गौरी पंचांगम · जम्मू
गुरुवार, 14 अक्टूबर 202706:3317:59
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:33
- धनम्धन06:33 –07:59
- सुगम्शुभ07:59 –09:25
- सोरम्अशुभ09:25 –10:51
- उथिशुभ10:51 –12:16
- अमिर्दाश्रेष्ठ12:16 –13:42
- विषम्अशुभ13:42 –15:08राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट15:08 –16:34
- लाभम्लाभ16:34 –17:59
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:59
- अमिर्दाश्रेष्ठ17:59 –19:34
- विषम्अशुभ19:34 –21:08
- रोगम्अनिष्ट21:08 –22:42
- लाभम्लाभ22:42 –00:17, 15 अक्टू॰
- धनम्धन00:17, 15 अक्टू॰ –01:51, 15 अक्टू॰
- सुगम्शुभ01:51, 15 अक्टू॰ –03:25, 15 अक्टू॰
- सोरम्अशुभ03:25, 15 अक्टू॰ –05:00, 15 अक्टू॰
- उथिशुभ05:00, 15 अक्टू॰ –06:34, 15 अक्टू॰
जम्मू के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जम्मू में 14 अक्टूबर 2027 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:33, सूर्यास्त 17:59।