गौरी पंचांगम · वाराणसी
सोमवार, 4 सितंबर 202805:4018:14
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:40
- अमिर्दाश्रेष्ठ05:40 –07:14
- विषम्अशुभ07:14 –08:48राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट08:48 –10:23
- लाभम्लाभ10:23 –11:57
- धनम्धन11:57 –13:31
- सुगम्शुभ13:31 –15:05
- सोरम्अशुभ15:05 –16:40
- उथिशुभ16:40 –18:14
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:14
- सुगम्शुभ18:14 –19:40
- सोरम्अशुभ19:40 –21:05
- उथिशुभ21:05 –22:31
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:31 –23:57
- विषम्अशुभ23:57 –01:23, 5 सित॰
- रोगम्अनिष्ट01:23, 5 सित॰ –02:49, 5 सित॰
- लाभम्लाभ02:49, 5 सित॰ –04:15, 5 सित॰
- धनम्धन04:15, 5 सित॰ –05:40, 5 सित॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 4 सितंबर 2028 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:40, सूर्यास्त 18:14।