पंचांग · शनिवार, 6 अप्रैल 2047नई दिल्ली

चैत्र · शुक्ल दशमी · विक्रम संवत 2104कामदा एकादशी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:06सूर्योदय18:42सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल दशमी
शुक्ल · 07:29 तक
नक्षत्र
अश्लेषा
21:47 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:0618:42
शनिवार · शनि
राहु काल
09:15 –10:49
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:06दिन18:42
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
गुलिक काल
राहु काल
वर्ज्य
यमगंड
भद्रा
दुर्मुहूर्त
गंड मूल
दुर्मुहूर्त
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:42रात06:05
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
अमृत काल
गंड मूल
भद्रा
गंड मूल
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल दशमी
    07:29 तक
  2. शुक्ल एकादशी
    05:34, 7 अप्रैल तक
  3. शुक्ल द्वादशी
    02:55, 8 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. अश्लेषास्वामी बुध
    21:47 तक
  2. मघास्वामी केतु
    20:07, 7 अप्रैल तक
योग
  1. धृति
    12:48 तक
  2. शूल
    09:58, 7 अप्रैल तक
करण
  1. गर
    07:29 तक
  2. वणिज
    18:37 तक
  3. विष्टि
    05:34, 7 अप्रैल तक
  4. बव
    16:19, 7 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:06
बिंब मध्य 06:09
सूर्यास्त
18:42
बिंब मध्य 18:37
चंद्रोदय
14:22
चंद्रास्त
02:59
दिनमान
12h 36m
वार
शनिवार · शनि
चंद्र राशि
कर्क
21:47 तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2104
शक संवत
1969

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:35 –05:20
  • प्रातः संध्या04:57 –06:06
  • अभिजित मुहूर्त11:59 –12:49
  • विजय मुहूर्त14:30 –15:20
  • गोधूलि मुहूर्त18:42 –19:05
  • सायाह्न संध्या18:42 –19:50
  • निशीथ मुहूर्त00:01 –00:46, 7 अप्रैल
  • अमृत काल20:15 –21:47
इन समयों से बचें
  • राहु काल09:15 –10:49
  • यमगंड13:58 –15:33
  • गुलिक काल06:06 –07:40
  • दुर्मुहूर्त06:06 –06:56
  • दुर्मुहूर्त06:56 –07:47
  • वर्ज्य11:00 –12:33
  • गंड मूल06:06 –21:47
  • गंड मूल21:47 –06:05, 7 अप्रैल
  • भद्रा18:37 –05:34, 7 अप्रैल

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • कालहानि06:06 – 07:40
  • शुभशुभ07:40 – 09:15
  • रोगअनिष्ट09:15 – 10:49
  • उद्वेगअशुभ10:49 – 12:24
  • चरसम12:24 – 13:58
  • लाभलाभ13:58 – 15:33
  • अमृतश्रेष्ठ15:33 – 17:07
  • कालहानि17:07 – 18:42
रात
  • लाभलाभ18:42 – 20:07
  • उद्वेगअशुभ20:07 – 21:33
  • शुभशुभ21:33 – 22:58
  • अमृतश्रेष्ठ22:58 – 00:23
  • चरसम00:23 – 01:49
  • रोगअनिष्ट01:49 – 03:14
  • कालहानि03:14 – 04:39
  • लाभलाभ04:39 – 06:05

होरा

दिन
ग्रहसमय
शनि06:06–07:09
गुरु07:09–08:12
मंगल08:12–09:15
सूर्य09:15–10:18
शुक्र10:18–11:21
बुध11:21–12:24
चन्द्र12:24–13:27
शनि13:27–14:30
गुरु14:30–15:33
मंगल15:33–16:36
सूर्य16:36–17:39
शुक्र17:39–18:42
रात
ग्रहसमय
बुध18:42–19:39
चन्द्र19:39–20:36
शनि20:36–21:33
गुरु21:33–22:29
मंगल22:29–23:26
सूर्य23:26–00:23
शुक्र00:23–01:20
बुध01:20–02:17
चन्द्र02:17–03:14
शनि03:14–04:11
गुरु04:11–05:08
मंगल05:08–06:05

