पंचांग · बुधवार, 3 नवंबर 2004नई दिल्ली
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण षष्ठी19:55 तक
- कृष्ण सप्तमी22:18, 4 नव॰ तक
- पुनर्वसुस्वामी गुरु03:29, 4 नव॰ तक
- पुष्यस्वामी शनि06:16, 5 नव॰ तक
- साध्य07:24, 4 नव॰ तक
- गर06:40 तक
- वणिज19:55 तक
- विष्टि09:09, 4 नव॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:35बिंब मध्य 06:38
- सूर्यास्त
- 17:35बिंब मध्य 17:30
- चंद्रोदय
- 22:16
- चंद्रास्त
- 12:02
- दिनमान
- 11h 0m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- मिथुन20:46 तक
- सूर्य राशि
- तुला
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2061
- शक संवत
- 1926
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:51 –05:43
- प्रातः संध्या05:17 –06:35
- अभिजित मुहूर्त11:43 –12:27
- विजय मुहूर्त13:55 –14:39
- गोधूलि मुहूर्त17:35 –18:01
- सायाह्न संध्या17:35 –18:53
- निशीथ मुहूर्त23:39 –00:31, 4 नव॰
- अमृत काल00:48 –02:36, 4 नव॰
- राहु काल12:05 –13:27
- यमगंड07:57 –09:20
- गुलिक काल10:42 –12:05
- दुर्मुहूर्त11:43 –12:27
- वर्ज्य14:00 –15:48
- भद्रा19:55 –06:35, 4 नव॰
चौघड़िया
- लाभलाभ06:35 – 07:57
- अमृतश्रेष्ठ07:57 – 09:20
- कालहानि09:20 – 10:42
- शुभशुभ10:42 – 12:05
- रोगअनिष्ट12:05 – 13:27
- उद्वेगअशुभ13:27 – 14:50
- चरसम14:50 – 16:12
- लाभलाभ16:12 – 17:35
- उद्वेगअशुभ17:35 – 19:12
- शुभशुभ19:12 – 20:50
- अमृतश्रेष्ठ20:50 – 22:27
- चरसम22:27 – 00:05
- रोगअनिष्ट00:05 – 01:43
- कालहानि01:43 – 03:20
- लाभलाभ03:20 – 04:58
- उद्वेगअशुभ04:58 – 06:35
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 06:35–07:30 |
| चन्द्र | 07:30–08:25 |
| शनि | 08:25–09:20 |
| गुरु | 09:20–10:15 |
| मंगल | 10:15–11:10 |
| सूर्य | 11:10–12:05 |
| शुक्र | 12:05–13:00 |
| बुध | 13:00–13:55 |
| चन्द्र | 13:55–14:50 |
| शनि | 14:50–15:45 |
| गुरु | 15:45–16:40 |
| मंगल | 16:40–17:35 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 17:35–18:40 |
| शुक्र | 18:40–19:45 |
| बुध | 19:45–20:50 |
| चन्द्र | 20:50–21:55 |
| शनि | 21:55–23:00 |
| गुरु | 23:00–00:05 |
| मंगल | 00:05–01:10 |
| सूर्य | 01:10–02:15 |
| शुक्र | 02:15–03:20 |
| बुध | 03:20–04:25 |
| चन्द्र | 04:25–05:30 |
| शनि | 05:30–06:35 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुनर्वसु 1 पद07:16 तक
- पुनर्वसु 2 पद14:01 तक
- पुनर्वसु 3 पद20:46 तक
- पुनर्वसु 4 पद03:29, 4 नव॰ तक
- पुष्य 1 पद10:13, 4 नव॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- स्वाती 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- हेमंत
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 0m
- रात्रिमान
- 13h 0m
- मध्याह्न
- 12:05
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- पश्चिम · 20:46 तकउत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 19:55 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- भोजन में · 19:55 तकश्मशान में
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:35 –07:39
- राज पंचक07:39 –09:57
- शुभ मुहूर्त09:57 –12:02
- चोर पंचक12:02 –13:44
- शुभ मुहूर्त13:44 –15:12
- रोग पंचक15:12 –16:37
- चोर पंचक16:37 –18:12
- शुभ मुहूर्त18:12 –19:55
- रोग पंचक19:55 –20:07
- शुभ मुहूर्त20:07 –22:22
- मृत्यु पंचक22:22 –00:42, 4 नव॰
- अग्नि पंचक00:42 –02:59, 4 नव॰
- शुभ मुहूर्त02:59 –03:29, 4 नव॰
- राज पंचक03:29 –05:15, 4 नव॰
- शुभ मुहूर्त05:15 –06:35, 4 नव॰
उदय लग्न
- तुला05:19 –07:39
- वृश्चिक07:39 –09:57
- धनु09:57 –12:02
- मकर12:02 –13:44
- कुम्भ13:44 –15:12
- मीन15:12 –16:37
- मेष16:37 –18:12
- वृषभ18:12 –20:07
- मिथुन20:07 –22:22
- कर्क22:22 –00:42, 4 नव॰
- सिंह00:42 –02:59, 4 नव॰
- कन्या02:59 –05:15, 4 नव॰
- तुला05:15 –07:35, 4 नव॰
पंचांग · नई दिल्ली, 3 नवंबर 2004
बुधवार, 3 नवंबर 2004 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:35 और सूर्यास्त 17:35 पर है। तिथि कृष्ण षष्ठी 19:55 तक, फिर कृष्ण सप्तमी; नक्षत्र पुनर्वसु 4 नवंबर 03:29 तक, फिर पुष्य; योग साध्य 4 नवंबर 07:24 तक; करण गर 06:40 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 12:05–13:27, अभिजित मुहूर्त 11:43–12:27। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2061, शक संवत 1926।
इस दिन के बारे में प्रश्न
नई दिल्ली में 3 नवंबर 2004 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण षष्ठी 19:55 तक, फिर कृष्ण सप्तमी (सूर्योदय 06:35, नई दिल्ली)।
3 नवंबर 2004 को कौन सा नक्षत्र है?
पुनर्वसु 4 नवंबर 03:29 तक, फिर पुष्य। चंद्रमा मिथुन राशि में 20:46 तक।
नई दिल्ली में 3 नवंबर 2004 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 12:05–13:27, यमगण्ड 07:57–09:20, गुलिक काल 10:42–12:05।
नई दिल्ली में 3 नवंबर 2004 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:35, सूर्यास्त 17:35, चंद्रोदय 22:16 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
3 नवंबर 2004 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:43–12:27, ब्रह्म मुहूर्त 04:51–05:43। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर नवंबर 2004आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2004मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 23.9247° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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