गौरी पंचांगम · वाराणसी
सोमवार, 3 अप्रैल 202805:4718:16
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:47
- अमिर्दाश्रेष्ठ05:47 –07:21
- विषम्अशुभ07:21 –08:54राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट08:54 –10:28
- लाभम्लाभ10:28 –12:01
- धनम्धन12:01 –13:35
- सुगम्शुभ13:35 –15:09
- सोरम्अशुभ15:09 –16:42
- उथिशुभ16:42 –18:16
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:16
- सुगम्शुभ18:16 –19:42
- सोरम्अशुभ19:42 –21:08
- उथिशुभ21:08 –22:35
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:35 –00:01, 4 अप्रैल
- विषम्अशुभ00:01, 4 अप्रैल –01:27, 4 अप्रैल
- रोगम्अनिष्ट01:27, 4 अप्रैल –02:54, 4 अप्रैल
- लाभम्लाभ02:54, 4 अप्रैल –04:20, 4 अप्रैल
- धनम्धन04:20, 4 अप्रैल –05:46, 4 अप्रैल
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 3 अप्रैल 2028 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:47, सूर्यास्त 18:16।