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • अश्लेषा 2 पद10:20 तक
  • अश्लेषा 3 पद16:05 तक
  • अश्लेषा 4 पद21:47 तक
  • मघा 1 पद03:26, 7 अप्रैल तक
  • मघा 2 पद09:02, 7 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 2 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 36m
रात्रिमान
11h 23m
मध्याह्न
12:24

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
कर्क · 21:47 तक
वृषभकर्ककन्यातुलामकरकुम्भ
धनु राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
सिंह · अगले सूर्योदय तक
मिथुनसिंहतुलावृश्चिककुम्भमीन
मकर राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
अश्लेषा · 21:47 तक
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
मघा · अगले सूर्योदय तक
भरणीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
पूर्व
चंद्र वास
उत्तर · 21:47 तकपूर्व
अग्निवास
पाताल · 07:29 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 05:34, 7 अप्रैल तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
सभा में · 07:29 तकक्रीड़ा में · 05:34, 7 अप्रैल तककैलाश पर
होमाहुति
शनि

पंचक रहित मुहूर्त

  • अग्नि पंचक06:06 –06:34
  • शुभ मुहूर्त06:34 –07:29
  • मृत्यु पंचक07:29 –08:09
  • अग्नि पंचक08:09 –10:05
  • शुभ मुहूर्त10:05 –12:20
  • राज पंचक12:20 –14:40
  • शुभ मुहूर्त14:40 –16:57
  • चोर पंचक16:57 –19:13
  • शुभ मुहूर्त19:13 –21:33
  • रोग पंचक21:33 –21:47
  • शुभ मुहूर्त21:47 –23:51
  • मृत्यु पंचक23:51 –01:55, 7 अप्रैल
  • अग्नि पंचक01:55 –03:37, 7 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त03:37 –05:05, 7 अप्रैल
  • राज पंचक05:05 –05:34, 7 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त05:34 –06:05, 7 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन05:08 –06:34
  • मेष06:34 –08:09
  • वृषभ08:09 –10:05
  • मिथुन10:05 –12:20
  • कर्क12:20 –14:40
  • सिंह14:40 –16:57
  • कन्या16:57 –19:13
  • तुला19:13 –21:33
  • वृश्चिक21:33 –23:51
  • धनु23:51 –01:55, 7 अप्रैल
  • मकर01:55 –03:37, 7 अप्रैल
  • कुम्भ03:37 –05:05, 7 अप्रैल
  • मीन05:05 –06:30, 7 अप्रैल

पंचांग · नई दिल्ली, 6 अप्रैल 2047

शनिवार, 6 अप्रैल 2047 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:06 और सूर्यास्त 18:42 पर है। तिथि शुक्ल दशमी 07:29 तक, फिर शुक्ल एकादशी; नक्षत्र अश्लेषा 21:47 तक, फिर मघा; योग धृति 12:48 तक, फिर शूल; करण गर 07:29 तक, फिर वणिज। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 09:15–10:49, अभिजित मुहूर्त 11:59–12:49। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2104, शक संवत 1969।

इस दिन के बारे में प्रश्न

नई दिल्ली में 6 अप्रैल 2047 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल दशमी 07:29 तक, फिर शुक्ल एकादशी (सूर्योदय 06:06, नई दिल्ली)।

6 अप्रैल 2047 को कौन सा नक्षत्र है?

अश्लेषा 21:47 तक, फिर मघा। चंद्रमा कर्क राशि में 21:47 तक।

नई दिल्ली में 6 अप्रैल 2047 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 09:15–10:49, यमगण्ड 13:58–15:33, गुलिक काल 06:06–07:40।

नई दिल्ली में 6 अप्रैल 2047 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:06, सूर्यास्त 18:42, चंद्रोदय 14:22 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

6 अप्रैल 2047 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:59–12:49, ब्रह्म मुहूर्त 04:35–05:20। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

6 अप्रैल 2047 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

कामदा एकादशी।

नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2047आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2047मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.5173° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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