पंचांग · बुधवार, 14 नवंबर 2040नई दिल्ली

कार्तिक · शुक्ल एकादशी · विक्रम संवत 2097देवउठनी एकादशीप्रबोधिनी (देवउठनी) एकादशी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:43सूर्योदय17:28सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल एकादशी
शुक्ल · 02:43, 15 नव॰ तक
नक्षत्र
पूर्वभाद्रपद
13:53 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:4317:28
बुधवार · बुध
राहु काल
12:05 –13:26
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:43दिन17:28
लाभ
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत काल
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
भद्रा
दुर्मुहूर्त
राहु काल
09:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
17:28रात06:44
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
भद्रा
वर्ज्य
18:0020:0022:0000:0002:0004:0006:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

लग्न कुंडली · अभी

लोड हो रहा है… · हर मिनट अपडेट

पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल एकादशी
    02:43, 15 नव॰ तक
  2. शुक्ल द्वादशी
    01:35, 16 नव॰ तक
नक्षत्र
  1. पूर्वभाद्रपदस्वामी गुरु
    13:53 तक
  2. उत्तरभाद्रपदस्वामी शनि
    13:14, 15 नव॰ तक
योग
  1. हर्षण
    22:18 तक
  2. वज्र
    20:09, 15 नव॰ तक
करण
  1. वणिज
    15:24 तक
  2. विष्टि
    02:43, 15 नव॰ तक
  3. बव
    14:06, 15 नव॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:43
बिंब मध्य 06:47
सूर्यास्त
17:28
बिंब मध्य 17:23
चंद्रोदय
14:56
चंद्रास्त
02:03
दिनमान
10h 45m
वार
बुधवार · बुध
चंद्र राशि
कुम्भ
08:05 तक
सूर्य राशि
तुला

चांद्र पंचांग

अमांत मास
कार्तिक
पूर्णिमांत मास
कार्तिक
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
शरद
विक्रम संवत
2097
शक संवत
1962

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:57 –05:50
  • प्रातः संध्या05:24 –06:43
  • अभिजित मुहूर्त11:44 –12:27
  • विजय मुहूर्त13:53 –14:36
  • गोधूलि मुहूर्त17:28 –17:54
  • सायाह्न संध्या17:28 –18:47
  • निशीथ मुहूर्त23:39 –00:32, 15 नव॰
  • अमृत काल06:11 –07:43
इन समयों से बचें
  • राहु काल12:05 –13:26
  • यमगंड08:04 –09:24
  • गुलिक काल10:45 –12:05
  • दुर्मुहूर्त11:44 –12:27
  • वर्ज्य23:13 –00:46, 15 नव॰
  • भद्रा15:24 –02:43, 15 नव॰

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • लाभलाभ06:43 – 08:04
  • अमृतश्रेष्ठ08:04 – 09:24
  • कालहानि09:24 – 10:45
  • शुभशुभ10:45 – 12:05
  • रोगअनिष्ट12:05 – 13:26
  • उद्वेगअशुभ13:26 – 14:47
  • चरसम14:47 – 16:07
  • लाभलाभ16:07 – 17:28
रात
  • उद्वेगअशुभ17:28 – 19:07
  • शुभशुभ19:07 – 20:47
  • अमृतश्रेष्ठ20:47 – 22:26
  • चरसम22:26 – 00:06
  • रोगअनिष्ट00:06 – 01:45
  • कालहानि01:45 – 03:25
  • लाभलाभ03:25 – 05:04
  • उद्वेगअशुभ05:04 – 06:44

होरा

दिन
ग्रहसमय
बुध06:43–07:37
चन्द्र07:37–08:31
शनि08:31–09:24
गुरु09:24–10:18
मंगल10:18–11:12
सूर्य11:12–12:05
शुक्र12:05–12:59
बुध12:59–13:53
चन्द्र13:53–14:47
शनि14:47–15:40
गुरु15:40–16:34
मंगल16:34–17:28
रात
ग्रहसमय
सूर्य17:28–18:34
शुक्र18:34–19:41
बुध19:41–20:47
चन्द्र20:47–21:53
शनि21:53–23:00
गुरु23:00–00:06
मंगल00:06–01:12
सूर्य01:12–02:19
शुक्र02:19–03:25
बुध03:25–04:31
चन्द्र04:31–05:38
शनि05:38–06:44

