53

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मीन · 01:22, 4 अप्रैल तक
वृषभमिथुनकन्यातुलामकरमीन
सिंह राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
मेष · अगले सूर्योदय तक
मेषमिथुनकर्कतुलावृश्चिककुम्भ
कन्या राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
रेवती · 01:22, 4 अप्रैल तक
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
अश्विनी · अगले सूर्योदय तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
चंद्र वास
उत्तर · 01:22, 4 अप्रैल तकपूर्व
अग्निवास
पाताल · 05:18, 4 अप्रैल तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
श्मशान में · 05:18, 4 अप्रैल तकगौरी के साथ
होमाहुति
सूर्य

पंचक रहित मुहूर्त

  • रोग पंचक05:39 –06:15
  • चोर पंचक06:15 –07:53
  • शुभ मुहूर्त07:53 –09:50
  • रोग पंचक09:50 –12:04
  • शुभ मुहूर्त12:04 –14:22
  • मृत्यु पंचक14:22 –16:36
  • अग्नि पंचक16:36 –18:49
  • शुभ मुहूर्त18:49 –21:06
  • राज पंचक21:06 –23:23
  • शुभ मुहूर्त23:23 –01:22, 4 अप्रैल
  • चोर पंचक01:22 –01:28, 4 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त01:28 –03:13, 4 अप्रैल
  • रोग पंचक03:13 –04:43, 4 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त04:43 –05:18, 4 अप्रैल
  • मृत्यु पंचक05:18 –05:38, 4 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन04:47 –06:15
  • मेष06:15 –07:53
  • वृषभ07:53 –09:50
  • मिथुन09:50 –12:04
  • कर्क12:04 –14:22
  • सिंह14:22 –16:36
  • कन्या16:36 –18:49
  • तुला18:49 –21:06
  • वृश्चिक21:06 –23:23
  • धनु23:23 –01:28, 4 अप्रैल
  • मकर01:28 –03:13, 4 अप्रैल
  • कुम्भ03:13 –04:43, 4 अप्रैल
  • मीन04:43 –06:11, 4 अप्रैल

पंचांग · पटना, 3 अप्रैल 2030

बुधवार, 3 अप्रैल 2030 को पटना में सूर्योदय 05:39 और सूर्यास्त 18:07 पर है। तिथि शुक्ल प्रतिपदा 4 अप्रैल 05:18 तक, फिर शुक्ल द्वितीया; नक्षत्र रेवती 4 अप्रैल 01:22 तक, फिर अश्विनी; योग इन्द्र 19:35 तक, फिर वैधृति; करण किंस्तुघ्न 16:22 तक, फिर बव। चंद्रमा मीन राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 11:53–13:26, अभिजित मुहूर्त 11:28–12:18। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।

इस दिन के बारे में प्रश्न

पटना में 3 अप्रैल 2030 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल प्रतिपदा 4 अप्रैल 05:18 तक, फिर शुक्ल द्वितीया (सूर्योदय 05:39, पटना)।

3 अप्रैल 2030 को कौन सा नक्षत्र है?

रेवती 4 अप्रैल 01:22 तक, फिर अश्विनी। चंद्रमा मीन राशि में 4 अप्रैल 01:22 तक।

पटना में 3 अप्रैल 2030 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 11:53–13:26, यमगण्ड 07:13–08:46, गुलिक काल 10:19–11:53।

पटना में 3 अप्रैल 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:39, सूर्यास्त 18:07, चंद्रोदय 05:30 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

3 अप्रैल 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:28–12:18, ब्रह्म मुहूर्त 04:07–04:53। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

3 अप्रैल 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

चैत्र नवरात्रि (घटस्थापना), गुड़ी पड़वा · उगादि · हिन्दू नव वर्ष।

पटना हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2797° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP