गौरी पंचांगम · वाराणसी
सोमवार, 1 नवंबर 202706:0617:18
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:06
- अमिर्दाश्रेष्ठ06:06 –07:30
- विषम्अशुभ07:30 –08:54राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट08:54 –10:18
- लाभम्लाभ10:18 –11:42
- धनम्धन11:42 –13:06
- सुगम्शुभ13:06 –14:30
- सोरम्अशुभ14:30 –15:54
- उथिशुभ15:54 –17:18
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:18
- सुगम्शुभ17:18 –18:54
- सोरम्अशुभ18:54 –20:30
- उथिशुभ20:30 –22:06
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:06 –23:42
- विषम्अशुभ23:42 –01:18, 2 नव॰
- रोगम्अनिष्ट01:18, 2 नव॰ –02:54, 2 नव॰
- लाभम्लाभ02:54, 2 नव॰ –04:30, 2 नव॰
- धनम्धन04:30, 2 नव॰ –06:06, 2 नव॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 1 नवंबर 2027 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:06, सूर्यास्त 17:18।