शुभ होरा · भुवनेश्वर
शुक्रवार, 4 सितंबर 202605:3218:00
- होरा: शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद05:32 –06:34
- होरा: बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद06:34 –07:36
- होरा: चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य07:36 –08:39
- होरा: शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें08:39 –09:41
- होरा: गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ09:41 –10:43
- होरा: मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें10:43 –11:46
- होरा: सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि11:46 –12:48
- होरा: शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद12:48 –13:50
- होरा: बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद13:50 –14:53
- होरा: चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य14:53 –15:55
- होरा: शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें15:55 –16:57
- होरा: गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ16:57 –18:00
- होरा: मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें18:00 –18:57
- होरा: सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि18:57 –19:55
- होरा: शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद19:55 –20:53
- होरा: बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद20:53 –21:50
- होरा: चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य21:50 –22:48
- होरा: शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें22:48 –23:46
- होरा: गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ23:46 –00:43, 5 सित॰
- होरा: मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें00:43, 5 सित॰ –01:41, 5 सित॰
- होरा: सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि01:41, 5 सित॰ –02:39, 5 सित॰
- होरा: शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद02:39, 5 सित॰ –03:36, 5 सित॰
- होरा: बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद03:36, 5 सित॰ –04:34, 5 सित॰
- होरा: चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य04:34, 5 सित॰ –05:32, 5 सित॰
भुवनेश्वर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
शुभ होरा
होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।
इस दिन के लिए और
शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर
शुभ होरा क्या है?
होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।
भुवनेश्वर में 4 सितंबर 2026 की शुभ होरा क्या है?
सूर्योदय 05:32 पर पहली होरा शुक्र की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।