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • पूर्वभाद्रपद 3 पद08:05 तक
  • पूर्वभाद्रपद 4 पद13:53 तक
  • उत्तरभाद्रपद 1 पद19:41 तक
  • उत्तरभाद्रपद 2 पद01:31, 15 नव॰ तक
  • उत्तरभाद्रपद 3 पद07:22, 15 नव॰ तक
सूर्य नक्षत्र
विशाखा 3 पद
ऋतु (दृक्)
हेमंत
ऋतु (वैदिक)
शरद
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
10h 45m
रात्रिमान
13h 16m
मध्याह्न
12:05

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
कुम्भ · 08:05 तक
मेषवृषभसिंहकन्याधनुकुम्भ
कर्क राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
मीन · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यातुलामकरमीन
सिंह राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
पूर्वभाद्रपद · 13:53 तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
उत्तरभाद्रपद · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
चंद्र वास
पश्चिम · 08:05 तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 02:43, 15 नव॰ तकआकाश
शिववास
क्रीड़ा में · 02:43, 15 नव॰ तककैलाश पर
होमाहुति
शनि

पंचक रहित मुहूर्त

  • अग्नि पंचक06:43 –06:57
  • शुभ मुहूर्त06:57 –09:15
  • राज पंचक09:15 –11:19
  • शुभ मुहूर्त11:19 –13:01
  • चोर पंचक13:01 –13:53
  • शुभ मुहूर्त13:53 –14:29
  • रोग पंचक14:29 –15:54
  • चोर पंचक15:54 –17:29
  • शुभ मुहूर्त17:29 –19:25
  • रोग पंचक19:25 –21:40
  • शुभ मुहूर्त21:40 –00:00, 15 नव॰
  • मृत्यु पंचक00:00 –02:17, 15 नव॰
  • अग्नि पंचक02:17 –02:43, 15 नव॰
  • शुभ मुहूर्त02:43 –04:33, 15 नव॰
  • राज पंचक04:33 –06:44, 15 नव॰

उदय लग्न

  • तुला04:37 –06:57
  • वृश्चिक06:57 –09:15
  • धनु09:15 –11:19
  • मकर11:19 –13:01
  • कुम्भ13:01 –14:29
  • मीन14:29 –15:54
  • मेष15:54 –17:29
  • वृषभ17:29 –19:25
  • मिथुन19:25 –21:40
  • कर्क21:40 –00:00, 15 नव॰
  • सिंह00:00 –02:17, 15 नव॰
  • कन्या02:17 –04:33, 15 नव॰
  • तुला04:33 –06:53, 15 नव॰

पंचांग · नई दिल्ली, 14 नवंबर 2040

बुधवार, 14 नवंबर 2040 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:43 और सूर्यास्त 17:28 पर है। तिथि शुक्ल एकादशी 15 नवंबर 02:43 तक, फिर शुक्ल द्वादशी; नक्षत्र पूर्वभाद्रपद 13:53 तक, फिर उत्तरभाद्रपद; योग हर्षण 22:18 तक, फिर वज्र; करण वणिज 15:24 तक, फिर विष्टि। चंद्रमा कुम्भ राशि में, सूर्य तुला राशि में। राहुकाल 12:05–13:26, अभिजित मुहूर्त 11:44–12:27। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / कार्तिक (अमांत), विक्रम संवत 2097, शक संवत 1962।

इस दिन के बारे में प्रश्न

नई दिल्ली में 14 नवंबर 2040 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल एकादशी 15 नवंबर 02:43 तक, फिर शुक्ल द्वादशी (सूर्योदय 06:43, नई दिल्ली)।

14 नवंबर 2040 को कौन सा नक्षत्र है?

पूर्वभाद्रपद 13:53 तक, फिर उत्तरभाद्रपद। चंद्रमा कुम्भ राशि में 08:05 तक।

नई दिल्ली में 14 नवंबर 2040 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 12:05–13:26, यमगण्ड 08:04–09:24, गुलिक काल 10:45–12:05।

नई दिल्ली में 14 नवंबर 2040 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:43, सूर्यास्त 17:28, चंद्रोदय 14:56 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

14 नवंबर 2040 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:44–12:27, ब्रह्म मुहूर्त 04:57–05:50। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

14 नवंबर 2040 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

देवउठनी एकादशी, प्रबोधिनी (देवउठनी) एकादशी।

नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर नवंबर 2040आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2040मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.4280° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

आपका डिफ़ॉल्ट स्थान आपके IP पते से अनुमानित है: IP Geolocation by DB-IP