पंचांग · गुरुवार, 10 नवंबर 2044नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण षष्ठी01:39, 11 नव॰ तक
- कृष्ण सप्तमी23:33, 11 नव॰ तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु20:11 तक
- पुष्यस्वामी शनि18:42, 11 नव॰ तक
- साध्य13:22 तक
- शुभ10:18, 11 नव॰ तक
- गर14:50 तक
- वणिज01:39, 11 नव॰ तक
- विष्टि12:34, 11 नव॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:40बिंब मध्य 06:44
- सूर्यास्त
- 17:30बिंब मध्य 17:25
- चंद्रोदय
- 22:12
- चंद्रास्त
- 11:40
- दिनमान
- 10h 50m
- वार
- गुरुवार · गुरु
- चंद्र राशि
- मिथुन14:36 तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- कार्तिक
- पूर्णिमांत मास
- मार्गशीर्ष
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2101
- शक संवत
- 1966
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:55 –05:47
- प्रातः संध्या05:21 –06:40
- अभिजित मुहूर्त11:43 –12:27
- विजय मुहूर्त13:53 –14:37
- गोधूलि मुहूर्त17:30 –17:56
- सायाह्न संध्या17:30 –18:49
- निशीथ मुहूर्त23:39 –00:32, 11 नव॰
- अमृत काल17:58 –19:26
- राहु काल13:26 –14:47
- यमगंड06:40 –08:01
- गुलिक काल09:22 –10:44
- दुर्मुहूर्त10:17 –11:00
- दुर्मुहूर्त14:37 –15:20
- वर्ज्य09:05 –10:34
- वर्ज्य03:41 –05:11, 11 नव॰
- भद्रा01:39 –06:41, 11 नव॰
चौघड़िया
- शुभशुभ06:40 – 08:01
- रोगअनिष्ट08:01 – 09:22
- उद्वेगअशुभ09:22 – 10:44
- चरसम10:44 – 12:05
- लाभलाभ12:05 – 13:26
- अमृतश्रेष्ठ13:26 – 14:47
- कालहानि14:47 – 16:09
- शुभशुभ16:09 – 17:30
- अमृतश्रेष्ठ17:30 – 19:09
- चरसम19:09 – 20:48
- रोगअनिष्ट20:48 – 22:26
- कालहानि22:26 – 00:05
- लाभलाभ00:05 – 01:44
- उद्वेगअशुभ01:44 – 03:23
- शुभशुभ03:23 – 05:02
- अमृतश्रेष्ठ05:02 – 06:41
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 06:40–07:34 |
| मंगल | 07:34–08:28 |
| सूर्य | 08:28–09:22 |
| शुक्र | 09:22–10:17 |
| बुध | 10:17–11:11 |
| चन्द्र | 11:11–12:05 |
| शनि | 12:05–12:59 |
| गुरु | 12:59–13:53 |
| मंगल | 13:53–14:47 |
| सूर्य | 14:47–15:42 |
| शुक्र | 15:42–16:36 |
| बुध | 16:36–17:30 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 17:30–18:36 |
| शनि | 18:36–19:42 |
| गुरु | 19:42–20:48 |
| मंगल | 20:48–21:53 |
| सूर्य | 21:53–22:59 |
| शुक्र | 22:59–00:05 |
| बुध | 00:05–01:11 |
| चन्द्र | 01:11–02:17 |
| शनि | 02:17–03:23 |
| गुरु | 03:23–04:29 |
| मंगल | 04:29–05:35 |
| सूर्य | 05:35–06:41 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुनर्वसु 2 पद09:03 तक
- पुनर्वसु 3 पद14:36 तक
- पुनर्वसु 4 पद20:11 तक
- पुष्य 1 पद01:47, 11 नव॰ तक
- पुष्य 2 पद07:24, 11 नव॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- विशाखा 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- हेमंत
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 10h 50m
- रात्रिमान
- 13h 11m
- मध्याह्न
- 12:05
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- दक्षिण
- चंद्र वास
- पश्चिम · 14:36 तकउत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 01:39, 11 नव॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- भोजन में · 01:39, 11 नव॰ तकश्मशान में
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक06:40 –07:13
- शुभ मुहूर्त07:13 –09:31
- चोर पंचक09:31 –11:35
- शुभ मुहूर्त11:35 –13:17
- रोग पंचक13:17 –14:44
- शुभ मुहूर्त14:44 –17:45
- रोग पंचक17:45 –19:41
- शुभ मुहूर्त19:41 –20:11
- मृत्यु पंचक20:11 –21:55
- अग्नि पंचक21:55 –00:16, 11 नव॰
- शुभ मुहूर्त00:16 –01:39, 11 नव॰
- राज पंचक01:39 –02:33, 11 नव॰
- शुभ मुहूर्त02:33 –04:49, 11 नव॰
- चोर पंचक04:49 –06:41, 11 नव॰
उदय लग्न
- तुला04:53 –07:13
- वृश्चिक07:13 –09:31
- धनु09:31 –11:35
- मकर11:35 –13:17
- कुम्भ13:17 –14:44
- मीन14:44 –16:10
- मेष16:10 –17:45
- वृषभ17:45 –19:41
- मिथुन19:41 –21:55
- कर्क21:55 –00:16, 11 नव॰
- सिंह00:16 –02:33, 11 नव॰
- कन्या02:33 –04:49, 11 नव॰
- तुला04:49 –07:09, 11 नव॰
पंचांग · नई दिल्ली, 10 नवंबर 2044
गुरुवार, 10 नवंबर 2044 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:40 और सूर्यास्त 17:30 पर है। तिथि कृष्ण षष्ठी 11 नवंबर 01:39 तक, फिर कृष्ण सप्तमी; नक्षत्र पुनर्वसु 20:11 तक, फिर पुष्य; योग साध्य 13:22 तक, फिर शुभ; करण गर 14:50 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 13:26–14:47, अभिजित मुहूर्त 11:43–12:27। मास मार्गशीर्ष (पूर्णिमांत) / कार्तिक (अमांत), विक्रम संवत 2101, शक संवत 1966।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 10 नवंबर 2044 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण षष्ठी 11 नवंबर 01:39 तक, फिर कृष्ण सप्तमी (सूर्योदय 06:40, नई दिल्ली)।
10 नवंबर 2044 को कौन सा नक्षत्र है?
पुनर्वसु 20:11 तक, फिर पुष्य। चंद्रमा मिथुन राशि में 14:36 तक।
नई दिल्ली में 10 नवंबर 2044 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 13:26–14:47, यमगण्ड 06:40–08:01, गुलिक काल 09:22–10:44।
नई दिल्ली में 10 नवंबर 2044 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:40, सूर्यास्त 17:30, चंद्रोदय 22:12 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
10 नवंबर 2044 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:43–12:27, ब्रह्म मुहूर्त 04:55–05:47। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर नवंबर 2044आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2044मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.4838° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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