पंचांग · मंगलवार, 4 जून 2030अयोध्या

ज्येष्ठ · शुक्ल तृतीया · विक्रम संवत 2087

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:07सूर्योदय18:52सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल तृतीया
शुक्ल · 18:36 तक
नक्षत्र
आर्द्रा
07:18 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:0718:52
मंगलवार · मंगल
राहु काल
15:26 –17:09
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:07दिन18:52
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
गुलिक काल
राहु काल
यमगंड
06:0008:0010:0012:0014:0016:0018:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:52रात05:07
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
दुर्मुहूर्त
21:0023:0001:0003:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल तृतीया
    18:36 तक
  2. शुक्ल चतुर्थी
    20:10, 5 जून तक
नक्षत्र
  1. आर्द्रास्वामी राहु
    07:18 तक
  2. पुनर्वसुस्वामी गुरु
    09:39, 5 जून तक
योग
  1. गण्ड
    14:50 तक
  2. वृद्धि
    15:10, 5 जून तक
करण
  1. तैतिल
    05:40 तक
  2. गर
    18:36 तक
  3. वणिज
    07:27, 5 जून तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:07
बिंब मध्य 05:11
सूर्यास्त
18:52
बिंब मध्य 18:47
चंद्रोदय
07:29
चंद्रास्त
21:18
दिनमान
13h 45m
वार
मंगलवार · मंगल
चंद्र राशि
मिथुन
03:06, 5 जून तक
सूर्य राशि
वृषभ

चांद्र पंचांग

अमांत मास
ज्येष्ठ
पूर्णिमांत मास
ज्येष्ठ
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
ग्रीष्म
विक्रम संवत
2087
शक संवत
1952

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त03:45 –04:26
  • प्रातः संध्या04:06 –05:07
  • अभिजित मुहूर्त11:32 –12:27
  • विजय मुहूर्त14:17 –15:12
  • गोधूलि मुहूर्त18:52 –19:12
  • सायाह्न संध्या18:52 –19:53
  • निशीथ मुहूर्त23:39 –00:20, 5 जून
इन समयों से बचें
  • राहु काल15:26 –17:09
  • यमगंड08:33 –10:17
  • गुलिक काल12:00 –13:43
  • दुर्मुहूर्त07:52 –08:47
  • दुर्मुहूर्त22:58 –23:39
  • वर्ज्य20:29 –22:14

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • रोगअनिष्ट05:07 – 06:50
  • उद्वेगअशुभ06:50 – 08:33
  • चरसम08:33 – 10:17
  • लाभलाभ10:17 – 12:00
  • अमृतश्रेष्ठ12:00 – 13:43
  • कालहानि13:43 – 15:26
  • शुभशुभ15:26 – 17:09
  • रोगअनिष्ट17:09 – 18:52
रात
  • कालहानि18:52 – 20:09
  • लाभलाभ20:09 – 21:26
  • उद्वेगअशुभ21:26 – 22:43
  • शुभशुभ22:43 – 00:00
  • अमृतश्रेष्ठ00:00 – 01:16
  • चरसम01:16 – 02:33
  • रोगअनिष्ट02:33 – 03:50
  • कालहानि03:50 – 05:07

होरा

दिन
ग्रहसमय
मंगल05:07–06:16
सूर्य06:16–07:25
शुक्र07:25–08:33
बुध08:33–09:42
चन्द्र09:42–10:51
शनि10:51–12:00
गुरु12:00–13:08
मंगल13:08–14:17
सूर्य14:17–15:26
शुक्र15:26–16:35
बुध16:35–17:43
चन्द्र17:43–18:52
रात
ग्रहसमय
शनि18:52–19:43
गुरु19:43–20:34
मंगल20:34–21:26
सूर्य21:26–22:17
शुक्र22:17–23:08
बुध23:08–00:00
चन्द्र00:00–00:51
शनि00:51–01:42
गुरु01:42–02:33
मंगल02:33–03:25
सूर्य03:25–04:16
शुक्र04:16–05:07

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • आर्द्रा 4 पद07:18 तक
  • पुनर्वसु 1 पद13:56 तक
  • पुनर्वसु 2 पद20:32 तक
  • पुनर्वसु 3 पद03:06, 5 जून तक
  • पुनर्वसु 4 पद09:39, 5 जून तक
सूर्य नक्षत्र
रोहिणी 3 पद
ऋतु (दृक्)
ग्रीष्म
ऋतु (वैदिक)
ग्रीष्म
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
13h 45m
रात्रिमान
10h 15m
मध्याह्न
12:00

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मिथुन · 03:06, 5 जून तक
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
वृश्चिक राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
कर्क · अगले सूर्योदय तक
वृषभकर्ककन्यातुलामकरकुम्भ
धनु राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
आर्द्रा · 07:18 तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुपुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदउत्तरभाद्रपद
पुनर्वसु · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
पश्चिम
चंद्र वास
पश्चिम · 03:06, 5 जून तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 18:36 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
सभा में · 18:36 तकक्रीड़ा में
होमाहुति
सूर्य

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त05:07 –05:56
  • चोर पंचक05:56 –07:18
  • शुभ मुहूर्त07:18 –08:10
  • रोग पंचक08:10 –10:29
  • शुभ मुहूर्त10:29 –12:44
  • मृत्यु पंचक12:44 –14:58
  • अग्नि पंचक14:58 –17:16
  • शुभ मुहूर्त17:16 –18:36
  • राज पंचक18:36 –19:34
  • शुभ मुहूर्त19:34 –21:38
  • चोर पंचक21:38 –23:22
  • शुभ मुहूर्त23:22 –00:51, 5 जून
  • रोग पंचक00:51 –02:18, 5 जून
  • चोर पंचक02:18 –03:55, 5 जून
  • शुभ मुहूर्त03:55 –05:07, 5 जून

उदय लग्न

  • वृषभ03:59 –05:56
  • मिथुन05:56 –08:10
  • कर्क08:10 –10:29
  • सिंह10:29 –12:44
  • कन्या12:44 –14:58
  • तुला14:58 –17:16
  • वृश्चिक17:16 –19:34
  • धनु19:34 –21:38
  • मकर21:38 –23:22
  • कुम्भ23:22 –00:51, 5 जून
  • मीन00:51 –02:18, 5 जून
  • मेष02:18 –03:55, 5 जून
  • वृषभ03:55 –05:52, 5 जून

पंचांग · अयोध्या, 4 जून 2030

मंगलवार, 4 जून 2030 को अयोध्या में सूर्योदय 05:07 और सूर्यास्त 18:52 पर है। तिथि शुक्ल तृतीया 18:36 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी; नक्षत्र आर्द्रा 07:18 तक, फिर पुनर्वसु; योग गण्ड 14:50 तक, फिर वृद्धि; करण तैतिल 05:40 तक, फिर गर। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य वृषभ राशि में। राहुकाल 15:26–17:09, अभिजित मुहूर्त 11:32–12:27। मास ज्येष्ठ (पूर्णिमांत) / ज्येष्ठ (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।

इस दिन के बारे में प्रश्न

अयोध्या में 4 जून 2030 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल तृतीया 18:36 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी (सूर्योदय 05:07, अयोध्या)।

4 जून 2030 को कौन सा नक्षत्र है?

आर्द्रा 07:18 तक, फिर पुनर्वसु। चंद्रमा मिथुन राशि में 5 जून 03:06 तक।

अयोध्या में 4 जून 2030 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 15:26–17:09, यमगण्ड 08:33–10:17, गुलिक काल 12:00–13:43।

अयोध्या में 4 जून 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:07, सूर्यास्त 18:52, चंद्रोदय 07:29 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

4 जून 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:32–12:27, ब्रह्म मुहूर्त 03:45–04:26। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

अयोध्या हिन्दू कैलेंडर जून 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2821° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP