पंचांग · बुधवार, 21 अक्टूबर 2037नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल त्रयोदशी05:39, 22 अक्टू॰ तक
- शुक्ल चतुर्दशी07:59, 23 अक्टू॰ तक
- पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु15:03 तक
- उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि17:59, 22 अक्टू॰ तक
- ध्रुव20:08 तक
- व्याघात20:57, 22 अक्टू॰ तक
- कौलव16:24 तक
- तैतिल05:39, 22 अक्टू॰ तक
- गर18:51, 22 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:26बिंब मध्य 06:29
- सूर्यास्त
- 17:45बिंब मध्य 17:41
- चंद्रोदय
- 16:32
- चंद्रास्त
- 03:44
- दिनमान
- 11h 19m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- कुम्भ08:18 तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2094
- शक संवत
- 1959
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:44 –05:35
- प्रातः संध्या05:10 –06:26
- अभिजित मुहूर्त11:43 –12:28
- विजय मुहूर्त13:59 –14:44
- गोधूलि मुहूर्त17:45 –18:11
- सायाह्न संध्या17:45 –19:02
- निशीथ मुहूर्त23:41 –00:31, 22 अक्टू॰
- अमृत काल06:03 –07:51
- राहु काल12:06 –13:31
- यमगंड07:51 –09:16
- गुलिक काल10:41 –12:06
- दुर्मुहूर्त11:43 –12:28
- वर्ज्य01:49 –03:37, 22 अक्टू॰
चौघड़िया
- लाभलाभ06:26 – 07:51
- अमृतश्रेष्ठ07:51 – 09:16
- कालहानि09:16 – 10:41
- शुभशुभ10:41 – 12:06
- रोगअनिष्ट12:06 – 13:31
- उद्वेगअशुभ13:31 – 14:56
- चरसम14:56 – 16:21
- लाभलाभ16:21 – 17:45
- उद्वेगअशुभ17:45 – 19:21
- शुभशुभ19:21 – 20:56
- अमृतश्रेष्ठ20:56 – 22:31
- चरसम22:31 – 00:06
- रोगअनिष्ट00:06 – 01:41
- कालहानि01:41 – 03:16
- लाभलाभ03:16 – 04:51
- उद्वेगअशुभ04:51 – 06:26
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 06:26–07:22 |
| चन्द्र | 07:22–08:19 |
| शनि | 08:19–09:16 |
| गुरु | 09:16–10:12 |
| मंगल | 10:12–11:09 |
| सूर्य | 11:09–12:06 |
| शुक्र | 12:06–13:02 |
| बुध | 13:02–13:59 |
| चन्द्र | 13:59–14:56 |
| शनि | 14:56–15:52 |
| गुरु | 15:52–16:49 |
| मंगल | 16:49–17:45 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 17:45–18:49 |
| शुक्र | 18:49–19:52 |
| बुध | 19:52–20:56 |
| चन्द्र | 20:56–21:59 |
| शनि | 21:59–23:02 |
| गुरु | 23:02–00:06 |
| मंगल | 00:06–01:09 |
| सूर्य | 01:09–02:13 |
| शुक्र | 02:13–03:16 |
| बुध | 03:16–04:20 |
| चन्द्र | 04:20–05:23 |
| शनि | 05:23–06:26 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्वभाद्रपद 3 पद08:18 तक
- पूर्वभाद्रपद 4 पद15:03 तक
- उत्तरभाद्रपद 1 पद21:48 तक
- उत्तरभाद्रपद 2 पद04:32, 22 अक्टू॰ तक
- उत्तरभाद्रपद 3 पद11:16, 22 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 19m
- रात्रिमान
- 12h 41m
- मध्याह्न
- 12:06
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- पश्चिम · 08:18 तकउत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 05:39, 22 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- नंदी पर · 05:39, 22 अक्टू॰ तकभोजन में
- होमाहुति
- शनि
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक06:26 –08:32
- शुभ मुहूर्त08:32 –10:51
- चोर पंचक10:51 –12:54
- शुभ मुहूर्त12:54 –14:37
- रोग पंचक14:37 –15:03
- शुभ मुहूर्त15:03 –16:04
- मृत्यु पंचक16:04 –17:29
- रोग पंचक17:29 –19:04
- शुभ मुहूर्त19:04 –21:00
- मृत्यु पंचक21:00 –23:15
- अग्नि पंचक23:15 –01:35, 22 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त01:35 –03:52, 22 अक्टू॰
- राज पंचक03:52 –05:39, 22 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त05:39 –06:09, 22 अक्टू॰
- चोर पंचक06:09 –06:26, 22 अक्टू॰
उदय लग्न
- तुला06:13 –08:32
- वृश्चिक08:32 –10:51
- धनु10:51 –12:54
- मकर12:54 –14:37
- कुम्भ14:37 –16:04
- मीन16:04 –17:29
- मेष17:29 –19:04
- वृषभ19:04 –21:00
- मिथुन21:00 –23:15
- कर्क23:15 –01:35, 22 अक्टू॰
- सिंह01:35 –03:52, 22 अक्टू॰
- कन्या03:52 –06:09, 22 अक्टू॰
- तुला06:09 –08:28, 22 अक्टू॰
पंचांग · नई दिल्ली, 21 अक्टूबर 2037
बुधवार, 21 अक्टूबर 2037 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:26 और सूर्यास्त 17:45 पर है। तिथि शुक्ल त्रयोदशी 22 अक्टूबर 05:39 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी; नक्षत्र पूर्वभाद्रपद 15:03 तक, फिर उत्तरभाद्रपद; योग ध्रुव 20:08 तक, फिर व्याघात; करण कौलव 16:24 तक, फिर तैतिल। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 12:06–13:31, अभिजित मुहूर्त 11:43–12:28। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2094, शक संवत 1959।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 21 अक्टूबर 2037 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल त्रयोदशी 22 अक्टूबर 05:39 तक, फिर शुक्ल चतुर्दशी (सूर्योदय 06:26, नई दिल्ली)।
21 अक्टूबर 2037 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्वभाद्रपद 15:03 तक, फिर उत्तरभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 08:18 तक।
नई दिल्ली में 21 अक्टूबर 2037 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 12:06–13:31, यमगण्ड 07:51–09:16, गुलिक काल 10:41–12:06।
नई दिल्ली में 21 अक्टूबर 2037 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:26, सूर्यास्त 17:45, चंद्रोदय 16:32 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
21 अक्टूबर 2037 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:43–12:28, ब्रह्म मुहूर्त 04:44–05:35। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
21 अक्टूबर 2037 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
बुध प्रदोष।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2037आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2037मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3852° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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