पंचांग · गुरुवार, 8 अप्रैल 2004नई दिल्ली

चैत्र · कृष्ण तृतीया · विक्रम संवत 2061संकष्टी चतुर्थी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:03सूर्योदय18:43सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण तृतीया
कृष्ण · 08:29 तक
नक्षत्र
विशाखा
12:48 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:0318:43
गुरुवार · गुरु
राहु काल
13:58 –15:33
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:03दिन18:43
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
वर्ज्य
भद्रा
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:43रात06:02
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
अमृत काल
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण तृतीया
    08:29 तक
  2. कृष्ण चतुर्थी
    05:40, 9 अप्रैल तक
  3. कृष्ण पंचमी
    02:58, 10 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. विशाखास्वामी गुरु
    12:48 तक
  2. अनुराधास्वामी शनि
    10:47, 9 अप्रैल तक
योग
  1. सिद्धि
    20:42 तक
  2. व्यतीपात
    17:19, 9 अप्रैल तक
करण
  1. विष्टि
    08:29 तक
  2. बव
    19:04 तक
  3. बालव
    05:40, 9 अप्रैल तक
  4. कौलव
    16:17, 9 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:03
बिंब मध्य 06:07
सूर्यास्त
18:43
बिंब मध्य 18:39
चंद्रोदय
22:07
चंद्रास्त
07:54
दिनमान
12h 40m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
तुला
07:19 तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
वैशाख
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2061
शक संवत
1926

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:32 –05:18
  • प्रातः संध्या04:55 –06:03
  • अभिजित मुहूर्त11:58 –12:49
  • विजय मुहूर्त14:30 –15:20
  • गोधूलि मुहूर्त18:43 –19:06
  • सायाह्न संध्या18:43 –19:51
  • निशीथ मुहूर्त00:00 –00:45, 9 अप्रैल
  • अमृत काल04:46 –06:14
  • अमृत काल01:15 –02:43, 9 अप्रैल
इन समयों से बचें
  • राहु काल13:58 –15:33
  • यमगंड06:03 –07:38
  • गुलिक काल09:13 –10:48
  • दुर्मुहूर्त10:17 –11:07
  • दुर्मुहूर्त15:20 –16:11
  • वर्ज्य16:28 –17:56
  • भद्रा06:03 –08:29

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभशुभ06:03 – 07:38
  • रोगअनिष्ट07:38 – 09:13
  • उद्वेगअशुभ09:13 – 10:48
  • चरसम10:48 – 12:23
  • लाभलाभ12:23 – 13:58
  • अमृतश्रेष्ठ13:58 – 15:33
  • कालहानि15:33 – 17:08
  • शुभशुभ17:08 – 18:43
रात
  • अमृतश्रेष्ठ18:43 – 20:08
  • चरसम20:08 – 21:33
  • रोगअनिष्ट21:33 – 22:58
  • कालहानि22:58 – 00:23
  • लाभलाभ00:23 – 01:48
  • उद्वेगअशुभ01:48 – 03:12
  • शुभशुभ03:12 – 04:37
  • अमृतश्रेष्ठ04:37 – 06:02

होरा

दिन
ग्रहसमय
गुरु06:03–07:07
मंगल07:07–08:10
सूर्य08:10–09:13
शुक्र09:13–10:17
बुध10:17–11:20
चन्द्र11:20–12:23
शनि12:23–13:27
गुरु13:27–14:30
मंगल14:30–15:33
सूर्य15:33–16:36
शुक्र16:36–17:40
बुध17:40–18:43
रात
ग्रहसमय
चन्द्र18:43–19:40
शनि19:40–20:36
गुरु20:36–21:33
मंगल21:33–22:29
सूर्य22:29–23:26
शुक्र23:26–00:23
बुध00:23–01:19
चन्द्र01:19–02:16
शनि02:16–03:12
गुरु03:12–04:09
मंगल04:09–05:06
सूर्य05:06–06:02

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • विशाखा 3 पद07:19 तक
  • विशाखा 4 पद12:48 तक
  • अनुराधा 1 पद18:17 तक
  • अनुराधा 2 पद23:47 तक
  • अनुराधा 3 पद05:16, 9 अप्रैल तक
  • अनुराधा 4 पद10:47, 9 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 3 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 40m
रात्रिमान
11h 19m
मध्याह्न
12:23

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
तुला · 07:19 तक
मेषवृषभसिंहतुलाधनुमकर
मीन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
वृश्चिक · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
विशाखा · 12:48 तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
अनुराधा · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
पश्चिम · 07:19 तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 08:29 तकआकाश · 05:40, 9 अप्रैल तकपाताल
शिववास
क्रीड़ा में · 08:29 तककैलाश पर · 05:40, 9 अप्रैल तकनंदी पर
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • चोर पंचक06:03 –06:22
  • राज पंचक06:22 –07:57
  • शुभ मुहूर्त07:57 –08:29
  • चोर पंचक08:29 –09:53
  • शुभ मुहूर्त09:53 –12:07
  • रोग पंचक12:07 –12:48
  • शुभ मुहूर्त12:48 –14:28
  • मृत्यु पंचक14:28 –16:45
  • अग्नि पंचक16:45 –19:01
  • शुभ मुहूर्त19:01 –21:21
  • राज पंचक21:21 –23:39
  • शुभ मुहूर्त23:39 –01:43, 9 अप्रैल
  • चोर पंचक01:43 –03:26, 9 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त03:26 –04:53, 9 अप्रैल
  • रोग पंचक04:53 –05:40, 9 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त05:40 –06:02, 9 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन04:57 –06:22
  • मेष06:22 –07:57
  • वृषभ07:57 –09:53
  • मिथुन09:53 –12:07
  • कर्क12:07 –14:28
  • सिंह14:28 –16:45
  • कन्या16:45 –19:01
  • तुला19:01 –21:21
  • वृश्चिक21:21 –23:39
  • धनु23:39 –01:43, 9 अप्रैल
  • मकर01:43 –03:26, 9 अप्रैल
  • कुम्भ03:26 –04:53, 9 अप्रैल
  • मीन04:53 –06:18, 9 अप्रैल

पंचांग · नई दिल्ली, 8 अप्रैल 2004

गुरुवार, 8 अप्रैल 2004 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:03 और सूर्यास्त 18:43 पर है। तिथि कृष्ण तृतीया 08:29 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी; नक्षत्र विशाखा 12:48 तक, फिर अनुराधा; योग सिद्धि 20:42 तक, फिर व्यतीपात; करण विष्टि 08:29 तक, फिर बव। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 13:58–15:33, अभिजित मुहूर्त 11:58–12:49। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2061, शक संवत 1926।

इस दिन के बारे में प्रश्न

नई दिल्ली में 8 अप्रैल 2004 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण तृतीया 08:29 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी (सूर्योदय 06:03, नई दिल्ली)।

8 अप्रैल 2004 को कौन सा नक्षत्र है?

विशाखा 12:48 तक, फिर अनुराधा। चंद्रमा तुला राशि में 07:19 तक।

नई दिल्ली में 8 अप्रैल 2004 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 13:58–15:33, यमगण्ड 06:03–07:38, गुलिक काल 09:13–10:48।

नई दिल्ली में 8 अप्रैल 2004 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:03, सूर्यास्त 18:43, चंद्रोदय 22:07 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

8 अप्रैल 2004 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:58–12:49, ब्रह्म मुहूर्त 04:32–05:18। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

8 अप्रैल 2004 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

संकष्टी चतुर्थी।

नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2004आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2004मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 23.9167° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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