पंचांग · रविवार, 17 नवंबर 2030बेंगलुरु
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण सप्तमी01:30, 18 नव॰ तक
- कृष्ण अष्टमी02:22, 19 नव॰ तक
- पुष्यस्वामी शनि08:50 तक
- अश्लेषास्वामी बुध10:41, 18 नव॰ तक
- शुक्ल13:55 तक
- ब्रह्मा13:44, 18 नव॰ तक
- विष्टि12:47 तक
- बव01:30, 18 नव॰ तक
- बालव14:02, 18 नव॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:19बिंब मध्य 06:22
- सूर्यास्त
- 17:50बिंब मध्य 17:46
- चंद्रोदय
- 23:40
- चंद्रास्त
- 11:39
- दिनमान
- 11h 31m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- कर्क10:41, 18 नव॰ तक
- सूर्य राशि
- वृश्चिक
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- कार्तिक
- पूर्णिमांत मास
- मार्गशीर्ष
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:39 –05:29
- प्रातः संध्या05:04 –06:19
- अभिजित मुहूर्त11:41 –12:27
- विजय मुहूर्त14:00 –14:46
- गोधूलि मुहूर्त17:50 –18:15
- सायाह्न संध्या17:50 –19:05
- निशीथ मुहूर्त23:40 –00:30, 18 नव॰
- राहु काल16:24 –17:50
- यमगंड12:04 –13:31
- गुलिक काल14:57 –16:24
- दुर्मुहूर्त16:18 –17:04
- वर्ज्य22:37 –00:21, 18 नव॰
- गंड मूल08:50 –06:19, 18 नव॰
- भद्रा06:19 –12:47
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ06:19 – 07:45
- चरसम07:45 – 09:12
- लाभलाभ09:12 – 10:38
- अमृतश्रेष्ठ10:38 – 12:04
- कालहानि12:04 – 13:31
- शुभशुभ13:31 – 14:57
- रोगअनिष्ट14:57 – 16:24
- उद्वेगअशुभ16:24 – 17:50
- शुभशुभ17:50 – 19:24
- अमृतश्रेष्ठ19:24 – 20:57
- चरसम20:57 – 22:31
- रोगअनिष्ट22:31 – 00:05
- कालहानि00:05 – 01:38
- लाभलाभ01:38 – 03:12
- उद्वेगअशुभ03:12 – 04:46
- शुभशुभ04:46 – 06:19
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 06:19–07:17 |
| शुक्र | 07:17–08:14 |
| बुध | 08:14–09:12 |
| चन्द्र | 09:12–10:09 |
| शनि | 10:09–11:07 |
| गुरु | 11:07–12:04 |
| मंगल | 12:04–13:02 |
| सूर्य | 13:02–14:00 |
| शुक्र | 14:00–14:57 |
| बुध | 14:57–15:55 |
| चन्द्र | 15:55–16:52 |
| शनि | 16:52–17:50 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 17:50–18:52 |
| मंगल | 18:52–19:55 |
| सूर्य | 19:55–20:57 |
| शुक्र | 20:57–22:00 |
| बुध | 22:00–23:02 |
| चन्द्र | 23:02–00:05 |
| शनि | 00:05–01:07 |
| गुरु | 01:07–02:10 |
| मंगल | 02:10–03:12 |
| सूर्य | 03:12–04:14 |
| शुक्र | 04:14–05:17 |
| बुध | 05:17–06:19 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुष्य 4 पद08:50 तक
- अश्लेषा 1 पद15:21 तक
- अश्लेषा 2 पद21:50 तक
- अश्लेषा 3 पद04:17, 18 नव॰ तक
- अश्लेषा 4 पद10:41, 18 नव॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- विशाखा 4 पद
- ऋतु (दृक्)
- हेमंत
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 31m
- रात्रिमान
- 12h 29m
- मध्याह्न
- 12:04
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 01:30, 18 नव॰ तकआकाश
- शिववास
- श्मशान में · 01:30, 18 नव॰ तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक06:19 –06:20
- शुभ मुहूर्त06:20 –08:32
- राज पंचक08:32 –08:50
- शुभ मुहूर्त08:50 –10:39
- चोर पंचक10:39 –12:33
- शुभ मुहूर्त12:33 –14:14
- रोग पंचक14:14 –15:54
- चोर पंचक15:54 –17:42
- शुभ मुहूर्त17:42 –19:45
- रोग पंचक19:45 –21:56
- शुभ मुहूर्त21:56 –00:05, 18 नव॰
- मृत्यु पंचक00:05 –01:30, 18 नव॰
- अग्नि पंचक01:30 –02:08, 18 नव॰
- शुभ मुहूर्त02:08 –04:10, 18 नव॰
- राज पंचक04:10 –06:16, 18 नव॰
- शुभ मुहूर्त06:16 –06:19, 18 नव॰
उदय लग्न
- तुला04:14 –06:20
- वृश्चिक06:20 –08:32
- धनु08:32 –10:39
- मकर10:39 –12:33
- कुम्भ12:33 –14:14
- मीन14:14 –15:54
- मेष15:54 –17:42
- वृषभ17:42 –19:45
- मिथुन19:45 –21:56
- कर्क21:56 –00:05, 18 नव॰
- सिंह00:05 –02:08, 18 नव॰
- कन्या02:08 –04:10, 18 नव॰
- तुला04:10 –06:16, 18 नव॰
- वृश्चिक06:16 –08:28, 18 नव॰
पंचांग · बेंगलुरु, 17 नवंबर 2030
रविवार, 17 नवंबर 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय 06:19 और सूर्यास्त 17:50 पर है। तिथि कृष्ण सप्तमी 18 नवंबर 01:30 तक, फिर कृष्ण अष्टमी; नक्षत्र पुष्य 08:50 तक, फिर अश्लेषा; योग शुक्ल 13:55 तक, फिर ब्रह्मा; करण विष्टि 12:47 तक, फिर बव। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य वृश्चिक राशि में। राहुकाल 16:24–17:50, अभिजित मुहूर्त 11:41–12:27। मास मार्गशीर्ष (पूर्णिमांत) / कार्तिक (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
बेंगलुरु में 17 नवंबर 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण सप्तमी 18 नवंबर 01:30 तक, फिर कृष्ण अष्टमी (सूर्योदय 06:19, बेंगलुरु)।
17 नवंबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
पुष्य 08:50 तक, फिर अश्लेषा। चंद्रमा कर्क राशि में 18 नवंबर 10:41 तक।
बेंगलुरु में 17 नवंबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 16:24–17:50, यमगण्ड 12:04–13:31, गुलिक काल 14:57–16:24।
बेंगलुरु में 17 नवंबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:19, सूर्यास्त 17:50, चंद्रोदय 23:40 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
17 नवंबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:41–12:27, ब्रह्म मुहूर्त 04:39–05:29। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
बेंगलुरु हिन्दू कैलेंडर नवंबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2884° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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