पंचांग · गुरुवार, 6 जुलाई 2023भुवनेश्वर

आषाढ़ · कृष्ण तृतीया · विक्रम संवत 2080संकष्टी चतुर्थी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:12सूर्योदय18:31सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण तृतीया
कृष्ण · 06:30 तक
नक्षत्र
धनिष्ठा
00:25, 7 जुल॰ तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:1218:31
गुरुवार · गुरु
राहु काल
13:31 –15:11
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:12दिन18:31
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
अमृत काल
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
भद्रा
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
06:0008:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:31रात05:12
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
19:0021:0023:0001:0003:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण तृतीया
    06:30 तक
  2. कृष्ण चतुर्थी
    03:13, 7 जुल॰ तक
  3. कृष्ण पंचमी
    00:17, 8 जुल॰ तक
नक्षत्र
  1. धनिष्ठास्वामी मंगल
    00:25, 7 जुल॰ तक
  2. शतभिषास्वामी राहु
    22:16, 7 जुल॰ तक
योग
  1. प्रीति
    00:00, 7 जुल॰ तक
  2. आयुष्मान्
    20:29, 7 जुल॰ तक
करण
  1. विष्टि
    06:30 तक
  2. बव
    16:49 तक
  3. बालव
    03:13, 7 जुल॰ तक
  4. कौलव
    13:42, 7 जुल॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:12
बिंब मध्य 05:15
सूर्यास्त
18:31
बिंब मध्य 18:27
चंद्रोदय
21:25
चंद्रास्त
08:00
दिनमान
13h 19m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
मकर
13:38 तक
सूर्य राशि
मिथुन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
आषाढ़
पूर्णिमांत मास
श्रावण
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
ग्रीष्म
विक्रम संवत
2080
शक संवत
1945

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त03:46 –04:29
  • प्रातः संध्या04:08 –05:12
  • अभिजित मुहूर्त11:25 –12:18
  • विजय मुहूर्त14:05 –14:58
  • गोधूलि मुहूर्त18:31 –18:52
  • सायाह्न संध्या18:31 –19:35
  • निशीथ मुहूर्त23:30 –00:13, 7 जुल॰
  • अमृत काल15:06 –16:32
इन समयों से बचें
  • राहु काल13:31 –15:11
  • यमगंड05:12 –06:52
  • गुलिक काल08:32 –10:11
  • दुर्मुहूर्त09:38 –10:31
  • दुर्मुहूर्त14:58 –15:51
  • वर्ज्य06:31 –07:57
  • भद्रा05:12 –06:30

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभशुभ05:12 – 06:52
  • रोगअनिष्ट06:52 – 08:32
  • उद्वेगअशुभ08:32 – 10:11
  • चरसम10:11 – 11:51
  • लाभलाभ11:51 – 13:31
  • अमृतश्रेष्ठ13:31 – 15:11
  • कालहानि15:11 – 16:51
  • शुभशुभ16:51 – 18:31
रात
  • अमृतश्रेष्ठ18:31 – 19:51
  • चरसम19:51 – 21:11
  • रोगअनिष्ट21:11 – 22:31
  • कालहानि22:31 – 23:52
  • लाभलाभ23:52 – 01:12
  • उद्वेगअशुभ01:12 – 02:32
  • शुभशुभ02:32 – 03:52
  • अमृतश्रेष्ठ03:52 – 05:12

होरा

दिन
ग्रहसमय
गुरु05:12–06:18
मंगल06:18–07:25
सूर्य07:25–08:32
शुक्र08:32–09:38
बुध09:38–10:45
चन्द्र10:45–11:51
शनि11:51–12:58
गुरु12:58–14:05
मंगल14:05–15:11
सूर्य15:11–16:18
शुक्र16:18–17:24
बुध17:24–18:31
रात
ग्रहसमय
चन्द्र18:31–19:24
शनि19:24–20:18
गुरु20:18–21:11
मंगल21:11–22:05
सूर्य22:05–22:58
शुक्र22:58–23:52
बुध23:52–00:45
चन्द्र00:45–01:38
शनि01:38–02:32
गुरु02:32–03:25
मंगल03:25–04:19
सूर्य04:19–05:12

