पंचांग · गुरुवार, 11 मार्च 2004नई दिल्ली

फाल्गुन · कृष्ण पंचमी · विक्रम संवत 2060

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:35सूर्योदय18:27सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण पंचमी
कृष्ण · 19:47 तक
नक्षत्र
स्वाती
07:11 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:3518:27
गुरुवार · गुरु
राहु काल
14:00 –15:29
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:35दिन18:27
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
वर्ज्य
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
राहु काल
09:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:27रात06:34
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

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सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण पंचमी
    19:47 तक
  2. कृष्ण षष्ठी
    17:39, 12 मार्च तक
नक्षत्र
  1. स्वातीस्वामी राहु
    07:11 तक
  2. विशाखास्वामी गुरु
    05:47, 12 मार्च तक
  3. अनुराधास्वामी शनि
    04:23, 13 मार्च तक
योग
  1. व्याघात
    17:22 तक
  2. हर्षण
    14:28, 12 मार्च तक
करण
  1. कौलव
    08:50 तक
  2. तैतिल
    19:47 तक
  3. गर
    06:43, 12 मार्च तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:35
बिंब मध्य 06:39
सूर्यास्त
18:27
बिंब मध्य 18:23
चंद्रोदय
23:10
चंद्रास्त
09:17
दिनमान
11h 52m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
तुला
00:08, 12 मार्च तक
सूर्य राशि
कुम्भ

चांद्र पंचांग

अमांत मास
फाल्गुन
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
शिशिर
विक्रम संवत
2060
शक संवत
1925

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:58 –05:47
  • प्रातः संध्या05:22 –06:35
  • अभिजित मुहूर्त12:08 –12:55
  • विजय मुहूर्त14:30 –15:17
  • गोधूलि मुहूर्त18:27 –18:52
  • सायाह्न संध्या18:27 –19:40
  • निशीथ मुहूर्त00:07 –00:55, 12 मार्च
  • अमृत काल21:30 –23:00
इन समयों से बचें
  • राहु काल14:00 –15:29
  • यमगंड06:35 –08:04
  • गुलिक काल09:33 –11:02
  • दुर्मुहूर्त10:33 –11:20
  • दुर्मुहूर्त15:17 –16:05
  • वर्ज्य12:27 –13:58

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभशुभ06:35 – 08:04
  • रोगअनिष्ट08:04 – 09:33
  • उद्वेगअशुभ09:33 – 11:02
  • चरसम11:02 – 12:31
  • लाभलाभ12:31 – 14:00
  • अमृतश्रेष्ठ14:00 – 15:29
  • कालहानि15:29 – 16:58
  • शुभशुभ16:58 – 18:27
रात
  • अमृतश्रेष्ठ18:27 – 19:58
  • चरसम19:58 – 21:29
  • रोगअनिष्ट21:29 – 23:00
  • कालहानि23:00 – 00:31
  • लाभलाभ00:31 – 02:02
  • उद्वेगअशुभ02:02 – 03:32
  • शुभशुभ03:32 – 05:03
  • अमृतश्रेष्ठ05:03 – 06:34

होरा

दिन
ग्रहसमय
गुरु06:35–07:35
मंगल07:35–08:34
सूर्य08:34–09:33
शुक्र09:33–10:33
बुध10:33–11:32
चन्द्र11:32–12:31
शनि12:31–13:31
गुरु13:31–14:30
मंगल14:30–15:29
सूर्य15:29–16:29
शुक्र16:29–17:28
बुध17:28–18:27
रात
ग्रहसमय
चन्द्र18:27–19:28
शनि19:28–20:29
गुरु20:29–21:29
मंगल21:29–22:30
सूर्य22:30–23:30
शुक्र23:30–00:31
बुध00:31–01:31
चन्द्र01:31–02:32
शनि02:32–03:32
गुरु03:32–04:33
मंगल04:33–05:34
सूर्य05:34–06:34

