पंचांग · गुरुवार, 3 अक्टूबर 2024भुवनेश्वर

आश्विन · शुक्ल प्रतिपदा · विक्रम संवत 2081शारदीय नवरात्रि (घटस्थापना)

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:38सूर्योदय17:33सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल प्रतिपदा
शुक्ल · 02:58, 4 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
हस्त
15:32 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:3817:33
गुरुवार · गुरु
राहु काल
13:05 –14:34
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:38दिन17:33
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
17:33रात05:38
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
20:0022:0000:0002:0004:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल प्रतिपदा
    02:58, 4 अक्टू॰ तक
  2. शुक्ल द्वितीया
    05:31, 5 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. हस्तस्वामी चन्द्र
    15:32 तक
  2. चित्रास्वामी मंगल
    18:38, 4 अक्टू॰ तक
योग
  1. इन्द्र
    04:24, 4 अक्टू॰ तक
  2. वैधृति
    05:21, 5 अक्टू॰ तक
करण
  1. किंस्तुघ्न
    13:39 तक
  2. बव
    02:58, 4 अक्टू॰ तक
  3. बालव
    16:16, 4 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:38
बिंब मध्य 05:41
सूर्यास्त
17:33
बिंब मध्य 17:29
चंद्रोदय
05:52
चंद्रास्त
17:50
दिनमान
11h 55m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
कन्या
05:06, 4 अक्टू॰ तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
आश्विन
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
शरद
विक्रम संवत
2081
शक संवत
1946

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:02 –04:50
  • प्रातः संध्या04:26 –05:38
  • अभिजित मुहूर्त11:12 –11:59
  • विजय मुहूर्त13:35 –14:22
  • गोधूलि मुहूर्त17:33 –17:57
  • सायाह्न संध्या17:33 –18:45
  • निशीथ मुहूर्त23:11 –00:00, 4 अक्टू॰
  • अमृत काल08:45 –10:33
इन समयों से बचें
  • राहु काल13:05 –14:34
  • यमगंड05:38 –07:07
  • गुलिक काल08:37 –10:06
  • दुर्मुहूर्त09:36 –10:24
  • दुर्मुहूर्त14:22 –15:10
  • वर्ज्य00:34 –02:22, 4 अक्टू॰

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभशुभ05:38 – 07:07
  • रोगअनिष्ट07:07 – 08:37
  • उद्वेगअशुभ08:37 – 10:06
  • चरसम10:06 – 11:35
  • लाभलाभ11:35 – 13:05
  • अमृतश्रेष्ठ13:05 – 14:34
  • कालहानि14:34 – 16:03
  • शुभशुभ16:03 – 17:33
रात
  • अमृतश्रेष्ठ17:33 – 19:04
  • चरसम19:04 – 20:34
  • रोगअनिष्ट20:34 – 22:05
  • कालहानि22:05 – 23:36
  • लाभलाभ23:36 – 01:06
  • उद्वेगअशुभ01:06 – 02:37
  • शुभशुभ02:37 – 04:08
  • अमृतश्रेष्ठ04:08 – 05:38

होरा

दिन
ग्रहसमय
गुरु05:38–06:38
मंगल06:38–07:37
सूर्य07:37–08:37
शुक्र08:37–09:36
बुध09:36–10:36
चन्द्र10:36–11:35
शनि11:35–12:35
गुरु12:35–13:35
मंगल13:35–14:34
सूर्य14:34–15:34
शुक्र15:34–16:33
बुध16:33–17:33
रात
ग्रहसमय
चन्द्र17:33–18:33
शनि18:33–19:34
गुरु19:34–20:34
मंगल20:34–21:35
सूर्य21:35–22:35
शुक्र22:35–23:36
बुध23:36–00:36
चन्द्र00:36–01:37
शनि01:37–02:37
गुरु02:37–03:37
मंगल03:37–04:38
सूर्य04:38–05:38