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • धनिष्ठा 1 पद08:17 तक
  • धनिष्ठा 2 पद13:38 तक
  • धनिष्ठा 3 पद19:01 तक
  • धनिष्ठा 4 पद00:25, 7 जुल॰ तक
  • शतभिषा 1 पद05:50, 7 जुल॰ तक
सूर्य नक्षत्र
आर्द्रा 4 पद
ऋतु (दृक्)
वर्षा
ऋतु (वैदिक)
ग्रीष्म
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
13h 19m
रात्रिमान
10h 41m
मध्याह्न
11:51

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मकर · 13:38 तक
मेषकर्कसिंहवृश्चिकमकरमीन
मिथुन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
कुम्भ · अगले सूर्योदय तक
मेषवृषभसिंहकन्याधनुकुम्भ
कर्क राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
धनिष्ठा · 00:25, 7 जुल॰ तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषापूर्वभाद्रपदरेवती
शतभिषा · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
दक्षिण · 13:38 तकपश्चिम
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 06:30 तकआकाश · 03:13, 7 जुल॰ तकपाताल
शिववास
क्रीड़ा में · 06:30 तककैलाश पर · 03:13, 7 जुल॰ तकनंदी पर
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • राज पंचक05:12 –06:02
  • शुभ मुहूर्त06:02 –06:30
  • चोर पंचक06:30 –08:17
  • शुभ मुहूर्त08:17 –10:26
  • रोग पंचक10:26 –12:34
  • शुभ मुहूर्त12:34 –14:46
  • मृत्यु पंचक14:46 –17:01
  • अग्नि पंचक17:01 –19:07
  • शुभ मुहूर्त19:07 –20:55
  • राज पंचक20:55 –22:31
  • शुभ मुहूर्त22:31 –00:25, 7 जुल॰
  • राज पंचक00:25 –01:46, 7 जुल॰
  • शुभ मुहूर्त01:46 –03:13, 7 जुल॰
  • चोर पंचक03:13 –03:46, 7 जुल॰
  • शुभ मुहूर्त03:46 –05:12, 7 जुल॰

उदय लग्न

  • मिथुन03:50 –06:02
  • कर्क06:02 –08:17
  • सिंह08:17 –10:26
  • कन्या10:26 –12:34
  • तुला12:34 –14:46
  • वृश्चिक14:46 –17:01
  • धनु17:01 –19:07
  • मकर19:07 –20:55
  • कुम्भ20:55 –22:31
  • मीन22:31 –00:04, 7 जुल॰
  • मेष00:04 –01:46, 7 जुल॰
  • वृषभ01:46 –03:46, 7 जुल॰
  • मिथुन03:46 –05:59, 7 जुल॰

पंचांग · भुवनेश्वर, 6 जुलाई 2023

गुरुवार, 6 जुलाई 2023 को भुवनेश्वर में सूर्योदय 05:12 और सूर्यास्त 18:31 पर है। तिथि कृष्ण तृतीया 06:30 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी; नक्षत्र धनिष्ठा 7 जुलाई 00:25 तक, फिर शतभिषा; योग प्रीति 7 जुलाई 00:00 तक, फिर आयुष्मान्; करण विष्टि 06:30 तक, फिर बव। चंद्रमा मकर राशि में, सूर्य मिथुन राशि में। राहुकाल 13:31–15:11, अभिजित मुहूर्त 11:25–12:18। मास श्रावण (पूर्णिमांत) / आषाढ़ (अमांत), विक्रम संवत 2080, शक संवत 1945।

इस दिन के बारे में प्रश्न

भुवनेश्वर में 6 जुलाई 2023 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण तृतीया 06:30 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी (सूर्योदय 05:12, भुवनेश्वर)।

6 जुलाई 2023 को कौन सा नक्षत्र है?

धनिष्ठा 7 जुलाई 00:25 तक, फिर शतभिषा। चंद्रमा मकर राशि में 13:38 तक।

भुवनेश्वर में 6 जुलाई 2023 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 13:31–15:11, यमगण्ड 05:12–06:52, गुलिक काल 08:32–10:11।

भुवनेश्वर में 6 जुलाई 2023 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:12, सूर्यास्त 18:31, चंद्रोदय 21:25 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

6 जुलाई 2023 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:25–12:18, ब्रह्म मुहूर्त 03:46–04:29। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

6 जुलाई 2023 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

संकष्टी चतुर्थी।

भुवनेश्वर हिन्दू कैलेंडर जुलाई 2023आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2023मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1855° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP