पंचांग · शुक्रवार, 4 जनवरी 2030अयोध्या
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- अमावस्या08:19 तक
- शुक्ल प्रतिपदा06:09, 5 जन॰ तक
- शुक्ल द्वितीया04:29, 6 जन॰ तक
- पूर्वाषाढ़ास्वामी शुक्र20:22 तक
- उत्तराषाढ़ास्वामी सूर्य19:09, 5 जन॰ तक
- ध्रुव09:52 तक
- व्याघात06:54, 5 जन॰ तक
- नाग08:19 तक
- किंस्तुघ्न19:11 तक
- बव06:09, 5 जन॰ तक
- बालव17:15, 5 जन॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:51बिंब मध्य 06:54
- सूर्यास्त
- 17:22बिंब मध्य 17:17
- चंद्रोदय
- 06:47
- चंद्रास्त
- 17:44
- दिनमान
- 10h 31m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- धनु02:01, 5 जन॰ तक
- सूर्य राशि
- धनु
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- मार्गशीर्ष
- पूर्णिमांत मास
- पौष
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- हेमंत
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त05:03 –05:57
- प्रातः संध्या05:30 –06:51
- अभिजित मुहूर्त11:45 –12:27
- विजय मुहूर्त13:51 –14:33
- गोधूलि मुहूर्त17:22 –17:49
- सायाह्न संध्या17:22 –18:43
- निशीथ मुहूर्त23:39 –00:33, 5 जन॰
- अमृत काल15:54 –17:23
- राहु काल10:47 –12:06
- यमगंड14:44 –16:03
- गुलिक काल08:10 –09:28
- दुर्मुहूर्त08:57 –09:39
- दुर्मुहूर्त12:27 –13:09
- वर्ज्य06:57 –08:27
- वर्ज्य03:58 –05:29, 5 जन॰
चौघड़िया
- चरसम06:51 – 08:10
- लाभलाभ08:10 – 09:28
- अमृतश्रेष्ठ09:28 – 10:47
- कालहानि10:47 – 12:06
- शुभशुभ12:06 – 13:25
- रोगअनिष्ट13:25 – 14:44
- उद्वेगअशुभ14:44 – 16:03
- चरसम16:03 – 17:22
- रोगअनिष्ट17:22 – 19:03
- कालहानि19:03 – 20:44
- लाभलाभ20:44 – 22:25
- उद्वेगअशुभ22:25 – 00:06
- शुभशुभ00:06 – 01:47
- अमृतश्रेष्ठ01:47 – 03:29
- चरसम03:29 – 05:10
- रोगअनिष्ट05:10 – 06:51
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 06:51–07:43 |
| बुध | 07:43–08:36 |
| चन्द्र | 08:36–09:28 |
| शनि | 09:28–10:21 |
| गुरु | 10:21–11:14 |
| मंगल | 11:14–12:06 |
| सूर्य | 12:06–12:59 |
| शुक्र | 12:59–13:51 |
| बुध | 13:51–14:44 |
| चन्द्र | 14:44–15:36 |
| शनि | 15:36–16:29 |
| गुरु | 16:29–17:22 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 17:22–18:29 |
| सूर्य | 18:29–19:36 |
| शुक्र | 19:36–20:44 |
| बुध | 20:44–21:51 |
| चन्द्र | 21:51–22:59 |
| शनि | 22:59–00:06 |
| गुरु | 00:06–01:14 |
| मंगल | 01:14–02:21 |
| सूर्य | 02:21–03:29 |
| शुक्र | 03:29–04:36 |
| बुध | 04:36–05:43 |
| चन्द्र | 05:43–06:51 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्वाषाढ़ा 2 पद09:09 तक
- पूर्वाषाढ़ा 3 पद14:45 तक
- पूर्वाषाढ़ा 4 पद20:22 तक
- उत्तराषाढ़ा 1 पद02:01, 5 जन॰ तक
- उत्तराषाढ़ा 2 पद07:42, 5 जन॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ा 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शिशिर
- ऋतु (वैदिक)
- हेमंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 10h 31m
- रात्रिमान
- 13h 29m
- मध्याह्न
- 12:06
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- पूर्व · 02:01, 5 जन॰ तकदक्षिण
- अग्निवास
- आकाश · 08:19 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 06:09, 5 जन॰ तकआकाश
- शिववास
- गौरी के साथ · 08:19 तकश्मशान में · 06:09, 5 जन॰ तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- सूर्य
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक06:51 –07:36
- शुभ मुहूर्त07:36 –08:19
- मृत्यु पंचक08:19 –09:19
- अग्नि पंचक09:19 –10:49
- शुभ मुहूर्त10:49 –12:16
- मृत्यु पंचक12:16 –13:53
- अग्नि पंचक13:53 –15:49
- शुभ मुहूर्त15:49 –18:03
- राज पंचक18:03 –20:22
- शुभ मुहूर्त20:22 –20:22
- चोर पंचक20:22 –22:38
- शुभ मुहूर्त22:38 –00:52, 5 जन॰
- रोग पंचक00:52 –03:10, 5 जन॰
- शुभ मुहूर्त03:10 –05:28, 5 जन॰
- मृत्यु पंचक05:28 –06:09, 5 जन॰
- अग्नि पंचक06:09 –06:51, 5 जन॰
उदय लग्न
- धनु05:31 –07:36
- मकर07:36 –09:19
- कुम्भ09:19 –10:49
- मीन10:49 –12:16
- मेष12:16 –13:53
- वृषभ13:53 –15:49
- मिथुन15:49 –18:03
- कर्क18:03 –20:22
- सिंह20:22 –22:38
- कन्या22:38 –00:52, 5 जन॰
- तुला00:52 –03:10, 5 जन॰
- वृश्चिक03:10 –05:28, 5 जन॰
- धनु05:28 –07:32, 5 जन॰
पंचांग · अयोध्या, 4 जनवरी 2030
शुक्रवार, 4 जनवरी 2030 को अयोध्या में सूर्योदय 06:51 और सूर्यास्त 17:22 पर है। तिथि अमावस्या 08:19 तक, फिर शुक्ल प्रतिपदा; नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा 20:22 तक, फिर उत्तराषाढ़ा; योग ध्रुव 09:52 तक, फिर व्याघात; करण नाग 08:19 तक, फिर किंस्तुघ्न। चंद्रमा धनु राशि में, सूर्य धनु राशि में। राहुकाल 10:47–12:06, अभिजित मुहूर्त 11:45–12:27। मास पौष (पूर्णिमांत) / मार्गशीर्ष (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।
इस दिन के बारे में प्रश्न
अयोध्या में 4 जनवरी 2030 को कौन सी तिथि है?
अमावस्या 08:19 तक, फिर शुक्ल प्रतिपदा (सूर्योदय 06:51, अयोध्या)।
4 जनवरी 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्वाषाढ़ा 20:22 तक, फिर उत्तराषाढ़ा। चंद्रमा धनु राशि में 5 जनवरी 02:01 तक।
अयोध्या में 4 जनवरी 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:47–12:06, यमगण्ड 14:44–16:03, गुलिक काल 08:10–09:28।
अयोध्या में 4 जनवरी 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:51, सूर्यास्त 17:22, चंद्रोदय 06:47 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 जनवरी 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:45–12:27, ब्रह्म मुहूर्त 05:03–05:57। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
4 जनवरी 2030 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
अमावस्या।
अयोध्या हिन्दू कैलेंडर जनवरी 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2763° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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