पंचांग · सोमवार, 4 अक्टूबर 2004नई दिल्ली

भाद्रपद · कृष्ण षष्ठी · विक्रम संवत 2061

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:16सूर्योदय18:04सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण षष्ठी
कृष्ण · 00:00, 5 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
रोहिणी
10:43 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:1618:04
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
07:44 –09:13
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:16दिन18:04
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
गुलिक काल
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:04रात06:16
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
भद्रा
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण षष्ठी
    00:00, 5 अक्टू॰ तक
  2. कृष्ण सप्तमी
    02:27, 6 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. रोहिणीस्वामी चन्द्र
    10:43 तक
  2. मृगशिरास्वामी मंगल
    13:35, 5 अक्टू॰ तक
योग
  1. व्यतीपात
    21:45 तक
  2. वरीयान्
    22:37, 5 अक्टू॰ तक
करण
  1. गर
    10:51 तक
  2. वणिज
    00:00, 5 अक्टू॰ तक
  3. विष्टि
    13:13, 5 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:16
बिंब मध्य 06:19
सूर्यास्त
18:04
बिंब मध्य 17:59
चंद्रोदय
21:48
चंद्रास्त
11:36
दिनमान
11h 48m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
वृषभ
00:08, 5 अक्टू॰ तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
भाद्रपद
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
वर्षा
विक्रम संवत
2061
शक संवत
1926

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:38 –05:27
  • प्रातः संध्या05:03 –06:16
  • अभिजित मुहूर्त11:46 –12:33
  • विजय मुहूर्त14:08 –14:55
  • गोधूलि मुहूर्त18:04 –18:28
  • सायाह्न संध्या18:04 –19:17
  • निशीथ मुहूर्त23:45 –00:34, 5 अक्टू॰
  • अमृत काल07:10 –08:56
  • अमृत काल03:44 –05:32, 5 अक्टू॰
इन समयों से बचें
  • राहु काल07:44 –09:13
  • यमगंड10:41 –12:10
  • गुलिक काल13:38 –15:07
  • दुर्मुहूर्त12:33 –13:20
  • दुर्मुहूर्त14:55 –15:42
  • वर्ज्य16:59 –18:47
  • भद्रा00:00 –06:16, 5 अक्टू॰

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ06:16 – 07:44
  • कालहानि07:44 – 09:13
  • शुभशुभ09:13 – 10:41
  • रोगअनिष्ट10:41 – 12:10
  • उद्वेगअशुभ12:10 – 13:38
  • चरसम13:38 – 15:07
  • लाभलाभ15:07 – 16:35
  • अमृतश्रेष्ठ16:35 – 18:04
रात
  • चरसम18:04 – 19:35
  • रोगअनिष्ट19:35 – 21:07
  • कालहानि21:07 – 22:38
  • लाभलाभ22:38 – 00:10
  • उद्वेगअशुभ00:10 – 01:41
  • शुभशुभ01:41 – 03:13
  • अमृतश्रेष्ठ03:13 – 04:45
  • चरसम04:45 – 06:16

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र06:16–07:15
शनि07:15–08:14
गुरु08:14–09:13
मंगल09:13–10:12
सूर्य10:12–11:11
शुक्र11:11–12:10
बुध12:10–13:09
चन्द्र13:09–14:08
शनि14:08–15:07
गुरु15:07–16:06
मंगल16:06–17:05
सूर्य17:05–18:04
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:04–19:05
बुध19:05–20:06
चन्द्र20:06–21:07
शनि21:07–22:08
गुरु22:08–23:09
मंगल23:09–00:10
सूर्य00:10–01:11
शुक्र01:11–02:12
बुध02:12–03:13
चन्द्र03:13–04:14
शनि04:14–05:15
गुरु05:15–06:16

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • रोहिणी 4 पद10:43 तक
  • मृगशिरा 1 पद17:25 तक
  • मृगशिरा 2 पद00:08, 5 अक्टू॰ तक
  • मृगशिरा 3 पद06:51, 5 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
हस्त 3 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
वर्षा
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
11h 48m
रात्रिमान
12h 12m
मध्याह्न
12:10

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
वृषभ · 00:08, 5 अक्टू॰ तक
वृषभकर्कसिंहवृश्चिकधनुमीन
तुला राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
मिथुन · अगले सूर्योदय तक
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
वृश्चिक राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
रोहिणी · 10:43 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिराआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्रास्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठाशतभिषाउत्तरभाद्रपद
मृगशिरा · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
दक्षिण · 00:08, 5 अक्टू॰ तकपश्चिम
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 00:00, 5 अक्टू॰ तकआकाश
शिववास
भोजन में · 00:00, 5 अक्टू॰ तकश्मशान में
होमाहुति
गुरु

पंचक रहित मुहूर्त

  • चोर पंचक06:16 –07:17
  • शुभ मुहूर्त07:17 –09:37
  • रोग पंचक09:37 –10:43
  • शुभ मुहूर्त10:43 –11:55
  • मृत्यु पंचक11:55 –14:00
  • अग्नि पंचक14:00 –15:42
  • शुभ मुहूर्त15:42 –17:10
  • राज पंचक17:10 –18:35
  • अग्नि पंचक18:35 –20:10
  • शुभ मुहूर्त20:10 –22:05
  • राज पंचक22:05 –00:00, 5 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त00:00 –00:20, 5 अक्टू॰
  • चोर पंचक00:20 –02:40, 5 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त02:40 –04:57, 5 अक्टू॰
  • रोग पंचक04:57 –06:16, 5 अक्टू॰

उदय लग्न

  • कन्या05:01 –07:17
  • तुला07:17 –09:37
  • वृश्चिक09:37 –11:55
  • धनु11:55 –14:00
  • मकर14:00 –15:42
  • कुम्भ15:42 –17:10
  • मीन17:10 –18:35
  • मेष18:35 –20:10
  • वृषभ20:10 –22:05
  • मिथुन22:05 –00:20, 5 अक्टू॰
  • कर्क00:20 –02:40, 5 अक्टू॰
  • सिंह02:40 –04:57, 5 अक्टू॰
  • कन्या04:57 –07:13, 5 अक्टू॰

पंचांग · नई दिल्ली, 4 अक्टूबर 2004

सोमवार, 4 अक्टूबर 2004 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:16 और सूर्यास्त 18:04 पर है। तिथि कृष्ण षष्ठी 5 अक्टूबर 00:00 तक, फिर कृष्ण सप्तमी; नक्षत्र रोहिणी 10:43 तक, फिर मृगशिरा; योग व्यतीपात 21:45 तक, फिर वरीयान्; करण गर 10:51 तक, फिर वणिज। चंद्रमा वृषभ राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 07:44–09:13, अभिजित मुहूर्त 11:46–12:33। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2061, शक संवत 1926।

इस दिन के बारे में प्रश्न

नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2004 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण षष्ठी 5 अक्टूबर 00:00 तक, फिर कृष्ण सप्तमी (सूर्योदय 06:16, नई दिल्ली)।

4 अक्टूबर 2004 को कौन सा नक्षत्र है?

रोहिणी 10:43 तक, फिर मृगशिरा। चंद्रमा वृषभ राशि में 5 अक्टूबर 00:08 तक।

नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2004 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 07:44–09:13, यमगण्ड 10:41–12:10, गुलिक काल 13:38–15:07।

नई दिल्ली में 4 अक्टूबर 2004 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:16, सूर्यास्त 18:04, चंद्रोदय 21:48 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

4 अक्टूबर 2004 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:46–12:33, ब्रह्म मुहूर्त 04:38–05:27। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2004आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2004मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 23.9235° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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