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • हस्त 3 पद08:45 तक
  • हस्त 4 पद15:32 तक
  • चित्रा 1 पद22:19 तक
  • चित्रा 2 पद05:06, 4 अक्टू॰ तक
  • चित्रा 3 पद11:52, 4 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
हस्त 2 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
शरद
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
11h 55m
रात्रिमान
12h 5m
मध्याह्न
11:35

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
कन्या · 05:06, 4 अक्टू॰ तक
मेषकर्ककन्यावृश्चिकधनुमीन
कुम्भ राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
तुला · अगले सूर्योदय तक
मेषवृषभसिंहतुलाधनुमकर
मीन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
हस्त · 15:32 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिराआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्रास्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठाशतभिषाउत्तरभाद्रपद
चित्रा · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
दक्षिण · 05:06, 4 अक्टू॰ तकपश्चिम
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 02:58, 4 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
श्मशान में · 02:58, 4 अक्टू॰ तकगौरी के साथ
होमाहुति
सूर्य

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त05:38 –06:41
  • रोग पंचक06:41 –08:53
  • शुभ मुहूर्त08:53 –11:08
  • मृत्यु पंचक11:08 –13:14
  • अग्नि पंचक13:14 –15:02
  • शुभ मुहूर्त15:02 –15:32
  • राज पंचक15:32 –16:38
  • शुभ मुहूर्त16:38 –19:53
  • राज पंचक19:53 –21:53
  • शुभ मुहूर्त21:53 –00:06, 4 अक्टू॰
  • चोर पंचक00:06 –02:20, 4 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त02:20 –02:58, 4 अक्टू॰
  • रोग पंचक02:58 –04:29, 4 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त04:29 –05:38, 4 अक्टू॰

उदय लग्न

  • कन्या04:33 –06:41
  • तुला06:41 –08:53
  • वृश्चिक08:53 –11:08
  • धनु11:08 –13:14
  • मकर13:14 –15:02
  • कुम्भ15:02 –16:38
  • मीन16:38 –18:11
  • मेष18:11 –19:53
  • वृषभ19:53 –21:53
  • मिथुन21:53 –00:06, 4 अक्टू॰
  • कर्क00:06 –02:20, 4 अक्टू॰
  • सिंह02:20 –04:29, 4 अक्टू॰
  • कन्या04:29 –06:37, 4 अक्टू॰

पंचांग · भुवनेश्वर, 3 अक्टूबर 2024

गुरुवार, 3 अक्टूबर 2024 को भुवनेश्वर में सूर्योदय 05:38 और सूर्यास्त 17:33 पर है। तिथि शुक्ल प्रतिपदा 4 अक्टूबर 02:58 तक, फिर शुक्ल द्वितीया; नक्षत्र हस्त 15:32 तक, फिर चित्रा; योग इन्द्र 4 अक्टूबर 04:24 तक, फिर वैधृति; करण किंस्तुघ्न 13:39 तक, फिर बव। चंद्रमा कन्या राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 13:05–14:34, अभिजित मुहूर्त 11:12–11:59। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2081, शक संवत 1946।

इस दिन के बारे में प्रश्न

भुवनेश्वर में 3 अक्टूबर 2024 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल प्रतिपदा 4 अक्टूबर 02:58 तक, फिर शुक्ल द्वितीया (सूर्योदय 05:38, भुवनेश्वर)।

3 अक्टूबर 2024 को कौन सा नक्षत्र है?

हस्त 15:32 तक, फिर चित्रा। चंद्रमा कन्या राशि में 4 अक्टूबर 05:06 तक।

भुवनेश्वर में 3 अक्टूबर 2024 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 13:05–14:34, यमगण्ड 05:38–07:07, गुलिक काल 08:37–10:06।

भुवनेश्वर में 3 अक्टूबर 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:38, सूर्यास्त 17:33, चंद्रोदय 05:52 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

3 अक्टूबर 2024 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:12–11:59, ब्रह्म मुहूर्त 04:02–04:50। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

3 अक्टूबर 2024 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

शारदीय नवरात्रि (घटस्थापना)।

भुवनेश्वर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2024आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2024मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2029° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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