पंचांग · सोमवार, 30 सितंबर 2030चेन्नई

आश्विन · शुक्ल तृतीया · विक्रम संवत 2087

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:58सूर्योदय18:00सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल तृतीया
शुक्ल · 08:03 तक
नक्षत्र
स्वाती
10:12 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:5818:00
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
07:28 –08:59
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:58दिन18:00
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
गुलिक काल
वर्ज्य
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:00रात05:58
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
अमृत काल
भद्रा
20:0022:0000:0002:0004:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल तृतीया
    08:03 तक
  2. शुक्ल चतुर्थी
    05:26, 1 अक्टू॰ तक
  3. शुक्ल पंचमी
    02:54, 2 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. स्वातीस्वामी राहु
    10:12 तक
  2. विशाखास्वामी गुरु
    08:21, 1 अक्टू॰ तक
योग
  1. विष्कुम्भ
    02:35, 1 अक्टू॰ तक
  2. प्रीति
    23:23, 1 अक्टू॰ तक
करण
  1. गर
    08:03 तक
  2. वणिज
    18:44 तक
  3. विष्टि
    05:26, 1 अक्टू॰ तक
  4. बव
    16:09, 1 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:58
बिंब मध्य 06:01
सूर्यास्त
18:00
बिंब मध्य 17:56
चंद्रोदय
08:31
चंद्रास्त
20:22
दिनमान
12h 2m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
तुला
02:48, 1 अक्टू॰ तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
आश्विन
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
शरद
विक्रम संवत
2087
शक संवत
1952

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:22 –05:10
  • प्रातः संध्या04:46 –05:58
  • अभिजित मुहूर्त11:35 –12:23
  • विजय मुहूर्त13:59 –14:47
  • गोधूलि मुहूर्त18:00 –18:24
  • सायाह्न संध्या18:00 –19:11
  • निशीथ मुहूर्त23:35 –00:23, 1 अक्टू॰
  • अमृत काल00:13 –01:42, 1 अक्टू॰
इन समयों से बचें
  • राहु काल07:28 –08:59
  • यमगंड10:29 –11:59
  • गुलिक काल13:29 –14:59
  • दुर्मुहूर्त12:23 –13:11
  • दुर्मुहूर्त14:47 –15:35
  • वर्ज्य15:22 –16:50
  • भद्रा18:44 –05:26, 1 अक्टू॰

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ05:58 – 07:28
  • कालहानि07:28 – 08:59
  • शुभशुभ08:59 – 10:29
  • रोगअनिष्ट10:29 – 11:59
  • उद्वेगअशुभ11:59 – 13:29
  • चरसम13:29 – 14:59
  • लाभलाभ14:59 – 16:29
  • अमृतश्रेष्ठ16:29 – 18:00
रात
  • चरसम18:00 – 19:29
  • रोगअनिष्ट19:29 – 20:59
  • कालहानि20:59 – 22:29
  • लाभलाभ22:29 – 23:59
  • उद्वेगअशुभ23:59 – 01:29
  • शुभशुभ01:29 – 02:59
  • अमृतश्रेष्ठ02:59 – 04:28
  • चरसम04:28 – 05:58

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र05:58–06:58
शनि06:58–07:58
गुरु07:58–08:59
मंगल08:59–09:59
सूर्य09:59–10:59
शुक्र10:59–11:59
बुध11:59–12:59
चन्द्र12:59–13:59
शनि13:59–14:59
गुरु14:59–15:59
मंगल15:59–16:59
सूर्य16:59–18:00
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:00–18:59
बुध18:59–19:59
चन्द्र19:59–20:59
शनि20:59–21:59
गुरु21:59–22:59
मंगल22:59–23:59
सूर्य23:59–00:59
शुक्र00:59–01:59
बुध01:59–02:59
चन्द्र02:59–03:58
शनि03:58–04:58
गुरु04:58–05:58

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • स्वाती 4 पद10:12 तक
  • विशाखा 1 पद15:44 तक
  • विशाखा 2 पद21:16 तक
  • विशाखा 3 पद02:48, 1 अक्टू॰ तक
  • विशाखा 4 पद08:21, 1 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
हस्त 1 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
शरद
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
12h 2m
रात्रिमान
11h 58m
मध्याह्न
11:59

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
तुला · 02:48, 1 अक्टू॰ तक
मेषवृषभसिंहतुलाधनुमकर
मीन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
वृश्चिक · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
स्वाती · 10:12 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
विशाखा · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
पश्चिम · 02:48, 1 अक्टू॰ तकउत्तर
अग्निवास
पाताल · 08:03 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 05:26, 1 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
सभा में · 08:03 तकक्रीड़ा में · 05:26, 1 अक्टू॰ तककैलाश पर
होमाहुति
सूर्य

पंचक रहित मुहूर्त

  • रोग पंचक05:58 –07:12
  • शुभ मुहूर्त07:12 –08:03
  • मृत्यु पंचक08:03 –09:19
  • अग्नि पंचक09:19 –10:12
  • शुभ मुहूर्त10:12 –11:30
  • राज पंचक11:30 –13:37
  • शुभ मुहूर्त13:37 –15:31
  • चोर पंचक15:31 –17:12
  • शुभ मुहूर्त17:12 –20:40
  • चोर पंचक20:40 –22:43
  • शुभ मुहूर्त22:43 –00:54, 1 अक्टू॰
  • रोग पंचक00:54 –03:03, 1 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त03:03 –05:06, 1 अक्टू॰
  • मृत्यु पंचक05:06 –05:26, 1 अक्टू॰
  • अग्नि पंचक05:26 –05:58, 1 अक्टू॰

उदय लग्न

  • कन्या05:10 –07:12
  • तुला07:12 –09:19
  • वृश्चिक09:19 –11:30
  • धनु11:30 –13:37
  • मकर13:37 –15:31
  • कुम्भ15:31 –17:12
  • मीन17:12 –18:52
  • मेष18:52 –20:40
  • वृषभ20:40 –22:43
  • मिथुन22:43 –00:54, 1 अक्टू॰
  • कर्क00:54 –03:03, 1 अक्टू॰
  • सिंह03:03 –05:06, 1 अक्टू॰
  • कन्या05:06 –07:08, 1 अक्टू॰

पंचांग · चेन्नई, 30 सितंबर 2030

सोमवार, 30 सितंबर 2030 को चेन्नई में सूर्योदय 05:58 और सूर्यास्त 18:00 पर है। तिथि शुक्ल तृतीया 08:03 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी; नक्षत्र स्वाती 10:12 तक, फिर विशाखा; योग विष्कुम्भ 1 अक्टूबर 02:35 तक, फिर प्रीति; करण गर 08:03 तक, फिर वणिज। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 07:28–08:59, अभिजित मुहूर्त 11:35–12:23। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।

इस दिन के बारे में प्रश्न

चेन्नई में 30 सितंबर 2030 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल तृतीया 08:03 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी (सूर्योदय 05:58, चेन्नई)।

30 सितंबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?

स्वाती 10:12 तक, फिर विशाखा। चंद्रमा तुला राशि में 1 अक्टूबर 02:48 तक।

चेन्नई में 30 सितंबर 2030 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 07:28–08:59, यमगण्ड 10:29–11:59, गुलिक काल 13:29–14:59।

चेन्नई में 30 सितंबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:58, सूर्यास्त 18:00, चंद्रोदय 08:31 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

30 सितंबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:35–12:23, ब्रह्म मुहूर्त 04:22–05:10। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

चेन्नई हिन्दू कैलेंडर सितंबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2866° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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