पंचांग · शनिवार, 12 अक्टूबर 2047नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण अष्टमी22:22 तक
- कृष्ण नवमी22:45, 13 अक्टू॰ तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु03:14, 13 अक्टू॰ तक
- पुष्यस्वामी शनि04:04, 14 अक्टू॰ तक
- शिव00:22, 13 अक्टू॰ तक
- सिद्ध23:32, 13 अक्टू॰ तक
- बालव09:51 तक
- कौलव22:22 तक
- तैतिल10:40, 13 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:20बिंब मध्य 06:23
- सूर्यास्त
- 17:55बिंब मध्य 17:51
- चंद्रोदय
- —
- चंद्रास्त
- 13:14
- दिनमान
- 11h 35m
- वार
- शनिवार · शनि
- चंद्र राशि
- मिथुन20:54 तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2104
- शक संवत
- 1969
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:41 –05:30
- प्रातः संध्या05:06 –06:20
- अभिजित मुहूर्त11:44 –12:31
- विजय मुहूर्त14:03 –14:50
- गोधूलि मुहूर्त17:55 –18:20
- सायाह्न संध्या17:55 –19:10
- निशीथ मुहूर्त23:43 –00:33, 13 अक्टू॰
- अमृत काल00:40 –02:23, 13 अक्टू॰
- राहु काल09:14 –10:41
- यमगंड13:34 –15:01
- गुलिक काल06:20 –07:47
- दुर्मुहूर्त06:20 –07:06
- दुर्मुहूर्त07:06 –07:53
- वर्ज्य14:25 –16:08
चौघड़िया
- कालहानि06:20 – 07:47
- शुभशुभ07:47 – 09:14
- रोगअनिष्ट09:14 – 10:41
- उद्वेगअशुभ10:41 – 12:08
- चरसम12:08 – 13:34
- लाभलाभ13:34 – 15:01
- अमृतश्रेष्ठ15:01 – 16:28
- कालहानि16:28 – 17:55
- लाभलाभ17:55 – 19:28
- उद्वेगअशुभ19:28 – 21:01
- शुभशुभ21:01 – 22:35
- अमृतश्रेष्ठ22:35 – 00:08
- चरसम00:08 – 01:41
- रोगअनिष्ट01:41 – 03:14
- कालहानि03:14 – 04:47
- लाभलाभ04:47 – 06:21
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 06:20–07:18 |
| गुरु | 07:18–08:16 |
| मंगल | 08:16–09:14 |
| सूर्य | 09:14–10:12 |
| शुक्र | 10:12–11:10 |
| बुध | 11:10–12:08 |
| चन्द्र | 12:08–13:05 |
| शनि | 13:05–14:03 |
| गुरु | 14:03–15:01 |
| मंगल | 15:01–15:59 |
| सूर्य | 15:59–16:57 |
| शुक्र | 16:57–17:55 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 17:55–18:57 |
| चन्द्र | 18:57–19:59 |
| शनि | 19:59–21:01 |
| गुरु | 21:01–22:04 |
| मंगल | 22:04–23:06 |
| सूर्य | 23:06–00:08 |
| शुक्र | 00:08–01:10 |
| बुध | 01:10–02:12 |
| चन्द्र | 02:12–03:14 |
| शनि | 03:14–04:16 |
| गुरु | 04:16–05:18 |
| मंगल | 05:18–06:21 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुनर्वसु 1 पद08:05 तक
- पुनर्वसु 2 पद14:31 तक
- पुनर्वसु 3 पद20:54 तक
- पुनर्वसु 4 पद03:14, 13 अक्टू॰ तक
- पुष्य 1 पद09:31, 13 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 35m
- रात्रिमान
- 12h 26m
- मध्याह्न
- 12:08
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पूर्व
- चंद्र वास
- पश्चिम · 20:54 तकउत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 22:22 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- गौरी के साथ · 22:22 तकसभा में
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:20 –06:50
- रोग पंचक06:50 –09:10
- शुभ मुहूर्त09:10 –11:28
- मृत्यु पंचक11:28 –13:32
- अग्नि पंचक13:32 –15:14
- शुभ मुहूर्त15:14 –16:41
- राज पंचक16:41 –18:07
- अग्नि पंचक18:07 –19:42
- शुभ मुहूर्त19:42 –21:38
- राज पंचक21:38 –22:22
- शुभ मुहूर्त22:22 –23:53
- चोर पंचक23:53 –02:13, 13 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त02:13 –03:14, 13 अक्टू॰
- रोग पंचक03:14 –04:30, 13 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:30 –06:21, 13 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:34 –06:50
- तुला06:50 –09:10
- वृश्चिक09:10 –11:28
- धनु11:28 –13:32
- मकर13:32 –15:14
- कुम्भ15:14 –16:41
- मीन16:41 –18:07
- मेष18:07 –19:42
- वृषभ19:42 –21:38
- मिथुन21:38 –23:53
- कर्क23:53 –02:13, 13 अक्टू॰
- सिंह02:13 –04:30, 13 अक्टू॰
- कन्या04:30 –06:46, 13 अक्टू॰
पंचांग · नई दिल्ली, 12 अक्टूबर 2047
शनिवार, 12 अक्टूबर 2047 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:20 और सूर्यास्त 17:55 पर है। तिथि कृष्ण अष्टमी 22:22 तक, फिर कृष्ण नवमी; नक्षत्र पुनर्वसु 13 अक्टूबर 03:14 तक, फिर पुष्य; योग शिव 13 अक्टूबर 00:22 तक, फिर सिद्ध; करण बालव 09:51 तक, फिर कौलव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 09:14–10:41, अभिजित मुहूर्त 11:44–12:31। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2104, शक संवत 1969।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 12 अक्टूबर 2047 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण अष्टमी 22:22 तक, फिर कृष्ण नवमी (सूर्योदय 06:20, नई दिल्ली)।
12 अक्टूबर 2047 को कौन सा नक्षत्र है?
पुनर्वसु 13 अक्टूबर 03:14 तक, फिर पुष्य। चंद्रमा मिथुन राशि में 20:54 तक।
नई दिल्ली में 12 अक्टूबर 2047 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 09:14–10:41, यमगण्ड 13:34–15:01, गुलिक काल 06:20–07:47।
नई दिल्ली में 12 अक्टूबर 2047 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:20, सूर्यास्त 17:55 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
12 अक्टूबर 2047 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:44–12:31, ब्रह्म मुहूर्त 04:41–05:30। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
12 अक्टूबर 2047 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
अहोई अष्टमी।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2047आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2047मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.5246° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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