पंचांग · बुधवार, 1 अक्टूबर 2042नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण द्वितीया08:42 तक
- कृष्ण तृतीया05:16, 2 अक्टू॰ तक
- कृष्ण चतुर्थी02:13, 3 अक्टू॰ तक
- अश्विनीस्वामी केतु17:48 तक
- भरणीस्वामी शुक्र15:18, 2 अक्टू॰ तक
- व्याघात11:47 तक
- हर्षण07:52, 2 अक्टू॰ तक
- गर08:42 तक
- वणिज18:57 तक
- विष्टि05:16, 2 अक्टू॰ तक
- बव15:41, 2 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:14बिंब मध्य 06:17
- सूर्यास्त
- 18:07बिंब मध्य 18:03
- चंद्रोदय
- 19:26
- चंद्रास्त
- 08:06
- दिनमान
- 11h 53m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- मेष20:45, 2 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- भाद्रपद
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2099
- शक संवत
- 1964
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:37 –05:26
- प्रातः संध्या05:01 –06:14
- अभिजित मुहूर्त11:47 –12:34
- विजय मुहूर्त14:10 –14:57
- गोधूलि मुहूर्त18:07 –18:31
- सायाह्न संध्या18:07 –19:20
- निशीथ मुहूर्त23:47 –00:35, 2 अक्टू॰
- अमृत काल11:26 –12:50
- राहु काल12:11 –13:40
- यमगंड07:43 –09:12
- गुलिक काल10:41 –12:11
- दुर्मुहूर्त11:47 –12:34
- वर्ज्य14:15 –15:40
- वर्ज्य02:24 –03:50, 2 अक्टू॰
- गंड मूल06:14 –17:48
- भद्रा18:57 –05:16, 2 अक्टू॰
चौघड़िया
- लाभलाभ06:14 – 07:43
- अमृतश्रेष्ठ07:43 – 09:12
- कालहानि09:12 – 10:41
- शुभशुभ10:41 – 12:11
- रोगअनिष्ट12:11 – 13:40
- उद्वेगअशुभ13:40 – 15:09
- चरसम15:09 – 16:38
- लाभलाभ16:38 – 18:07
- उद्वेगअशुभ18:07 – 19:38
- शुभशुभ19:38 – 21:09
- अमृतश्रेष्ठ21:09 – 22:40
- चरसम22:40 – 00:11
- रोगअनिष्ट00:11 – 01:42
- कालहानि01:42 – 03:13
- लाभलाभ03:13 – 04:44
- उद्वेगअशुभ04:44 – 06:15
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 06:14–07:13 |
| चन्द्र | 07:13–08:13 |
| शनि | 08:13–09:12 |
| गुरु | 09:12–10:12 |
| मंगल | 10:12–11:11 |
| सूर्य | 11:11–12:11 |
| शुक्र | 12:11–13:10 |
| बुध | 13:10–14:10 |
| चन्द्र | 14:10–15:09 |
| शनि | 15:09–16:08 |
| गुरु | 16:08–17:08 |
| मंगल | 17:08–18:07 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 18:07–19:08 |
| शुक्र | 19:08–20:08 |
| बुध | 20:08–21:09 |
| चन्द्र | 21:09–22:10 |
| शनि | 22:10–23:10 |
| गुरु | 23:10–00:11 |
| मंगल | 00:11–01:12 |
| सूर्य | 01:12–02:12 |
| शुक्र | 02:12–03:13 |
| बुध | 03:13–04:13 |
| चन्द्र | 04:13–05:14 |
| शनि | 05:14–06:15 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- अश्विनी 2 पद07:09 तक
- अश्विनी 3 पद12:28 तक
- अश्विनी 4 पद17:48 तक
- भरणी 1 पद23:08 तक
- भरणी 2 पद04:30, 2 अक्टू॰ तक
- भरणी 3 पद09:53, 2 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 53m
- रात्रिमान
- 12h 8m
- मध्याह्न
- 12:11
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- पूर्व
- अग्निवास
- पाताल · 08:42 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 05:16, 2 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- सभा में · 08:42 तकक्रीड़ा में · 05:16, 2 अक्टू॰ तककैलाश पर
- होमाहुति
- मंगल
पंचक रहित मुहूर्त
- मृत्यु पंचक06:14 –07:32
- अग्नि पंचक07:32 –08:42
- शुभ मुहूर्त08:42 –09:52
- राज पंचक09:52 –12:10
- शुभ मुहूर्त12:10 –14:14
- चोर पंचक14:14 –15:56
- शुभ मुहूर्त15:56 –17:24
- रोग पंचक17:24 –17:48
- शुभ मुहूर्त17:48 –20:24
- रोग पंचक20:24 –22:20
- शुभ मुहूर्त22:20 –00:35, 2 अक्टू॰
- मृत्यु पंचक00:35 –02:55, 2 अक्टू॰
- अग्नि पंचक02:55 –05:12, 2 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त05:12 –05:16, 2 अक्टू॰
- राज पंचक05:16 –06:15, 2 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या05:16 –07:32
- तुला07:32 –09:52
- वृश्चिक09:52 –12:10
- धनु12:10 –14:14
- मकर14:14 –15:56
- कुम्भ15:56 –17:24
- मीन17:24 –18:49
- मेष18:49 –20:24
- वृषभ20:24 –22:20
- मिथुन22:20 –00:35, 2 अक्टू॰
- कर्क00:35 –02:55, 2 अक्टू॰
- सिंह02:55 –05:12, 2 अक्टू॰
- कन्या05:12 –07:28, 2 अक्टू॰
पंचांग · नई दिल्ली, 1 अक्टूबर 2042
बुधवार, 1 अक्टूबर 2042 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:14 और सूर्यास्त 18:07 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 08:42 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र अश्विनी 17:48 तक, फिर भरणी; योग व्याघात 11:47 तक, फिर हर्षण; करण गर 08:42 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मेष राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 12:11–13:40, अभिजित मुहूर्त 11:47–12:34। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2099, शक संवत 1964।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 1 अक्टूबर 2042 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण द्वितीया 08:42 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 06:14, नई दिल्ली)।
1 अक्टूबर 2042 को कौन सा नक्षत्र है?
अश्विनी 17:48 तक, फिर भरणी। चंद्रमा मेष राशि में 2 अक्टूबर 20:45 तक।
नई दिल्ली में 1 अक्टूबर 2042 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 12:11–13:40, यमगण्ड 07:43–09:12, गुलिक काल 10:41–12:11।
नई दिल्ली में 1 अक्टूबर 2042 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:14, सूर्यास्त 18:07, चंद्रोदय 19:26 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
1 अक्टूबर 2042 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:47–12:34, ब्रह्म मुहूर्त 04:37–05:26। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2042आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2042मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.4543° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP