पंचांग · शनिवार, 4 अप्रैल 2026लंदन

चैत्र · कृष्ण तृतीया · विक्रम संवत 2083

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:29सूर्योदय19:39सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण तृतीया
कृष्ण · 07:30, 5 अप्रैल तक
नक्षत्र
स्वाती
17:05 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:2919:39
शनिवार · शनि
राहु काल
09:47 –11:25
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:29दिन19:39
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
गुलिक काल
राहु काल
यमगंड
भद्रा
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
09:0011:0013:0015:0017:0019:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
19:39रात06:27
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
भद्रा
वर्ज्य
22:0000:0002:0004:0006:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

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सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण तृतीया
    07:30, 5 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. स्वातीस्वामी राहु
    17:05 तक
  2. विशाखास्वामी गुरु
    19:37, 5 अप्रैल तक
योग
  1. हर्षण
    09:46 तक
  2. वज्र
    10:13, 5 अप्रैल तक
करण
  1. वणिज
    18:32 तक
  2. विष्टि
    07:30, 5 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:29
बिंब मध्य 06:34
सूर्यास्त
19:39
बिंब मध्य 19:33
चंद्रोदय
23:00
चंद्रास्त
06:49
दिनमान
13h 10m
वार
शनिवार · शनि
चंद्र राशि
तुला
12:57, 5 अप्रैल तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
वैशाख
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2083
शक संवत
1948

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त05:02 –05:46
  • प्रातः संध्या05:24 –06:29
  • अभिजित मुहूर्त12:38 –13:30
  • विजय मुहूर्त15:16 –16:08
  • गोधूलि मुहूर्त19:39 –20:00
  • सायाह्न संध्या19:39 –20:44
  • निशीथ मुहूर्त00:41 –01:24, 5 अप्रैल
  • अमृत काल07:29 –09:14
इन समयों से बचें
  • राहु काल09:47 –11:25
  • यमगंड14:43 –16:21
  • गुलिक काल06:29 –08:08
  • दुर्मुहूर्त06:29 –07:22
  • दुर्मुहूर्त07:22 –08:15
  • वर्ज्य23:17 –01:03, 5 अप्रैल
  • भद्रा18:32 –06:27, 5 अप्रैल

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • कालहानि06:29 – 08:08
  • शुभशुभ08:08 – 09:47
  • रोगअनिष्ट09:47 – 11:25
  • उद्वेगअशुभ11:25 – 13:04
  • चरसम13:04 – 14:43
  • लाभलाभ14:43 – 16:21
  • अमृतश्रेष्ठ16:21 – 18:00
  • कालहानि18:00 – 19:39
रात
  • लाभलाभ19:39 – 21:00
  • उद्वेगअशुभ21:00 – 22:21
  • शुभशुभ22:21 – 23:42
  • अमृतश्रेष्ठ23:42 – 01:03
  • चरसम01:03 – 02:24
  • रोगअनिष्ट02:24 – 03:45
  • कालहानि03:45 – 05:06
  • लाभलाभ05:06 – 06:27

होरा

दिन
ग्रहसमय
शनि06:29–07:35
गुरु07:35–08:41
मंगल08:41–09:47
सूर्य09:47–10:52
शुक्र10:52–11:58
बुध11:58–13:04
चन्द्र13:04–14:10
शनि14:10–15:16
गुरु15:16–16:21
मंगल16:21–17:27
सूर्य17:27–18:33
शुक्र18:33–19:39
रात
ग्रहसमय
बुध19:39–20:33
चन्द्र20:33–21:27
शनि21:27–22:21
गुरु22:21–23:15
मंगल23:15–00:09
सूर्य00:09–01:03
शुक्र01:03–01:57
बुध01:57–02:51
चन्द्र02:51–03:45
शनि03:45–04:39
गुरु04:39–05:33
मंगल05:33–06:27

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • स्वाती 3 पद10:30 तक
  • स्वाती 4 पद17:05 तक
  • विशाखा 1 पद23:41 तक
  • विशाखा 2 पद06:19, 5 अप्रैल तक
  • विशाखा 3 पद12:57, 5 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 2 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
13h 10m
रात्रिमान
10h 48m
मध्याह्न
13:04

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
तुला · अगले सूर्योदय तक
मेषवृषभसिंहतुलाधनुमकर
मीन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
स्वाती · 17:05 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
विशाखा · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
पूर्व
चंद्र वास
पश्चिम
अग्निवास
पाताल
शिववास
क्रीड़ा में
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त06:29 –07:55
  • चोर पंचक07:55 –09:33
  • शुभ मुहूर्त09:33 –11:56
  • रोग पंचक11:56 –14:45
  • शुभ मुहूर्त14:45 –17:05
  • मृत्यु पंचक17:05 –17:35
  • अग्नि पंचक17:35 –20:25
  • शुभ मुहूर्त20:25 –23:16
  • राज पंचक23:16 –01:53, 5 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त01:53 –03:48, 5 अप्रैल
  • चोर पंचक03:48 –05:02, 5 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त05:02 –05:56, 5 अप्रैल
  • रोग पंचक05:56 –06:27, 5 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन06:00 –06:51
  • मेष06:51 –07:55
  • वृषभ07:55 –09:33
  • मिथुन09:33 –11:56
  • कर्क11:56 –14:45
  • सिंह14:45 –17:35
  • कन्या17:35 –20:25
  • तुला20:25 –23:16
  • वृश्चिक23:16 –01:53, 5 अप्रैल
  • धनु01:53 –03:48, 5 अप्रैल
  • मकर03:48 –05:02, 5 अप्रैल
  • कुम्भ05:02 –05:56, 5 अप्रैल
  • मीन05:56 –06:48, 5 अप्रैल

पंचांग · लंदन, 4 अप्रैल 2026

शनिवार, 4 अप्रैल 2026 को लंदन में सूर्योदय 06:29 और सूर्यास्त 19:39 पर है। तिथि कृष्ण तृतीया 5 अप्रैल 07:30 तक; नक्षत्र स्वाती 17:05 तक, फिर विशाखा; योग हर्षण 09:46 तक, फिर वज्र; करण वणिज 18:32 तक, फिर विष्टि। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 09:47–11:25, अभिजित मुहूर्त 12:38–13:30। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2083, शक संवत 1948।

इस दिन के बारे में प्रश्न

लंदन में 4 अप्रैल 2026 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण तृतीया 5 अप्रैल 07:30 तक (सूर्योदय 06:29, लंदन)।

4 अप्रैल 2026 को कौन सा नक्षत्र है?

स्वाती 17:05 तक, फिर विशाखा। चंद्रमा तुला राशि में 5 अप्रैल 12:57 तक।

लंदन में 4 अप्रैल 2026 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 09:47–11:25, यमगण्ड 14:43–16:21, गुलिक काल 06:29–08:08।

लंदन में 4 अप्रैल 2026 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:29, सूर्यास्त 19:39, चंद्रोदय 23:00 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

4 अप्रैल 2026 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:38–13:30, ब्रह्म मुहूर्त 05:02–05:46। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

लंदन हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2026आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2026मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2239° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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