पंचांग · सोमवार, 3 अप्रैल 2028गुरुग्राम

चैत्र · शुक्ल अष्टमी · विक्रम संवत 2085राम नवमी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:09सूर्योदय18:41सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल अष्टमी
शुक्ल · 12:00 तक
नक्षत्र
पुनर्वसु
01:00, 4 अप्रैल तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:0918:41
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
07:43 –09:17
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:09दिन18:41
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
गुलिक काल
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:41रात06:08
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
सायाह्न संध्या
निशीथ मुहूर्त
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल अष्टमी
    12:00 तक
  2. शुक्ल नवमी
    10:07, 4 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. पुनर्वसुस्वामी गुरु
    01:00, 4 अप्रैल तक
  2. पुष्यस्वामी शनि
    23:34, 4 अप्रैल तक
योग
  1. अतिगण्ड
    19:09 तक
  2. सुकर्मा
    16:22, 4 अप्रैल तक
करण
  1. बव
    12:00 तक
  2. बालव
    23:07 तक
  3. कौलव
    10:07, 4 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:09
बिंब मध्य 06:13
सूर्यास्त
18:41
बिंब मध्य 18:37
चंद्रोदय
12:08
चंद्रास्त
01:32
दिनमान
12h 32m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
मिथुन
19:17 तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2085
शक संवत
1950

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:38 –05:24
  • प्रातः संध्या05:01 –06:09
  • अभिजित मुहूर्त12:00 –12:50
  • विजय मुहूर्त14:31 –15:21
  • गोधूलि मुहूर्त18:41 –19:04
  • सायाह्न संध्या18:41 –19:50
  • निशीथ मुहूर्त00:02 –00:48, 4 अप्रैल
  • अमृत काल22:42 –00:14, 4 अप्रैल
इन समयों से बचें
  • राहु काल07:43 –09:17
  • यमगंड10:51 –12:25
  • गुलिक काल13:59 –15:33
  • दुर्मुहूर्त12:50 –13:40
  • दुर्मुहूर्त15:21 –16:11
  • वर्ज्य13:28 –15:00

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ06:09 – 07:43
  • कालहानि07:43 – 09:17
  • शुभशुभ09:17 – 10:51
  • रोगअनिष्ट10:51 – 12:25
  • उद्वेगअशुभ12:25 – 13:59
  • चरसम13:59 – 15:33
  • लाभलाभ15:33 – 17:07
  • अमृतश्रेष्ठ17:07 – 18:41
रात
  • चरसम18:41 – 20:07
  • रोगअनिष्ट20:07 – 21:33
  • कालहानि21:33 – 22:59
  • लाभलाभ22:59 – 00:25
  • उद्वेगअशुभ00:25 – 01:51
  • शुभशुभ01:51 – 03:17
  • अमृतश्रेष्ठ03:17 – 04:42
  • चरसम04:42 – 06:08

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र06:09–07:12
शनि07:12–08:15
गुरु08:15–09:17
मंगल09:17–10:20
सूर्य10:20–11:23
शुक्र11:23–12:25
बुध12:25–13:28
चन्द्र13:28–14:31
शनि14:31–15:33
गुरु15:33–16:36
मंगल16:36–17:38
सूर्य17:38–18:41
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:41–19:38
बुध19:38–20:36
चन्द्र20:36–21:33
शनि21:33–22:30
गुरु22:30–23:27
मंगल23:27–00:25
सूर्य00:25–01:22
शुक्र01:22–02:19
बुध02:19–03:17
चन्द्र03:17–04:14
शनि04:14–05:11
गुरु05:11–06:08

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • पुनर्वसु 1 पद07:45 तक
  • पुनर्वसु 2 पद13:32 तक
  • पुनर्वसु 3 पद19:17 तक
  • पुनर्वसु 4 पद01:00, 4 अप्रैल तक
  • पुष्य 1 पद06:41, 4 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 32m
रात्रिमान
11h 27m
मध्याह्न
12:25

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मिथुन · 19:17 तक
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
वृश्चिक राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
कर्क · अगले सूर्योदय तक
वृषभकर्ककन्यातुलामकरकुम्भ
धनु राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
पुनर्वसु · 01:00, 4 अप्रैल तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
पुष्य · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
पश्चिम · 19:17 तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:00 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
श्मशान में · 12:00 तकगौरी के साथ
होमाहुति
शुक्र

पंचक रहित मुहूर्त

  • अग्नि पंचक06:09 –06:43
  • शुभ मुहूर्त06:43 –08:18
  • मृत्यु पंचक08:18 –10:14
  • अग्नि पंचक10:14 –12:00
  • शुभ मुहूर्त12:00 –12:29
  • राज पंचक12:29 –14:49
  • शुभ मुहूर्त14:49 –17:06
  • चोर पंचक17:06 –19:22
  • शुभ मुहूर्त19:22 –21:41
  • रोग पंचक21:41 –00:00, 4 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त00:00 –01:00, 4 अप्रैल
  • मृत्यु पंचक01:00 –02:04, 4 अप्रैल
  • अग्नि पंचक02:04 –03:46, 4 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त03:46 –05:14, 4 अप्रैल
  • राज पंचक05:14 –06:08, 4 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन05:18 –06:43
  • मेष06:43 –08:18
  • वृषभ08:18 –10:14
  • मिथुन10:14 –12:29
  • कर्क12:29 –14:49
  • सिंह14:49 –17:06
  • कन्या17:06 –19:22
  • तुला19:22 –21:41
  • वृश्चिक21:41 –00:00, 4 अप्रैल
  • धनु00:00 –02:04, 4 अप्रैल
  • मकर02:04 –03:46, 4 अप्रैल
  • कुम्भ03:46 –05:14, 4 अप्रैल
  • मीन05:14 –06:39, 4 अप्रैल

पंचांग · गुरुग्राम, 3 अप्रैल 2028

सोमवार, 3 अप्रैल 2028 को गुरुग्राम में सूर्योदय 06:09 और सूर्यास्त 18:41 पर है। तिथि शुक्ल अष्टमी 12:00 तक, फिर शुक्ल नवमी; नक्षत्र पुनर्वसु 4 अप्रैल 01:00 तक, फिर पुष्य; योग अतिगण्ड 19:09 तक, फिर सुकर्मा; करण बव 12:00 तक, फिर बालव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 07:43–09:17, अभिजित मुहूर्त 12:00–12:50। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2085, शक संवत 1950।

इस दिन के बारे में प्रश्न

गुरुग्राम में 3 अप्रैल 2028 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल अष्टमी 12:00 तक, फिर शुक्ल नवमी (सूर्योदय 06:09, गुरुग्राम)।

3 अप्रैल 2028 को कौन सा नक्षत्र है?

पुनर्वसु 4 अप्रैल 01:00 तक, फिर पुष्य। चंद्रमा मिथुन राशि में 19:17 तक।

गुरुग्राम में 3 अप्रैल 2028 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 07:43–09:17, यमगण्ड 10:51–12:25, गुलिक काल 13:59–15:33।

गुरुग्राम में 3 अप्रैल 2028 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:09, सूर्यास्त 18:41, चंद्रोदय 12:08 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

3 अप्रैल 2028 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:00–12:50, ब्रह्म मुहूर्त 04:38–05:24। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

3 अप्रैल 2028 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

राम नवमी।

गुरुग्राम हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2028आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2028मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2518° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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