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • स्वाती 4 पद07:11 तक
  • विशाखा 1 पद12:50 तक
  • विशाखा 2 पद18:29 तक
  • विशाखा 3 पद00:08, 12 मार्च तक
  • विशाखा 4 पद05:47, 12 मार्च तक
  • अनुराधा 1 पद11:26, 12 मार्च तक
सूर्य नक्षत्र
पूर्वभाद्रपद 3 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
शिशिर
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
11h 52m
रात्रिमान
12h 7m
मध्याह्न
12:31

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
तुला · 00:08, 12 मार्च तक
मेषवृषभसिंहतुलाधनुमकर
मीन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
वृश्चिक · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
स्वाती · 07:11 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
विशाखा · 05:47, 12 मार्च तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
अनुराधा · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
पश्चिम · 00:08, 12 मार्च तकउत्तर
अग्निवास
पाताल · 19:47 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
नंदी पर · 19:47 तकभोजन में
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • चोर पंचक06:35 –06:47
  • शुभ मुहूर्त06:47 –07:11
  • रोग पंचक07:11 –08:12
  • चोर पंचक08:12 –09:47
  • शुभ मुहूर्त09:47 –11:43
  • रोग पंचक11:43 –13:57
  • शुभ मुहूर्त13:57 –16:18
  • मृत्यु पंचक16:18 –18:35
  • अग्नि पंचक18:35 –19:47
  • शुभ मुहूर्त19:47 –20:51
  • राज पंचक20:51 –23:11
  • शुभ मुहूर्त23:11 –01:29, 12 मार्च
  • चोर पंचक01:29 –03:33, 12 मार्च
  • शुभ मुहूर्त03:33 –05:16, 12 मार्च
  • रोग पंचक05:16 –05:47, 12 मार्च
  • शुभ मुहूर्त05:47 –06:34, 12 मार्च

उदय लग्न

  • कुम्भ05:20 –06:47
  • मीन06:47 –08:12
  • मेष08:12 –09:47
  • वृषभ09:47 –11:43
  • मिथुन11:43 –13:57
  • कर्क13:57 –16:18
  • सिंह16:18 –18:35
  • कन्या18:35 –20:51
  • तुला20:51 –23:11
  • वृश्चिक23:11 –01:29, 12 मार्च
  • धनु01:29 –03:33, 12 मार्च
  • मकर03:33 –05:16, 12 मार्च
  • कुम्भ05:16 –06:43, 12 मार्च

पंचांग · नई दिल्ली, 11 मार्च 2004

गुरुवार, 11 मार्च 2004 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:35 और सूर्यास्त 18:27 पर है। तिथि कृष्ण पंचमी 19:47 तक, फिर कृष्ण षष्ठी; नक्षत्र स्वाती 07:11 तक, फिर विशाखा; योग व्याघात 17:22 तक, फिर हर्षण; करण कौलव 08:50 तक, फिर तैतिल। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य कुम्भ राशि में। राहुकाल 14:00–15:29, अभिजित मुहूर्त 12:08–12:55। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2060, शक संवत 1925।

इस दिन के बारे में प्रश्न

नई दिल्ली में 11 मार्च 2004 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण पंचमी 19:47 तक, फिर कृष्ण षष्ठी (सूर्योदय 06:35, नई दिल्ली)।

11 मार्च 2004 को कौन सा नक्षत्र है?

स्वाती 07:11 तक, फिर विशाखा। चंद्रमा तुला राशि में 12 मार्च 00:08 तक।

नई दिल्ली में 11 मार्च 2004 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 14:00–15:29, यमगण्ड 06:35–08:04, गुलिक काल 09:33–11:02।

नई दिल्ली में 11 मार्च 2004 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:35, सूर्यास्त 18:27, चंद्रोदय 23:10 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

11 मार्च 2004 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:08–12:55, ब्रह्म मुहूर्त 04:58–05:47। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर मार्च 2004आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2004मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 23.9156° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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