गौरी पंचांगम · वाराणसी
सोमवार, 17 अप्रैल 202805:3418:22
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:34
- अमिर्दाश्रेष्ठ05:34 –07:10
- विषम्अशुभ07:10 –08:46राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट08:46 –10:22
- लाभम्लाभ10:22 –11:58
- धनम्धन11:58 –13:34
- सुगम्शुभ13:34 –15:10
- सोरम्अशुभ15:10 –16:46
- उथिशुभ16:46 –18:22
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:22
- सुगम्शुभ18:22 –19:46
- सोरम्अशुभ19:46 –21:10
- उथिशुभ21:10 –22:33
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:33 –23:57
- विषम्अशुभ23:57 –01:21, 18 अप्रैल
- रोगम्अनिष्ट01:21, 18 अप्रैल –02:45, 18 अप्रैल
- लाभम्लाभ02:45, 18 अप्रैल –04:09, 18 अप्रैल
- धनम्धन04:09, 18 अप्रैल –05:33, 18 अप्रैल
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 17 अप्रैल 2028 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:34, सूर्यास्त 18:22।